RANCHI: झारखंड की राजधानी रांची से विदेश में नौकरी के नाम पर कथित धोखाधड़ी और बंधक बनाए जाने का मामला सामने आया है। छोटा घाघरा निवासी मोनिका कच्छप के पिता ने आरोप लगाया है कि उनकी बेटी को अच्छी नौकरी और बेहतर वेतन का झांसा देकर दलालों ने दुबई भेजा, जहां उसका पासपोर्ट जब्त कर उससे ऑफिस के बजाय घर में चौका बर्तन कराया जा रहा है और बंधक बनाकर प्रताड़ित किया जा रहा है।
पीड़िता के पिता रतना कच्छप ने रांची के एयरपोर्ट थाने में शिकायत दर्ज कराकर बेटी को दुबई से सुरक्षित वापस लाने की गुहार लगाई है। पुलिस ने मामले में कथित एजेंट प्रियंका, रितेश और मोहम्मद मेराज अंसारी के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज की है। उन्होंने विदेश मंत्रालय से बेटी की सकुशल घर वापसी की गुहार लगाई है।
अच्छी नौकरी का दिया था झांसा
पिता ने बताय कि रोजगार की तलाश के दौरान मोनिका का संपर्क ऑनलाइन माध्यम से एएमडी ट्रेड सॉल्यूशन से जुड़े कथित एजेंटों से हुआ। आरोप है कि एजेंटों ने UAE में अच्छी सैलरी के साथ मुफ्त भोजन और रहने की सुविधा देने का भरोसा दिया था। इसके बाद मोनिका ने प्रोसेसिंग चार्ज के तौर पर प्रियंका को 15 हजार रुपये भेजे। कागजी प्रक्रिया पूरी होने के बाद 5 मई को मोनिका दिल्ली एयरपोर्ट से शारजाह के लिए रवाना हुईं। परिजनों का आरोप है कि 6 मई की सुबह शारजाह पहुंचने पर कंपनी के ड्राइवर ने उनका पासपोर्ट अपने कब्जे में ले लिया।
अरबी दस्तावेजों पर जबरन हस्ताक्षर कराने का आरोप
पिता ने बताया कि 6 मई से बेटी दुबई पहुंची थी और अगले दिन 7 मई को मोनिका को दुबई के अजमान स्थित एक मॉल ले जाया गया। आरोप है कि वहां अरबी भाषा में लिखे दस्तावेजों पर जबरन उनके हस्ताक्षर और अंगूठे के निशान लिए गए तथा मोबाइल फोन भी ले लिया गया। इसके बाद उन्हें एक घर में बुजुर्ग की देखभाल के काम के लिए भेजा गया। परिवार का आरोप है कि वहां उनसे घरेलू काम भी कराया जाता था और इस दौरान उनके साथ मारपीट तथा शारीरिक और मानसिक प्रताड़ना की गई।
12,600 दिरहम का लोन बताकर धमकी देने का आरोप
मोनिका ने कथित तौर पर भारत वापस आने की इच्छा जताई तो एजेंटों ने उन पर 12,600 दिरहम का लोन होने की बात कही। आरोप है कि रकम नहीं चुकाने पर भारत नहीं जाने देने और जेल भेजने की धमकी दी गई। किसी तरह मोनिका ने अपने परिजनों से संपर्क कर पूरी घटना की जानकारी दी। इसके बाद परिवार ने पुलिस से मदद की गुहार लगाई।
पुलिस ने भारतीय दूतावास से किया संपर्क
बेटी की जानकारी मिलने के बाद पिता रतना कच्छप ने एयरपोर्ट थाने में लिखित शिकायत दी। पुलिस ने मामले में धोखाधड़ी, मानव तस्करी और बंधक बनाने समेत संबंधित धाराओं के तहत प्राथमिकी दर्ज की है।
परिजनों ने विदेश मंत्रालय (MEA) से मोनिका को सुरक्षित वापस भारत लाने की अपील की है। वहीं, पुलिस ने भारतीय दूतावास से संपर्क कर मामले में कानूनी प्रक्रिया शुरू करने की बात कही है। पुलिस कथित एजेंटों की भूमिका और विदेश में नौकरी के नाम पर चल रहे नेटवर्क की भी जांच कर रही है।