PATNA: बिहार की राजनीति में एक बार फिर नया सियासी घमासान शुरू हो गया है। पूर्व मुख्यमंत्री और केंद्रीय मंत्री जीतन राम मांझी ने नेता प्रतिपक्ष तेजस्वी यादव पर तीखा हमला बोला है। मांझी ने सोशल मीडिया के जरिए तेजस्वी यादव के एक बयान पर प्रतिक्रिया देते हुए उन पर जमकर निशाना साधा।
जीतन राम मांझी ने अपनी पोस्ट में लिखा, “नशा शराब में होती तो नाचती बोतल।” इसके बाद उन्होंने तेजस्वी यादव पर तंज कसते हुए कहा कि लगता है उनका “रात वाला” नशा अभी तक नहीं उतरा है, इसलिए वे उन्हें जीते-जी श्रद्धांजलि दे रहे हैं।
‘मुझे श्रद्धांजलि दे रहे हैं’
मांझी ने अपनी पोस्ट में लिखा, “लगता है बाबू साहब का रात वाला उतरा नहीं था इसलिए मुझे श्रद्धांजलि दे रहे हैं।”
मांझी का यह बयान तेजस्वी यादव की ओर से उनके बारे में की गई टिप्पणी के जवाब में आया है। हालांकि, मांझी ने अपनी पोस्ट में यह स्पष्ट नहीं किया कि तेजस्वी ने किस संदर्भ में उन्हें श्रद्धांजलि देने की बात कही थी। लेकिन मामला सोमवार को राजद कार्यालय में आयोजित दशरथ मांझी श्रद्धांजलि समारोह का है. इस कार्यक्रम में तेजस्वी यादव की जुबान फिसल गई थी और उन्होंने जीतन राम मांझी को श्रद्धांजलि दे दी थी.
लालू और राबड़ी को भी दे देंगे श्रद्धांजलि
मांझी ने तेजस्वी पर और तीखा हमला करते हुए उनके परिवार का भी जिक्र किया।ल है। जीतन राम मांझी ने लिखा कि अगर हालात नहीं सुधरे तो आने वाले समय में तेजस्वी यादव “जीते जी अपने पिता लालू जी एवं राबड़ी जी को भी श्रद्धांजलि दे देंगे।”
मांझी ने अपनी पोस्ट का अंत एक और तंज के साथ किया और लिखा, “नशा कुछ भी करा सकता है।” मांझी के इस बयान के बाद बिहार की राजनीति में बयानबाजी और तेज होने के आसार हैं।
शराब और सियासत पर फिर घमासान
मांझी के बयान में शराब का जिक्र ऐसे समय में हुआ है जब बिहार की राजनीति में शराबबंदी को लेकर लगातार सियासी आरोप-प्रत्यारोप होते रहे हैं। बिहार में शराबबंदी सरकार की प्रमुख नीतियों में शामिल है और विपक्ष समय-समय पर इसके प्रभाव और जमीनी स्थिति को लेकर सरकार पर सवाल उठाता रहा है।
मांझी का ताजा हमला इसी राजनीतिक टकराव के बीच सामने आया है। उन्होंने सीधे तौर पर तेजस्वी यादव पर निशाना साधते हुए उनके बयान को नशे से जोड़ दिया।
बयान से बढ़ सकता है सियासी विवाद
जीतन राम मांझी और तेजस्वी यादव के बीच राजनीतिक मतभेद पहले भी सामने आते रहे हैं। ऐसे में मांझी का यह बयान एक बार फिर दोनों नेताओं के बीच सियासी जुबानी जंग को हवा दे सकता है। खास तौर पर लालू प्रसाद यादव और राबड़ी देवी का नाम लेकर की गई टिप्पणी को लेकर राजनीतिक प्रतिक्रिया आने की संभावना है।
अब देखना होगा कि तेजस्वी यादव या RJD की ओर से जीतन राम मांझी के इस हमले पर क्या जवाब दिया जाता है।