Bihar Politics : 'नीतीश कुमार का कार्यकाल हमेशा से बेदाग रहा...', बोले अमित शाह- केंद्र आने से बिहार और देश दोनों को होगा फायदा नीतीश कुमार के फैसले से पैतृक गांव कल्याण बिगहा के लोगों में भारी नाराजगी, BJP को दे दी यह बड़ी चेतावनी नीतीश कुमार के फैसले से पैतृक गांव कल्याण बिगहा के लोगों में भारी नाराजगी, BJP को दे दी यह बड़ी चेतावनी UPI पेमेंट में बड़ा बदलाव: अब UPI ID या मोबाइल नंबर डालकर नहीं कर पाएंगे भुगतान, जानें नया तरीका BIHAR NEWS : बिहार में BJP का उदय ! पढ़िए JDU के आगे 'सीनियर' बनने की पूरी टाइमलाइन; कब कैसे बदली रणनीति MPs Salary: राज्यसभा सांसदों को मिलती है कितनी सैलरी? जानिए सुविधाएं और उनके अधिकार BIHAR NEWS : बिहार के नए युग की नई तस्वीर ! CM आवास के इस फोटो में छिपा बड़ा संदेश, जानिए क्या है इसके राजनीतिक मायने नीतीश कुमार के राज्यसभा जाने पर आया चिराग पासवान का रिएक्शन, जानिए.. क्या बोले LJP(R) चीफ? नीतीश कुमार के राज्यसभा जाने पर आया चिराग पासवान का रिएक्शन, जानिए.. क्या बोले LJP(R) चीफ? Bihar News : 20 साल तक बिहार में चला Nitish Kumar का जादू, BJP से गठबंधन कई बार बिगड़ा और कई बार बना; पढ़िए क्या रहा है हिस्ट्री
24-Dec-2025 09:04 AM
By First Bihar
Bihar News: बिहार सरकार ने सरकारी राशन की दुकानों पर जनवरी 2026 से अगले आदेश तक चावल और गेहूं के वितरण का नया अनुपात तय किया है। नए निर्देशों के अनुसार चावल और गेहूं का वितरण 2:3 के अनुपात में किया जाएगा। इसे सरल शब्दों में समझें तो अंत्योदय और गरीब वर्ग के परिवारों को अब प्रतिमाह कुल खाद्यान्न का दो भाग गेहूं और तीन भाग चावल दिया जाएगा।
उदाहरण के लिए, यदि किसी परिवार को प्रतिमाह 35 किलोग्राम खाद्यान्न मिलता है, तो अब उन्हें 14 किलोग्राम गेहूं और 21 किलोग्राम चावल मिलेगा। पहले यह वितरण चार-से-तीन के अनुपात में होता था, जिसमें 7 किलोग्राम गेहूं और 28 किलोग्राम चावल दिया जाता था। इसी तरह, प्राथमिक राशन कार्ड धारियों को भी नए अनुपात के अनुसार प्रत्येक माह दो किलोग्राम गेहूं और तीन किलोग्राम चावल मिलेगा।
आधिकारिक जानकारी के अनुसार, गृहस्थी के लाभुकों के प्रति व्यक्ति अब हर माह दो किलोग्राम गेहूं और तीन किलोग्राम चावल यानी कुल पांच किलोग्राम खाद्यान्न निशुल्क प्राप्त करेंगे। इस आधार पर खाद्य एवं उपभोक्ता संरक्षण विभाग ने प्रत्येक राशन कार्ड धारक के लिए मासिक आवंटन तय कर दिया है। विभाग ने स्पष्ट किया है कि इस नए वितरण प्रणाली का उद्देश्य गरीब और अंत्योदय परिवारों तक पर्याप्त मात्रा में पोषक खाद्यान्न सुनिश्चित करना है।
साथ ही, विभाग ने राशन दुकानदारों और संबंधित अधिकारियों को निर्देश दिया है कि इस नए अनुपात के अनुसार समय पर वितरण सुनिश्चित किया जाए और किसी भी प्रकार की अनियमितता पर तुरंत कार्रवाई की जाए। सरकार का यह कदम गरीब और वंचित वर्ग के लिए खाद्य सुरक्षा सुनिश्चित करने की दिशा में एक महत्वपूर्ण पहल माना जा रहा है।