Vaibhav Suryavanshi: भारत और जिम्बाब्वे के बीच खेले जा रहे तीसरे टी-20 मुकाबले में युवा बल्लेबाज वैभव सूर्यवंशी ने एक और ऐतिहासिक उपलब्धि अपने नाम कर ली। महज 15 साल की उम्र में उन्होंने अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट में अपना दूसरा अर्धशतक जड़ते हुए ऐसा विश्व रिकॉर्ड बनाया, जो क्रिकेट इतिहास में आज तक कोई भी बल्लेबाज नहीं बना सका।



रविवार को खेले गए मुकाबले में वैभव सूर्यवंशी ने 31 गेंदों में अपना अर्धशतक पूरा किया। इससे पहले इसी सीरीज के पहले मैच में भी उन्होंने अर्धशतकीय पारी खेली थी और 15 साल की उम्र में टी-20 अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट में अर्धशतक लगाने वाले दुनिया के पहले खिलाड़ी बने थे।



दूसरा अर्धशतक लगाते ही वैभव सूर्यवंशी अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट के किसी भी प्रारूप (टेस्ट, वनडे और टी-20) में 15 साल की उम्र तक दो अर्धशतक लगाने वाले दुनिया के पहले क्रिकेटर बन गए। इससे पहले नेपाल के बल्लेबाज कुशल मल्ला ने 15 साल की उम्र में वनडे क्रिकेट में एक अर्धशतक लगाया था, लेकिन इस उम्र में उनके नाम सिर्फ एक ही पचासा दर्ज है। वैभव अब दो अर्धशतकों के साथ इस सूची में शीर्ष पर पहुंच गए हैं।



वैभव सूर्यवंशी ने शानदार बल्लेबाजी करते हुए 49 गेंदों में 81 रन बनाए। उनकी पारी में 8 चौके और 4 छक्के शामिल रहे। उन्होंने 165.30 से अधिक के स्ट्राइक रेट से बल्लेबाजी करते हुए भारतीय टीम को मजबूत स्थिति में पहुंचाया।  उनकी पारी का अंत वेस्ली मधेवेरे की गेंद पर ब्रायन बेनेट द्वारा कैच लेने से हुआ। हालांकि, आउट होने से पहले वैभव ने एक बार फिर अपनी प्रतिभा का शानदार प्रदर्शन किया।



भारत इस टी-20 सीरीज में पहले ही 2-0 की अजेय बढ़त हासिल कर चुका है। तीसरे मुकाबले में टीम इंडिया क्लीन स्वीप के लक्ष्य के साथ मैदान पर उतरी है और वैभव सूर्यवंशी की शानदार पारी ने टीम की स्थिति और मजबूत कर दी।


भारत की प्लेइंग इलेवन:

वैभव सूर्यवंशी, अभिषेक शर्मा, ईशान किशन (विकेटकीपर), श्रेयस अय्यर (कप्तान), तिलक वर्मा (उपकप्तान), सूर्यांश शेडगे, रिंकू सिंह, रवि बिश्नोई, अशोक शर्मा, यश ठाकुर, मयंक यादव।


जिम्बाब्वे की प्लेइंग इलेवन:

ब्रायन बेनेट, बेन कुरेन, डायोन मायर्स, सिकंदर रज़ा (कप्तान), रयान बर्ल, वेस्ली मधेवेरे, तदिवानाशे मारुमनी (विकेटकीपर), ब्रैड इवांस, न्यूमैन न्यामुरी, वेलिंगटन मसाकाद्ज़ा, ब्लेसिंग मुजाराबानी।