DESK: 10 हजार रुपये के लिए स्टाफ ने मालिक को 6 करोड़ रुपये का चूना लगा दिया। बदले की आग में उसने ऐसा काम किया। दरअसल मालिक ने सैलरी से 10 हजार रुपया काट लिया था, जो स्टाफ को नागवार गुजरा और उसने टेक्सटाइल मार्केट में ही पेट्रोल छिड़कर आग लगा दी।  जिससे उसके मालिक को 6 करोड़ का नुकसान तो हुआ ही साथ ही अन्य 4 कारोबारियों के 17 दुकानों में रखे 24 करोड़ रुपये का माल भी जलकर खाक हो गया। 


इस भीषण अगलगी की घटना सूरत के श्याम संगिनी टेक्सटाइल मार्केट में 9 सितंबर को हुई थी। जिसका सीसीटीवी फुटेज अब सामने आया है। घटना के पीछे के कारणों का खुलासा होने के बाद हर कोई हैरान है। पुलिस ने इस मामले में महाराष्ट्र के धुले के रहने वाले 33 वर्षीय विनोद साल्वे को अरेस्ट किया है। वह एक कारोबारी के यहां एकाउंटेंट का काम करता था। 30 हजार रुपये उसे वेतन मिलता था। 


उसी ने बदले की आग में इस भीषण अगलगी की घटना को अंजाम दिया। गिरफ्तार विनोद साल्वे का दावा है कि उसका मालिक मालिक जबार अक्सर अपमान करता था और वेतन से 10 हजार रुपया काट लिया था। इस बात से वह काफी गुस्से में था। मालिक से बदला लेने और उसे सबक सिखाने के लिए उसने इतना बड़ा कदम उठा लिया। गिरफ्तार विनोद साल्वे ने पुलिस को बताया कि उसके परफॉरमेंस पर हमेशा सवाल उठाया जाता था। हर बार उसे अपमानित किया जाता था। जिस कारण उसने नौकरी छोड़ने का मन बनाया तब मालिक ने 10 हजार रुपया काट कर वेतन दिया। 


पुलिस ने सोमवार को 33 साल के विनोद साल्वे को गिरफ्तार कर लिया दो महाराष्ट्र के धुले का रहने वाला है। साल्वे हनुमान प्रसाद जावार की दुकान में अप्रैल 2026 से बतौर अकाउंटेंट काम करता था। उसे 30 हजार रुपये मासिक वेतन मिलता था। पुलिस के मुताबिक साल्वे ने कहा कि उसने नौकरी छोड़ दी थी क्योंकि उसका दावा है कि जवार और दूसरे अकाउंटेंट उसको अपमानित करते थे और उसके परफॉरमेंस पर सवाल उठाते थे। साल्वे का यह भी कहना है कि मालिक ने नौकरी छोड़ते समय उसके 10 हजार रुपये बकाया रख लिया था। तब से वो बदले की आग में वो जल रहा था। आरोपी ने बताया कि 8 सितंबर को उसने पेट्रोल पंप से पेट्रोल खरीदा और उसे बैग में रखकर दुकान में पहुंच गया।


चेहरे पर नकाब लगाकर चोरी छिपे किसी तरह वो दुकान के अंदर पहुंच गया और पेट्रोल छिड़कर आग लगा दी। आग लगने के बाद उठे धूंआ का फायदा उठाते हुए वह वहां से नौ दो ग्यारह हो गया। इधर एक के बाद एक 4 कारोबारियों के 17 दुकानों में आग फैल गई और पूरा सामान इस अग्निकांड में जलकर खाक हो गया। अगलगी की इस घटना में करीब 24 करोड़ रुपये का नुकसान हो गया। जिसमें उसके मालिक को 6 करोड़ का नुकसान हुआ है।  


आरोपी को लगा था कि उसे आग लगाते किसी ने नहीं देखा है, लेकिन उसकी यह चालाकी तब पकड़ी गई जब पुलिस ने सीसीटीवी फुटेज को खंगाला तब उसमें नकाब पहने शख्स नजर आया जिसकी पहचान होते ही उसे गिरफ्तार कर लिया गया। पुलिस की पूछताछ में आरोपी विनोद ने अपना जुर्म स्वीकार किया है। कहा कि सैलरी काटने और अपमान किये जाने का बदला लेने के लिए उसने ऐसा किया। वह मालिक को सबक सिखाना चाहता था जिसमें वो कामयाब हो गया। फिलहाल पुलिस ने उसे गिरफ्तार कर जेल भेज दिया है। इस घटना के खुलासे से हर कोई हैरान हैं। अन्य कारोबारी भी सदमें हैं, इलाके में यह चर्चा हो रही है कि एक की गलती का खामियाजा अन्य कारोबारियों को भी भुगतना पड़ गया।