ब्रेकिंग न्यूज़

“क्या सच में खत्म हो गया माही का सफर… या अभी 10 साल और खेलेंगे धोनी?” योगराज सिंह के बयान ने बढ़ाई हलचल Tandoori Roti At Home: अब ढाबे जाने की जरूरत नहीं… बिना तंदूर-ओवन के बनेगी परफेक्ट तंदूरी रोटी, घर पर ही आजमाएं यह आसान ट्रिक KBC में 50 लाख जीतने वाली तहसीलदार अमिता सिंह तोमर गिरफ्तार, 2.5 करोड़ बाढ़ राहत घोटाले में फंसी UPSC 2025 में बदला ट्रेंड: इंटरव्यू में पीछे रहने के बावजूद OBC ने फाइनल मेरिट में EWS को छोड़ा पीछे, जानिए रामनवमी पर पटना में बदला मौसम का मिजाज, बूंदाबांदी और ठंडी हवा से श्रद्धालुओं को कड़ाके की धूप से मिली राहत BIHAR NEWS: "आप बस ऐसा कीजिए… हम आपको 15 से 20 हजार सैलरी वाली नौकरी दिलवा देंगे" – इस तरह करता था फ्रॉड, अब खुला गैंग का राज बेतिया में ठेकेदार के बॉडीगार्ड की संदिग्ध मौत, कमरे में शव मिलने से मचा हड़कंप Bihar News : नीतीश कुमार के इस्तीफे की आ गई तारीख, JDU के कार्यकारी अध्यक्ष ने बता दिया डेट और टाइम; आप भी जान लें रामनवमी में डाकबंगला पर दिखेगा अयोध्या जैसा नजारा, 52 झांकियों को बीजेपी के राष्ट्रीय अध्यक्ष करेंगे सम्मानित, श्रीराम चौक की तैयारी कैसी है जानिये? Indian Railway : रेलवे कर्मचारियों के लिए बड़ा तोहफा! ट्रांसफर और इस्तीफे के बाद भी इतने महीने तक मिल सकेगा सरकारी क्वार्टर, जानें नया नियम

Home / religion / 101 साल बाद महाशिवरात्रि पर बन रहा अद्भुत संयोग, शुभ मुहुर्त में करें...

101 साल बाद महाशिवरात्रि पर बन रहा अद्भुत संयोग, शुभ मुहुर्त में करें पूजा, पूरी होगी मनोकामना

10-Mar-2021 01:42 PM

DESK : देवों के देव महादेव शिव-शंभू, भोलेनाथ शंकर की अराधना, उपासना का त्योहार महाशिवरात्रि है. ऐसे तो हर माह में शिवरात्रि आता है लेकिन फाल्गुन के कृष्ण पक्ष की त्रयोदशी युक्त चतुर्दशी की शिवरात्रि को महाशिवरात्रि कहते हैं. इस साल 11 मार्च यानि गुरुवार को महाशिवरात्रि मनाी जाएगी और इस साल महाशिवरात्रि पर कई अद्युत संयोग बन रहे हैं. 

इस साल महाशिवरात्रि के दिन शिवयोग, सिद्धियोग और घनिष्ठा नक्षत्र का संयोग बनने से महाशिवरात्रि की महत्ता और बढ़ गई है. इस साल 101 साल बाद महाशिवरात्रि पर यह विशेष संयोग बन रहा है.  बता देंकि पुराणों के अनुसार इसी दिन भगवान शिव और मां पार्वती का विवाह हुआ था और इस दिन भगवान शिव की पूजा करने से हर मनोकामना पूरी होती है. 

11 मार्च को सुबह 9 बजकर 24 मिनट तक शिव योग रहेगा. उसके बाद सिद्ध योग लग जाएगा जो 12 मार्च सुबह 8 बजकर 29 मिनट तक रहेगा. ऐसी मान्यता है कि शिव योग में किए गए सभी मंत्र शुभफलदायक होते हैं. इसके साथ ही रात 9 बजकर 45 मिनट तक घनिष्ठा नक्षत्र रहेगा. 

महाशिवरात्रि के दिन ऐसे करें भगवान शिव की पूजा...
सबसे पहले भगवान शिव को गंगाजल, दूध, घी, शहद और शक्कर के मिश्रण से स्नान कराए. 

इसके बाद  'ऊँ नम: शिवाय' मंत्र का जाप करें

फिर चंदन लगाकर फल-फूल, बेलपत्र, धतूरा, बेर इत्यादि भगवान शिव को अर्पित करें

 शिव पूजा के बाद अग्नि जलाकर तिल, चावल और घी की मिश्रित आहूति देनी चाहिए.

रात की प्रथम प्रहर की पूजा 7.26 मिनट से शुरू होगी. निशिता काल की पूजा का समय रात 12. 59 मिनट से 1.47 मिनट तक रहेगी.

शिवलिंग का पंचोपचार पूजन और रात्रि जागरण विशेष फलदायी होता है. इस दिन भगवान शिव की आराधना कई गुना अधिक फल देती है और सच्चे मन से पूजा करने वाले श्रद्धालु की सारी मनोकामना पूरी होती है.