ब्रेकिंग न्यूज़

अरवल में हम पार्टी का सदस्यता अभियान तेज, गरीब चौपाल यात्रा से जनता की समस्याओं को मिलेगा मंच: डॉ. संतोष सुमन रोहतास पुलिस की बड़ी कार्रवाई, 7 कुख्यात अपराधियों को दबोचा, कई कांडों का किया खुलासा मुजफ्फरपुर कांग्रेस में ‘दो’ जिलाध्यक्ष? आलाकमान की सूची ने बढ़ाया कन्फ्यूजन, चर्चाओं का बाजार गर्म आरा-मोहनिया नेशनल हाईवे पर दर्दनाक हादसा: ट्रक की टक्कर से 10 वर्षीय बच्ची की मौत, मामा घायल भारत-नेपाल सीमा पर SSB की बड़ी कार्रवाई, अवैध करेंसी के साथ 2 तस्करों को दबोचा पटना में नशे के खिलाफ बड़ी कार्रवाई, 128 नशीले इंजेक्शन के साथ 2 गिरफ्तार मुजफ्फरपुर सब्जी मंडी में युवती की गोली मारकर हत्या, प्रेम-प्रसंग में मर्डर की आशंका BIHAR CRIME: अरवल में दिनदहाड़े फायरिंग, इलाके में मचा हड़कंप बरारी में राज्यसभा सांसद धर्मशीला गुप्ता का भव्य स्वागत, विकास के मुद्दों पर हुई अहम चर्चा बिहार सरकार की सख्ती का असर: काम पर लौटे 30 परीक्ष्यमान राजस्व अधिकारी, बाकी 31 के लिए डेडलाइन तय; क्या बोले डिप्टी सीएम विजय सिन्हा?

Home / business / लॉकडाउन के बीच इस बैंक का लाइसेंस RBI ने किया रद्द, लाखों खाताधारकों...

लॉकडाउन के बीच इस बैंक का लाइसेंस RBI ने किया रद्द, लाखों खाताधारकों के पैसे अटके

02-May-2020 10:38 AM

DESK : लॉकडाउन के बीच भारतीय रिजर्व बैंक ने सीकेपी सहकारी बैंक का लाइसेंस रद्द कर दिया है. जिससे सीकेपी सहकारी बैंक के ग्राहकों को बड़ा झटका लगा है. मीडिया रिपोर्ट के अनुसार भारतीय रिजर्व बैंंक के इस कदम के बाद बैंक की 485 करोड़ रुपये की एफडी अधर में अटक गई है औऱ सवा लाख खाताधारकों को झटका लगा है.

सीकेपी सहकारी बैंक पर आरबीआई ने साल 2914 से ही प्रतिबंध लगा रखा था. इसके पहले प्रतिबंध की तारीख को 31 मार्च से  बढ़ाकर 31 मई की गई थी. लेकिन इसके पहले ही अब आरबीआई ने  बैंक का लाइसेंस ही रद्द कर दिया है. रिपोर्ट के अनुसार सीकेपी सहकारी बैंक  की नेटवर्थ में गिरावट के कारण इसके लाइसेंस को रद्द  किया गया है. 

मीडिया रिपोर्ट के अनुसार बैंक का घाटा बढ़ने और  नेट वर्थ में बड़ी गिरावट के कारण बैंक के लेन-देन पर साल 2014 में प्रतिबंध लगाया गया था. इसके बाद से लगातार घाटा कम करने का प्रयास किया जा रहा था.  ब्याज दर में कटौती करके ब्याज दर 2 प्रतिशत तक लाई गई थी. वहीं कुछ निवेशकों ने अपने एफडी को शेयर में निवेश कर लिया था  जिसका असर भी दिखाई देने लगा था.  बैंक का घाटा कम हो रहा था. लेकिन इस बीच आबीआई ने निवेशकों को झटका देते हुए बैंक का लाइसेंस ही रद्द कर दिया है.