Bihar News: बिहार सरकार के श्रम संसाधन तथा युवा, रोजगार एवं कौशल विकास मंत्री अरुण शंकर प्रसाद के काफिले पर हुए पथराव मामले में पुलिस ने बड़ी कार्रवाई करते हुए मुख्य साजिशकर्ता समेत सात लोगों को गिरफ्तार कर लिया है। यह घटना रविवार शाम मधुबनी जिले के खजौली थाना क्षेत्र के ठाहर गांव में हुई थी। घटना के बाद पुलिस प्रशासन पूरी तरह एक्शन मोड में आ गया और आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए विशेष टीम का गठन किया गया।
जानकारी के अनुसार, एक सड़क दुर्घटना में स्थानीय व्यक्ति की मौत के बाद मंत्री अरुण शंकर प्रसाद पीड़ित परिवार को सांत्वना देने और उनसे मुलाकात करने ठाहर गांव पहुंचे थे। आरोप है कि वहां पहले से मौजूद कुछ असामाजिक तत्वों ने सुनियोजित तरीके से मंत्री के काफिले को निशाना बनाया।
ग्रामीण महिलाओं और उपद्रवियों ने अचानक बांस-बल्ले, लाठी-डंडों और ईंट-पत्थरों से काफिले पर हमला कर दिया। इस दौरान मंत्री के वाहन का शीशा पूरी तरह क्षतिग्रस्त हो गया। हालांकि सुरक्षा कर्मियों की तत्परता के कारण मंत्री सुरक्षित बच गए और किसी प्रकार की जनहानि नहीं हुई।
घटना के बाद मंत्री अरुण शंकर प्रसाद ने आरोप लगाया कि यह हमला क्षेत्र में सक्रिय शराब माफियाओं द्वारा सुनियोजित तरीके से कराया गया है। उन्होंने मामले की निष्पक्ष जांच और दोषियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की मांग की।
मधुबनी के पुलिस अधीक्षक योगेंद्र कुमार ने मामले की पुष्टि करते हुए बताया कि घटना की गंभीरता को देखते हुए सदर एसडीपीओ के नेतृत्व में एक विशेष जांच टीम (SIT) का गठन किया गया। इस टीम में चार डीएसपी शामिल थे, जबकि जिले के 10 अलग-अलग थानों की पुलिस ने रातभर संदिग्ध ठिकानों पर छापेमारी की।
पुलिस ने कार्रवाई के दौरान हमले के मुख्य साजिशकर्ता सुनील कुमार सिंह को गिरफ्तार कर लिया है। इसके अलावा कुल सात लोगों को हिरासत में लिया गया है। पुलिस का कहना है कि वीडियो फुटेज और चश्मदीदों के बयान के आधार पर अन्य आरोपियों की पहचान की जा रही है। अधिकारियों के मुताबिक, मामले में शामिल बाकी उपद्रवियों की गिरफ्तारी के लिए लगातार छापेमारी जारी है और जल्द ही अन्य आरोपियों को भी गिरफ्तार कर लिया जाएगा।