नई दिल्ली: दिल्ली का ऐतिहासिक रामलीला मैदान रविवार को विपक्षी दलों के बड़े राजनीतिक शक्ति प्रदर्शन का गवाह बना। 'इंडिया' गठबंधन की ओर से 'वोट बचाओ, देश बचाओ' के नारे के साथ महा-रैली का आयोजन किया गया है। विपक्षी दलों का आरोप है कि चुनाव प्रक्रिया और मतदाता सूची में कथित गड़बड़ियों के जरिए लोकतांत्रिक अधिकारों को प्रभावित किया जा रहा है। इसी मुद्दे को लेकर गठबंधन के नेता केंद्र सरकार और चुनाव आयोग पर लगातार हमलावर हैं।
इस रैली में बिहार से भी विपक्ष के कई नेता पहुंचे हैं। बिहार के नेता प्रतिपक्ष और आरजेडी नेता तेजस्वी यादव ने रामलीला मैदान पहुंचकर केंद्र सरकार और चुनाव आयोग पर जमकर निशाना साधा। उन्होंने कहा कि यह सिर्फ एक राजनीतिक रैली नहीं है, बल्कि लोकतंत्र, संविधान और देश के नागरिकों के अधिकारों को बचाने की लड़ाई है।
तेजस्वी बोले- वोट की चोरी हो रही है
तेजस्वी यादव ने कहा कि 'इंडिया' गठबंधन में कई राजनीतिक दल शामिल हैं और अब आम जनता भी इस लड़ाई में उनके साथ खड़ी दिखाई दे रही है। उन्होंने आरोप लगाया कि जिस तरीके से वोट की चोरी की जा रही है और लोकतंत्र को कुचला जा रहा है, उसके खिलाफ सभी विपक्षी दल एकजुट हुए हैं। उन्होंने कहा कि लोकतंत्र की रक्षा और संविधान को सुरक्षित रखने के लिए विपक्ष एक मंच पर आया है। तेजस्वी ने दावा किया कि रैली को आम लोगों का भरपूर समर्थन मिल रहा है और जनता में भी चुनाव प्रक्रिया को लेकर गुस्सा है।
CEC ज्ञानेश कुमार पर तेजस्वी का तीखा हमला
बिहार के नेता प्रतिपक्ष ने मुख्य निर्वाचन आयुक्त ज्ञानेश कुमार को भी निशाने पर लिया। तेजस्वी यादव ने आरोप लगाया कि संवैधानिक पद पर बैठकर वोटों की चोरी कराई जा रही है। उन्होंने कहा कि अब लोगों के सामने पूरी सच्चाई आ चुकी है और ज्यादा समय तक इसे छिपाया नहीं जा सकता। तेजस्वी ने कहा कि जो लोग लोकतंत्र को कुचलने की कोशिश करते हैं, वे ज्यादा समय तक टिक नहीं पाते। उन्होंने विपक्षी एकजुटता को लोकतंत्र और संविधान की रक्षा के लिए जरूरी बताया।
खरगे के आवास से शुरू हुआ मार्च
महा-रैली से पहले विपक्षी नेता कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे के आवास पर जुटे। इसके बाद नेता खुले वाहनों में सवार होकर कनॉट प्लेस पहुंचे। यहां से मार्च शुरू हुआ, जो रामलीला मैदान तक पहुंचा। इसके बाद मंच से गठबंधन के प्रमुख नेता कार्यकर्ताओं और समर्थकों को संबोधित करेंगे। विपक्षी दल इस रैली के जरिए केंद्र की मोदी सरकार के साथ-साथ निर्वाचन आयोग पर भी राजनीतिक दबाव बनाने की कोशिश कर रहे हैं। गठबंधन की ओर से मुख्य निर्वाचन आयुक्त ज्ञानेश कुमार के इस्तीफे की मांग भी उठाई जा रही है।
यह कार्यक्रम शनिवार को खरगे के आवास पर हुई प्रतीकात्मक 'जन महाभियोग' की कार्यवाही के अगले दिन आयोजित किया गया है। विपक्षी दलों ने पहले ही छात्रों, युवाओं, महिलाओं, मजदूरों और नागरिक समाज के लोगों से इसमें शामिल होने की अपील की थी।
रामलीला मैदान में भारी भीड़ जुटाने की तैयारी
रैली को लेकर रामलीला मैदान में सुबह से ही लोगों के पहुंचने का सिलसिला शुरू हो गया था। वरिष्ठ विपक्षी नेताओं के लिए बनाए गए मुख्य मंच पर तिरंगे के रंग वाला बड़ा शामियाना लगाया गया है। इसके अलावा गठबंधन की अलग-अलग प्रदेश इकाइयों के प्रतिनिधियों के लिए भी अलग मंच तैयार किया गया है।
'इंडिया' गठबंधन के नेताओं ने रैली में करीब 10 लाख लोगों के पहुंचने का दावा किया है। वहीं दिल्ली पुलिस ने लगभग 50 हजार लोगों के जुटने का अनुमान जताया है। सुरक्षा व्यवस्था को देखते हुए 4 हजार से अधिक पुलिसकर्मियों की तैनाती की गई है। केंद्रीय सशस्त्र पुलिस बलों की कंपनियां भी सुरक्षा में लगाई गई हैं। रामलीला मैदान को 14 जोन में बांटकर सुरक्षा व्यवस्था की गई है। 200 से ज्यादा सीसीटीवी कैमरों के अलावा ड्रोन से भी पूरे इलाके पर नजर रखी जा रही है।
दिल्ली में ट्रैफिक पर भी असर
रैली के कारण दिल्ली के कई इलाकों में यातायात व्यवस्था प्रभावित हुई है। रविवार सुबह 10 बजे से शाम 5 बजे तक कई स्थानों पर ट्रैफिक संबंधी पाबंदियां लागू की गई हैं। पुलिस ने लोगों से वैकल्पिक मार्ग अपनाने की अपील की है।दरअसल, 'इंडिया' गठबंधन मतदाता सूची के विशेष गहन पुनरीक्षण यानी एसआईआर और कथित 'वोट चोरी' के मुद्दे को लेकर निर्वाचन आयोग के खिलाफ लगातार आवाज उठा रहा है। विपक्षी दलों का आरोप है कि मतदाता सूची से जुड़े इन बदलावों के कारण बड़ी संख्या में मतदाताओं के अधिकार प्रभावित हो सकते हैं।
हालांकि निर्वाचन आयोग विपक्ष के इन आरोपों को लगातार खारिज करता रहा है। ऐसे में रामलीला मैदान की यह रैली आने वाले दिनों में विपक्ष और चुनाव आयोग के बीच टकराव को और राजनीतिक रंग दे सकती है। अब नजर इस बात पर है कि मंच से विपक्षी नेता आगे की रणनीति को लेकर क्या ऐलान करते हैं और इस बड़े शक्ति प्रदर्शन का राष्ट्रीय राजनीति पर कितना असर पड़ता है।