दहेज की बलि चढ़ी मासूम... एलईडी टीवी और मिक्सर की मांग ने ली नवविवाहिता की जान; गला दबाकर हत्या का आरोप RRB Exam : हाथ बना नकल की कॉपी, गेट से भी निकल गया; यूपी में ऐसे धरा गया बिहार का शातिर परीक्षार्थी वाह रे बिहार पुलिस: थाने से चोरी हो गए हथियार और गोली, एक ही थाने में दूसरी बार आर्म्स की चोरी 'सरकार कहीं फिर से बर्तन न पिटवाने लगे', LPG सिलेंडर की किल्लत पर मुकेश सहनी का तंज 'सरकार कहीं फिर से बर्तन न पिटवाने लगे', LPG सिलेंडर की किल्लत पर मुकेश सहनी का तंज बिहार के इस एयरपोर्ट से दिल्ली के लिए फिर शुरू होगी एयर इंडिया की उड़ान, जानिए.. नया शेड्यूल बिहार के इस एयरपोर्ट से दिल्ली के लिए फिर शुरू होगी एयर इंडिया की उड़ान, जानिए.. नया शेड्यूल BIHAR NEWS : 'रोज -रोज मिल रहा नीतीश कुमार से आशीर्वाद ...', समृद्धि यात्रा में सम्राट चौधरी को मिल रहा खास सियासी संकेत Bihar News: भवानीपुर थाने में हवलदार के बैग से रसोइए ने उड़ाईं 35 गोलियां; स्मैक के साथ 3 गिरफ्तार, हवलदार सस्पेंड करप्शन पर ‘जीरो टॉलरेंस’ नीति मिट्टी में मिली ? भ्रष्टाचार के आरोपी बेउर जेल अधीक्षक को निलंबन मुक्त कर फिर से 'काराधीक्षक' बनाया, EOU की रेड में अकूत संपत्ति मिलने का था दावा
12-Mar-2026 11:46 AM
By FIRST BIHAR
iran india oil tankers: दुनिया भर में कच्चे तेल की कीमतों को लेकर बढ़ती चिंता के बीच ईरान ने भारत को बड़ी राहत दी है। ईरान ने भारतीय झंडे वाले तेल टैंकरों को होर्मुज जलडमरूमध्य से गुजरने की अनुमति दे दी है। जानकारी के अनुसार यह सहूलियत भारत के विदेश मंत्री एस. जयशंकर की पहल के बाद मिली है। सूत्रों के मुताबिक हाल ही में जयशंकर और ईरान के विदेश मंत्री अब्बास अराघची के बीच हुई बातचीत के बाद ईरान ने यह फैसला लिया।
ईरान की ओर से मिली इस अनुमति के बाद भारतीय तेल टैंकर पुष्पक और परिमल सुरक्षित रूप से होर्मुज जलडमरूमध्य पार कर चुके हैं। इसके अलावा एक अन्य तेल टैंकर, जिसका कप्तान भारतीय बताया जा रहा है, वह भी इस मार्ग से गुजरकर भारत पहुंच चुका है। यह जहाज युद्ध शुरू होने के बाद इस रास्ते से भारत आने वाला पहला जहाज माना जा रहा है। रिपोर्ट्स के मुताबिक सऊदी अरब का कच्चा तेल लेकर आ रहा लाइबेरिया के झंडे वाला यह टैंकर दो दिन पहले होर्मुज से गुजरा और फिलहाल मुंबई पोर्ट पर रुका हुआ है।
अमेरिका और इजरायल द्वारा ईरान पर संयुक्त सैन्य हमले शुरू होने के बाद से भारत स्थिति पर लगातार नजर बनाए हुए है। इस दौरान विदेश मंत्री एस. जयशंकर और ईरान के विदेश मंत्री अब्बास अराघची के बीच तीन बार बातचीत हो चुकी है। बीते मंगलवार को जयशंकर ने बताया कि दोनों देशों के बीच क्षेत्र में जारी घटनाक्रम पर विस्तृत चर्चा हुई है और संपर्क बनाए रखने पर सहमति बनी है। उन्होंने ईरान को क्षेत्र में बढ़ते तनाव को लेकर भारत की गहरी चिंता से भी अवगत कराया।
फारस की खाड़ी और ओमान की खाड़ी के बीच स्थित होर्मुज जलडमरूमध्य दुनिया के सबसे महत्वपूर्ण समुद्री तेल परिवहन मार्गों में से एक है। इस मार्ग पर ईरान की सख्ती और संभावित अवरोध के कारण वैश्विक तेल और गैस की कीमतों में तेजी आई है। भारत में भी ऊर्जा आपूर्ति और ईंधन की उपलब्धता को लेकर चिंता बढ़ी है। ईरान ने चेतावनी दी थी कि वह इस रास्ते से तेल के आवागमन को रोक सकता है और विशेष रूप से अमेरिकी तथा पश्चिमी देशों से जुड़े जहाजों को निशाना बना रहा है।
इससे पहले भारत ने होर्मुज जलडमरूमध्य में थाईलैंड के एक कार्गो जहाज पर हुए हमले की कड़ी निंदा की थी। गुजरात के कांडला बंदरगाह की ओर आ रहे एक मालवाहक जहाज पर हमले के बाद भारत ने पश्चिम एशिया में वाणिज्यिक जहाजों पर बढ़ते हमलों को लेकर चिंता जताई थी। यह हमला ईरान के इस्लामिक रिवोल्यूशनरी गार्ड कोर (IRGC) से जुड़ा बताया गया था।
विदेश मंत्रालय ने बयान जारी कर कहा कि भारत पश्चिम एशिया में जारी संघर्ष के दौरान वाणिज्यिक जहाजों को निशाना बनाए जाने की कड़ी निंदा करता है। मंत्रालय के अनुसार इस संघर्ष के शुरुआती चरण में कई हमलों में भारतीय नागरिकों सहित कई लोगों की जान जा चुकी है। भारत ने दोहराया कि व्यापार और नौवहन की स्वतंत्रता को किसी भी हाल में बाधित नहीं किया जाना चाहिए और निर्दोष चालक दल की सुरक्षा सुनिश्चित की जानी चाहिए।