ब्रेकिंग न्यूज़

बिहार में सनसनीखेज वारदात… पति और सौतेली मां ने रची खौफनाक साजिश, फांसी पर लटकाने की कोशिश; बच्चों की बहादुरी से बची मां की जान पटना में डॉक्टर से 10 लाख की रंगदारी मांगने वाला गिरफ्तार, पैसे नहीं देने पर हत्या की दी थी धमकी पटना में डॉक्टर से 10 लाख की रंगदारी मांगने वाला गिरफ्तार, पैसे नहीं देने पर हत्या की दी थी धमकी BJP विधायक के बेटे को रौब दिखाना पड़ा महंगा, जाम में हूटर बजाने पर SDM से भिड़े; फॉर्च्यूनर सीज BJP विधायक के बेटे को रौब दिखाना पड़ा महंगा, जाम में हूटर बजाने पर SDM से भिड़े; फॉर्च्यूनर सीज इलाज कराने आई बच्ची के साथ दरिंदगी… छपरा के अस्पताल में शर्मनाक वारदात, आरोपी कर्मी गिरफ्तार NSMCH बिहटा में तीन दिवसीय बीसीएमई कार्यशाला सम्पन्न, वर्कशॉप में 30 डॉक्टरों ने लिया हिस्सा NSMCH बिहटा में तीन दिवसीय बीसीएमई कार्यशाला सम्पन्न, वर्कशॉप में 30 डॉक्टरों ने लिया हिस्सा 1 करोड़ का इनामी नक्सली प्रशांत बोस उर्फ किशन दा का निधन, 15 जवानों की हत्या का था आरोपी, सैकड़ों वारदातों को दे चुका अंजाम अजब प्रेम की गजब कहानी: बिहार राज्य महिला आयोग में हाई वोल्टेज ड्रामा, प्रेमी ने भारी विरोध के बीच प्रेमिका की भरी मांग

Home / india / मणिपुर हिंसा की जांच के लिए आयोग का होगा गठन: अमित शाह बोले-...

मणिपुर हिंसा की जांच के लिए आयोग का होगा गठन: अमित शाह बोले- CBI भी करेगी जांच.. किसी को छोड़ेंगे नहीं

01-Jun-2023 12:02 PM

By First Bihar

DESK: हिंसा के बीच केंद्रीय गृहमंत्री अमित शाह तीन दिनों के मणिपुर दौरे पर हैं। इस दौरान उन्होंने हिंसा प्रभावित इलाकों को दौरा किया। गुरुवार को केंद्रीय गृहमंत्री ने एलान किया कि केंद्र सरकार मणिपुर हिंसा की जांच के लिए आयोग का गठन करेगी। हाई कोर्ट के रिटायर्ड जज की अध्यक्षता में आयोग का गठन कर हिंसा की जांच कराई जाएगी। इसके साथ ही सीथ सीबीआई से हिंसा की 6 घटनाओं की जांच कराई जाएगी।


गृहमंत्री अमित शाह मणिपुर हिंसा के लोकर भारत सरकार एक शांति समिति का भी गठन करेगी। हिंसा के दौरान प्रभावित हुए परिवारों को सरकार सहायता देगी। हिंसा में मारे गए लोगों के परिजनों को केंद्र और राज्य सरकार की तरफ से पांच-पांच लाख रुपए, यानी कुल 10 लाख रुपए का मुआवजा दिया जाएगा। केंद्रीय मंत्री ने लोगों से शांति बनाए रखने की अपील की है और कहा है कि फिलहाल राज्य में हालात काबू में हैं, लोग अफवाहों पर ध्यान न दें। उन्होंने कहा कि 29 अप्रैल को हाईकोर्ट के एक फैसले के बाद हिंसा की शुरुआत हुई थी लेकिन अब सब कंट्रोल में है।


बता दें कि करीब एक महीना पहले ट्राइबल सॉलिडेरिटी मार्च के दौरान मणिपुर में हिंसा भड़की थी। मैती समुदाय के लोग जनजातीय आरक्षण की मांग कर रहे हैं। इसके खिलाफ राज्य के पहाड़ी इलाकों में ट्राइबल मार्च के दौरान हिंसा हुई थी। हिंसा के दौरान अभतक करीब 80 लोगों की जान जा चुकी है। इस दौरान कई उग्रवादी संगठनों और सुरक्षा बलों के बीच भी मुठभेड़ की खबरें सामने आई हैं। जिसके बाद हालात को काबू में करने के लिए सरकार को सेना बुलानी पड़ी थी। फिलहाल हालात सेना और पुलिस के कंट्रोल में हैं।