Bihar Politics: पूर्णिया से सांसद पप्पू यादव ने बिहार में बढ़ते अपराध, हत्याओं और छात्रों से जुड़े मुद्दों को लेकर सरकार के खिलाफ आंदोलन का ऐलान किया है। उन्होंने 16 अगस्त को पटना के गर्दनीबाग में एक दिवसीय भूख हड़ताल करने की घोषणा की है। पप्पू यादव ने कहा कि इस आंदोलन के जरिए सरकार पर अपराध और छात्रों से जुड़े मामलों में जवाबदेही तय करने का दबाव बनाया जाएगा।
यह घोषणा उन्होंने वैशाली में मृत ठेकेदार रामनरेश राय के परिजनों से मुलाकात के बाद की। उन्होंने कहा कि बिहार में लगातार आपराधिक घटनाएं सामने आ रही हैं, जिससे आम लोगों में सुरक्षा को लेकर चिंता बढ़ रही है। रामनरेश राय की हत्या का जिक्र करते हुए उन्होंने सरकार की कार्यशैली पर सवाल उठाए और अपराध पर प्रभावी रोक लगाने की मांग की।
पप्पू यादव ने छात्रों के आंदोलनों को समर्थन देने की बात कही। उन्होंने बीपीएससी से जुड़े मामलों के अलावा प्रमोशन में प्रोफेशनल योग्यता और हिंदी-अंग्रेजी भाषा से संबंधित मुद्दे भी उठाए।
उन्होंने आरोप लगाया कि कुछ मामलों में अंग्रेजी को अधिक प्राथमिकता दी जा रही है। पप्पू यादव ने सरकार से इन मुद्दों पर स्थिति स्पष्ट करने की मांग की। उनका कहना है कि 16 अगस्त की भूख हड़ताल में अपराध और छात्रों के मुद्दों के साथ आम लोगों से जुड़े सवाल भी उठाए जाएंगे।
पप्पू यादव ने संकेत दिया कि उनका आंदोलन सिर्फ एक दिन तक सीमित नहीं रह सकता। उन्होंने कहा कि यदि सरकार की ओर से उनकी मांगों पर सकारात्मक पहल नहीं होती है तो आंदोलन को और व्यापक किया जा सकता है।
उन्होंने जरूरत पड़ने पर अनिश्चितकालीन भूख हड़ताल करने की बात भी कही। इसके बाद बिहार बंद का आह्वान करने का संकेत दिया गया है। ऐसे में 16 अगस्त को गर्दनीबाग में होने वाला प्रदर्शन आगे चलकर बड़े राजनीतिक आंदोलन का रूप ले सकता है।
पप्पू यादव ने केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह के इस्तीफे को लेकर भी बयान दिया। उन्होंने कहा कि इस मुद्दे पर विपक्ष का आंदोलन जारी रहेगा। उन्होंने राहुल गांधी के बयानों का हवाला देते हुए सरकार के खिलाफ संघर्ष जारी रखने की बात कही। अब सबकी नजरें 16 अगस्त को पटना के गर्दनीबाग में होने वाली भूख हड़ताल और प्रदर्शन पर टिकी हैं।