बिहार में बिजली का नया नियम लागू: दिन में सस्ती, शाम को महंगी… जानिए कब करें ज्यादा इस्तेमाल बिहार में LPG सिलेंडर बनी हत्या की वजह, गैस लाने को कहा तो पति ने प्रेग्नेंट पत्नी की पीट-पीटकर ले ली जान JEE Main 2026: देर हुई तो एंट्री बंद, क्या पहनें–क्या ले जाएं… जान लें हर नियम, वरना छूट सकता है एग्जाम पटना में डॉक्टर से मांगी 10 लाख रुपये की रंगदारी, पैसे नहीं देने पर जान से मारने की धमकी पटना में डॉक्टर से मांगी 10 लाख रुपये की रंगदारी, पैसे नहीं देने पर जान से मारने की धमकी चलती बाइक में अचानक धमाका… देखते ही देखते धधक उठी आग, युवक ने कूदकर बचाई जान पटना पहुंचा BSRTC का 32 नई डीलक्स बसों का बेड़ा, दिल्ली समेत इन राज्यों की यात्रा होगी आसान पटना पहुंचा BSRTC का 32 नई डीलक्स बसों का बेड़ा, दिल्ली समेत इन राज्यों की यात्रा होगी आसान बिहार का अगला मुख्यमंत्री कौन होगा? इस दिन तक हो जाएगा क्लियर, मनोज तिवारी ने दिया बड़ा अपडेट बिहार में आज से फिर गरजेगा बुलडोजर: अतिक्रमण के खिलाफ शुरू होगा महा-अभियान, सरकार ने सभी DM को जारी किया आदेश
10-Sep-2023 10:26 PM
By First Bihar
PATNA: पूर्व उपमुख्यमंत्री एवं राज्यसभा सांसद सुशील कुमार मोदी ने कहा कि जी-20 सम्मेलन के अवसर पर राष्ट्रपति के रात्रिभोज में शामिल होकर मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने घरेलू राजनीति को परे रखा, लेकिन उनकी सरकार के मंत्री और पार्टी प्रवक्ताओं ने भारत की बड़ी कूटनीतिक सफलता पर ओछे बयान देकर वैश्विक मुद्दों पर अपनी नासमझी और दुर्भावना ही प्रकट की ।
सुशील मोदी ने कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे को आमंत्रित न किये जाने पर कहा कि जब देश की सबसे बड़ी और सत्तारूढ पार्टी भाजपा सहित किसी दल के अध्यक्ष को आमंत्रण नहीं था, तब कांग्रेस क्यों मुँह फुलाये बैठी रही?
उन्होंने कहा कि कांग्रेस भाजपा-विरोध की सनक में भारत-विरोधी हो गई है, इसलिए पार्टी पूर्व अध्यक्ष ने ठीक सम्मेलन के समय विदेश जाकर आयोजन की आलोचना की और उनके अधिकतर मुख्यमंत्रियों ने जी-20 का बहिष्कार किया। वे आमंत्रण के बाद भी रात्रिभोज में शामिल नहीं हुए ताकि सोनिया गाँधी नाराज न हो जाएँ। सुशील मोदी ने भारत मंडपम् में प्राचीन नालंदा विश्वविद्यालय की प्रतिकृति और मधुबनी पेंटिंग को स्थान देकर बिहार की ब्रांडिग करने के लिए केंद्र सरकार के प्रति आभार प्रकट किया।
उन्होने जी-20 देशों के सफल-सार्थक सम्मेलन के लिए प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को बधाई दी और कहा कि यूक्रेन-रूस टकराव, पर्यावरण संकट और आतंकवाद की चुनौतियों के बीच अमेरिका, रूस, चीन सहित दुनिया की 20 बड़ी अर्थव्यवस्थाओं के बीच सहमति बनाना इसकी बड़ी उपलब्धि थी। कांग्रेस इसे पचा नहीं पायी, इसलिए उसने इस सम्मेलन से दूरी बनाकर कर अपनी हताशा प्रकट की।