ब्रेकिंग न्यूज़

मधुबनी की शांभवी प्रिया ने बिहार में लहराया परचम, मैट्रिक में 7वां रैंक हासिल बिजली मिस्त्री की बेटी बनीं जिला टॉपर, 478 अंक लाकर राखी ने रचा सफलता का नया इतिहास दवा व्यवसायी को बदमाशों ने बनाया निशाना, बाइक की डिक्की तोड़कर 65 हजार रुपये ले भागे एकतरफा प्यार में युवक की हत्या, लड़की के भाई और दोस्त को पुलिस ने दबोचा राबड़ी आवास में लौंडा डांस का आयोजन, लालू -तेजस्वी समेत कई कार्यकर्ता रहे मौजूद बिहार को जल्द मिलेंगे 25 नए IAS अधिकारी, इस दिन करेंगे ज्वाइन; प्रशासनिक कामकाज को मिलेगी रफ्तार बिहार को जल्द मिलेंगे 25 नए IAS अधिकारी, इस दिन करेंगे ज्वाइन; प्रशासनिक कामकाज को मिलेगी रफ्तार गोपालगंज पुलिस ने पशु तस्कर गिरोह का किया भंडाफोड़, सात गिरफ्तार Bihar Board Matric Result 2026: आंगनबाड़ी सेविका और किसान का बेटा बना स्टेट टॉपर, मैट्रिक परीक्षा में 8वां रैंक किया हासिल पनोरमा स्टार 2026 : बॉलीवुड एक्टर चंकी पांडेय ने बांधा समा, कलाकारों के साथ झूमा छातापुर

Home / india / संसद का बजट सत्र आज से..संयुक्त सदन में राष्ट्रपति के संबोधन के बाद...

संसद का बजट सत्र आज से..संयुक्त सदन में राष्ट्रपति के संबोधन के बाद आर्थिक सर्वे होगा पेश

31-Jan-2020 06:55 AM

DELHI : संसद का बजट सत्र आज से शुरू हो रहा है। सत्र के पहले दिन आज सदन में आर्थिक सर्वे रिपोर्ट पेश किया जाएगा। संसद का यह सत्र आगामी 3 अप्रैल तक चलेगा। 1 फरवरी को सरकार की तरफ से वित्तीय वर्ष 2020-21 का आम बजट पेश किया जाएगा।


बजट सत्र की शुरुआत राष्ट्रपति रामनाथ कोविंद के संबोधन के साथ होगी। राष्ट्रपति रामनाथ कोविंद संसद के सेंट्रल हॉल में 11 बजे राज्यसभा और लोकसभा के सदस्यों को एक साथ संबोधित करेंगे। राष्ट्रपति के संबोधन में सरकार की नीतियों और उसकी तरफ से किए जा रहे कार्य का उल्लेख होगा। वित्त मंत्री के तौर पर निर्मला सीतारमण का यह दूसरा बजट होगा। बजट के पहले सदन में आज आर्थिक सर्वे रिपोर्ट भी रखी जाएगी। इस रिपोर्ट में देश की आर्थिक स्थिति को लेकर विस्तृत ब्योरा होगा। 


नागरिकता संशोधन कानून को लेकर देशभर में चल रहे विरोध प्रदर्शनों के बीच संसद का बजट सत्र बेहद महत्वपूर्ण माना जा रहा है। बजट सत्र का पहला चरण 31 जनवरी से 11 फरवरी तक और दूसरा चरण 2 मार्च से 3 अप्रैल तक चलेगा। बजट सत्र को लेकर सरकार ने पहले ही साफ कर दिया है कि वह किसी भी मुद्दे पर संसद के अंदर चर्चा को तैयार है। वहीं विपक्षी देश भर में सीएए को लेकर हो रहे विरोध प्रदर्शन को मुद्दा बनाते हुए सत्तापक्ष को घेरने की पुरजोर कोशिश करेगा। बजट सत्र इसलिए भी महत्वपूर्ण है क्योंकि देश की आर्थिक स्थिति पहले से कमजोर हुई है। मौजूदा वित्तीय वर्ष की तीसरी तिमाही में आर्थिक वृद्धि दर घटकर 4.5 फ़ीसदी के स्तर पर आ चुकी है जो 2014 के बाद अपने सबसे निचले स्तर पर है। देश में बेरोजगारी की दर 6.1 फीसदी पर पहुंच गई है जिसके कारण सरकार भी दबाव में है। इस लिहाज से बजट सत्र वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण के लिए भी बेहद खास होगा।