PATNA : राज्यसभा चुनाव के लिए नामांकन करने का दावा करने वाले कन्हैया कुमार के करीबी शाह रजा ने आखिरकार कदम पीछे खींच लिया है. नामांकन पत्र विधानसभा से लेने के बावजूद शाह रजा आज उसे दाखिल करने नहीं पहुंचे. फर्स्ट बिहार झारखंड ने जब शाह रजा से उनके नामांकन को लेकर जानकारी हासिल की तो उन्होंने ओवैसी के एकमात्र विधायक पर धोखा देने का आरोप लगा डाला.


निर्दलीय उम्मीदवार के तौर पर नामांकन करने का दावा करने वाले शाह रजा का कहना है कि किशनगंज से ओवैसी की पार्टी के विधायक कमरुल होदा ने उन्हें भरोसा दिया था कि प्रस्तावक के तौर पर 10 विधायकों का जुगाड़ कर लेंगे. शाह रजा को ये भी भरोसा दिलाया गया था कि राज्यसभा चुनाव में कई विधायक उनके पक्ष में वोट करेंगे, लेकिन ऐन मौके पर ओवैसी के विधायक ने कन्हैया के करीबी को मात दे दी.


राज्यसभा के लिए निर्दलीय उम्मीदवार के तौर पर नामांकन नहीं किए जाने के बाद शाह रजा अपनी सफाई में चाहे जो कुछ कहें लेकिन इसके अलावे फर्स्ट बिहार झारखंड को जो जानकारी मिली है उसके मुताबिक शाह के खिलाफ पटना के कई थानों में आधा दर्जन मामले दर्ज हैं. कई मामलों में शाहजहां ने जमानत तक नहीं ली है. संभव है कि अपने खिलाफ इन केसों की वजह से भी शाह राजा ने नामांकन से पीछे हटने का फैसला किया है. हालांकि उन्होंने कहा है कि वह आज शाम पूरे मामले पर मीडिया के सामने जानकारी देंगे. सूत्रों से मिली जानकारी के मुताबिक शाह रजा के खिलाफ पटना के शास्त्री नगर थाने में 8 मामले दर्ज हैं. जबकि जक्कनपुर थाने में भी एक मामला दर्ज है.