DELHI : केंद्रीय मंत्री पीयूष गोयल द्वारा बीते कल संसद में एक चर्चा के दौरान बिहार को लेकर कथित अपमानजनक टिप्पणी को लेकर अब विपक्ष द्वारा मोर्चा खोल दिया गया है। आज सुबह संसद में विपक्ष एकजुट होकर इसको लेकर पीयूष गोयल से माफ़ी मांगने की मांग रख दी। गुरुवार को राजद, कांग्रेस, जदयू सहित अन्य विपक्षी दलों के सांसदों ने संसद में धरना दिया। 


दरअसल, पीयूष गोयल ने राज्यसभा में एक चर्चा के दौरान कहा था कि ‘इनका बस चले तो पूरे देश को बिहार बना देंगे। जिसके बाद इस टिप्पणी को लेकर राजद सांसद मनोज कुमार झा ने आपत्ति जताई। उन्होंने राज्यसभा के सभापति जगदीप धनखड़ को पत्र लिखकर अपनी आपत्ति जताई और पीयूष गोयल से माफी की मांग की। इसके साथ ही मनोज कुमार झा और जदयू के राष्ट्रीय अध्यक्ष ललन सिंह समेत कई अन्य सांसदों ने संसद में महात्मा गांधी की प्रतिमा के सामने धरना दिया। इस दौरान सांसदों ने 'बिहार का यह अपमान नहीं सहेगा- नहीं सहेगा हिंदुस्तान', पीयूष गोयल माफी मांगो  का जमकर नारा भी लगाया। वहीं, सांसदों ने कहा कि, भाजपा नेता का बयान यह बताता है कि वो लोग बिहार के प्रति कैसा नजरिया रखते हैं। 


बता दें कि, इससे पहले बिहार के उपमुख्यमंत्री और राजद नेता तेजस्वी यादव ने भी गोयल की टिप्पणी को लेकर हंगामा बोलते हुए कहा कि, केंद्र में भाजपा के लोग बिहार के लोगों को घृणा के साथ देखते हैं। तेजस्वी ने कहा कि, हम गोयल से माफ़ी की मांग करते हैं। राजनीति में भले ही वो हमपर या हमारे दल पर टिका -टिप्पणी कर लें। लेकिन, बिहार का अपमान न करें। वे बिहार की अस्मिता का अपमान न करें। 


इसके पहले मनोज झा ने कहा कि. अगर पीयूष गोयल की यह बात रिकॉर्ड पर है तो उसे हटाया जाए। मनोज झा ने पत्र में कहा, "माननीय सभापति महोदय, पीयूष गोयल के बिहार पर दिए गए बयान में अभिजात वर्ग की बू आ रही थी और यह पूरी तरह से अनुचित था, इसलिए मैं मांग करता हूं कि पीयूष गोयल तुरंत बिहार के सभी लोगों से माफी मांगें. मैं आपसे यह भी अनुरोध करता हूं कि आप उनके बयान को (रिकॉर्ड से) हटा दें और आवश्यक कदम उठाएं, ताकि देश के किसी अन्य राज्य के साथ केंद्र सरकार इस तरह का व्यवहार न करे। जिसके बाद  पीयूष गोयल ने भी इसको लेकर माफ़ी मांगी है।