KOLKATA: कोलकाता के चोरबागान दुर्गा पूजा पंडाल में भगदड़ से 19 लोगों की मौत और कई लोग घायल होने की खबर है। पश्चिम बंगाल सरकार ने मृतकों के परिजनों को 25 लाख रुपये मुआवजा और सरकारी नौकरी देने की घोषणा की है। हादसे के बाद सुरक्षा व्यवस्था की समीक्षा के लिए हाईलेवल कमेटी बनाने का भी ऐलान किया गया है।
पश्चिम बंगाल की राजधानी कोलकाता के चोरबागान इलाके में हुए दर्दनाक हादसे ने पूरे राज्य को झकझोर कर रख दिया। यहां शनिवार की देर शाम चोरबागान सार्वजनीन दुर्गा पूजा पंडाल में अचानक भगदड़ मचने से 19 लोगों की मौत हो गई, जबकि 25 लोग घायल हो गये। सभी को आनन-फानन में पास के अस्पताल में भर्ती कराया गया। जहां सभी का इलाज चल रहा है। घायलों के इलाज का पूरा खर्च भी सरकार उठाएगी।
इस घटना पर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी, अमित शाह, राहुल गांधी और पश्चिम बंगाल के सीएम ने दुख जताया। पीएम मोदी ने मृतकों के परिजनों को दो-दो लाख रुपये और घायलों को 50-50 हजार रुपये की अनुग्रह राशि देने की घोषणा की है, वही पश्चिम बंगाल के मुख्यमंत्री शुभेंद्र अधिकारी ने मृतकों के परिवार को 25-25 लाख रुपये मुआवजा और ग्रुप डी में सरकारी नौकरी देने की घोषणा की। वही दुर्गा पूजा पर पंडालों में उमड़ रही भारी भीड़ के मद्देनजर अधिकारियों को अलर्ट रहने और भीड़ को नियंत्रित करने का निर्देश दिया है।
इस घटना के बाद पश्चिम बंगाल सरकार ने 18 अक्टूबर के सभी निर्धारित सरकारी कार्यक्रम रद्द कर दिया। वही केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने भी पश्चिम बंगाल में अपने सभी निर्धारित कार्यक्रम स्थगित करने की घोषणा कर दी। इस हादसे के बाद 12 लोगों को पुलिस ने हिरासत में लिया है, जिनमें चोरबागन दुर्गा पूजा के आयोजक भी शामिल हैं।
मिली जानकारी के अनुसार, हादसे के दौरान तेज बारिश हो रही थी। बारिश से बचने के लिए बड़ी संख्या में लोग पंडाल की ओर बढ़े, जिससे भीड़ अचानक बढ़ गई। राज्य सरकार के अनुसार, पूजा कमेटी के इंतजाम में भी कुछ कमियां सामने आई हैं। पंडाल के अंदर रोशनी कम होने की भी बात सामने आई है। संकरी गलियों, सीमित संख्या में स्वयंसेवकों और भीड़ प्रबंधन की कमी को लेकर भी सवाल उठ रहे हैं।
फिलहाल पुलिस पूरे मामले की जांच में जुटी है। घटना के कारणों का पता लगाया जा रहा है। इलाके में लगे सीसीटीवी को भी खंगाला जा रहा है। पूजा समिति के लोगों, गार्डों और ड्यूटी पर तैनात कर्मियों से पूछताछ की जा रही है। भगदड़ की सही कारणों का पता लगाने में पुलिस लगी है। सुरक्षा इंतजामों में कहां चुक हुई है इस बात का भी पता लगाया जा रहा है।