Petrol Diesel Price Hike : देशभर में पेट्रोल और डीजल की कीमतों में शुक्रवार को बड़ा इजाफा कर दिया गया। सरकारी तेल कंपनियों ने पेट्रोल के दाम में ₹3.14 प्रति लीटर और डीजल में ₹3.11 प्रति लीटर की बढ़ोतरी की है। नई कीमतें शुक्रवार सुबह 6 बजे से लागू हो गईं। इसके बाद राजधानी दिल्ली में पेट्रोल की कीमत करीब ₹97.77 प्रति लीटर और डीजल ₹90.67 प्रति लीटर पहुंच गया है। करीब चार साल बाद पेट्रोल और डीजल की खुदरा कीमतों में इतना बड़ा बदलाव देखने को मिला है।


तेल कंपनियों की ओर से दाम बढ़ाए जाने के बाद आम लोगों की जेब पर सीधा असर पड़ेगा। निजी वाहन चलाने वालों के साथ-साथ ट्रांसपोर्ट सेक्टर, बस सेवा और माल ढुलाई की लागत भी बढ़ने की संभावना जताई जा रही है। माना जा रहा है कि आने वाले दिनों में कई जरूरी वस्तुओं की कीमतों पर भी इसका असर दिख सकता है।


दरअसल, अंतरराष्ट्रीय बाजार में कच्चे तेल की कीमतों में लगातार उतार-चढ़ाव देखने को मिल रहा था। इसके अलावा डॉलर के मुकाबले रुपये की कमजोरी और तेल कंपनियों पर बढ़ते दबाव को देखते हुए लंबे समय से कीमत बढ़ोतरी की चर्चा चल रही थी। इससे पहले केंद्रीय पेट्रोलियम मंत्री Hardeep Singh Puri ने भी संकेत दिए थे कि तेल कंपनियों को घाटे से बचाने के लिए कीमतों में संशोधन किया जा सकता है। उनके बयान के बाद ही बाजार में पेट्रोल-डीजल महंगे होने की अटकलें तेज हो गई थीं।


नई कीमत लागू होने के बाद कई शहरों में पेट्रोल 100 रुपये प्रति लीटर के करीब पहुंच गया है। मुंबई, चेन्नई और कोलकाता जैसे महानगरों में पहले से ही टैक्स अधिक होने के कारण कीमतें और ज्यादा देखने को मिल रही हैं। बिहार, राजस्थान, मध्य प्रदेश और महाराष्ट्र के कई जिलों में पेट्रोल 100 रुपये के पार पहुंचने की संभावना जताई जा रही है।


विशेषज्ञों का मानना है कि पेट्रोल-डीजल महंगा होने से महंगाई दर पर भी असर पड़ सकता है। परिवहन खर्च बढ़ने से फल, सब्जी, दूध, अनाज और अन्य रोजमर्रा की चीजों की कीमतों में धीरे-धीरे बढ़ोतरी हो सकती है। वहीं, ऑटो और कैब चालकों के लिए भी यह फैसला चिंता बढ़ाने वाला माना जा रहा है।


हालांकि, तेल कंपनियों का कहना है कि अंतरराष्ट्रीय बाजार की स्थिति और कच्चे तेल की कीमतों को देखते हुए यह फैसला लिया गया है। कंपनियों का तर्क है कि लंबे समय से कीमतों में कोई बड़ा बदलाव नहीं किया गया था, जबकि वैश्विक स्तर पर तेल बाजार में लगातार दबाव बना हुआ था।


दाम बढ़ने के बाद सोशल मीडिया पर भी लोगों की प्रतिक्रियाएं सामने आने लगी हैं। कई लोगों ने बढ़ती महंगाई को लेकर चिंता जताई, जबकि विपक्षी दलों ने सरकार को घेरना शुरू कर दिया है। आने वाले दिनों में इस मुद्दे पर राजनीतिक बहस भी तेज होने की संभावना है।


ऐसे में वाहन चालकों को सलाह दी जा रही है कि वे अपने शहर के ताजा पेट्रोल-डीजल रेट जरूर चेक कर लें, क्योंकि अलग-अलग राज्यों में वैट और स्थानीय टैक्स के कारण कीमतों में अंतर हो सकता है।