Bihar News: किसी ने ठीक ही कहा है... 'जाको राखे साइयां, मार सके न कोय', यह कहावत तो आपने सुनी ही होगी। इसका जीता-जागता उदाहरण कटिहार रेलवे स्टेशन पर शुक्रवार की सुबह कुछ ऐसा ही मंजर देखने को मिला, जहाँ एक आरपीएफ जवान की चीते जैसी फुर्ती ने एक महिला को मौत के मुँह से खींच निकाला।
घटना शुक्रवार तड़के करीब लगभग चार बजे की है। सन्नाटे को चीरती हुई ट्रेन नंबर 15701 (सिलीगुड़ी इंटरसिटी) कटिहार स्टेशन से अपनी रफ्तार पकड़ रही थी। तभी अचानक एक महिला यात्री ने चलती ट्रेन से उतरने की कोशिश की। संतुलन बिगड़ा और अगले ही पल वह प्लेटफॉर्म और पटरी के बीच बने जानलेवा गैप की ओर खिंची चली गई। वहां मौजूद लोगों की सांसें अटक गईं। तभी वहां ड्यूटी पर तैनात आरपीएफ कांस्टेबल अमित ने जो किया, वह किसी फिल्मी सीन से कम नहीं था। बिना एक पल गंवाए, अमित ने मौत की परवाह न करते हुए महिला की ओर दौड़ लगाई। इससे पहले कि ट्रेन महिला को अपनी चपेट में लेती, अमित ने उसे अपनी ताकतवर बाहों से जकड़कर सुरक्षित बाहर खींच लिया।
अगर एक सेकंड की भी देरी होती, तो अंजाम बेहद खौफनाक हो सकता था। सुरक्षित बचने के बाद सहमी हुई महिला यात्री ने बताया कि वह गलती से मालदा पैसेंजर की जगह सिलीगुड़ी इंटरसिटी पर सवार हो गई थी। ट्रेन के खुलते ही वह घबराहट में नीचे कूदने लगी, जिसके बाद संतुलन बिगड़ा और नीचे गिर गई।
आरपीएफ के इस 'रियल लाइफ हीरो' की बहादुरी अब चर्चा का विषय बनी हुई है। 'ऑपरेशन जीवन रक्षा' के तहत कांस्टेबल अमित के इस अदम्य साहस और कर्तव्यनिष्ठा की रेल अधिकारियों से लेकर आम यात्रियों तक जमकर सराहना कर रहे हैं।