PATNA: रोहतास जिले के डेहरी-डालमियानगर नगर परिषद के कार्यपालक पदाधिकारी (EO) विमल कुमार की हत्या उनके ही निजी ड्राइवर मिथिलेश कुमार ने गाड़ी में हुए मामूली विवाद के बाद लोहे की रॉड से पीट-पीटकर कर दी। पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए आरोपी ड्राइवर को गिरफ्तार कर लिया। मिथलेश ने अपना जुर्म भी कबूल कर लिया। जबकि मृतक की पत्नी स्थानीय विधायक राजू सिंह पर रंगदारी मांगने का आरोप लगा रही है और मामले की उच्चस्तरीय जांच की मांग कर रही है। राजद नेता तेजस्वी यादव ने मृत अधिकारी विमल कुमार की पत्नी से फोन पर बातचीत कर पूरी घटना की जानकारी ली।
तेजस्वी यादव ने मीडिया से बातचीत करते हुए सीएम सम्राट चौधरी पर जमकर हमला बोला। कहा कि जब रामधनी सिंह का एनकाउंटर हो सकता है तब ईओ की हत्यारे का क्यों नहीं? तेजस्वी ने कहा कि क्या सम्राट चौधरी जी में दम है कि लोजपा गुंडा एनडीए का जो विधायक है, सुनील सिंह उसका एनकाउंटर करा पाए? क्या सम्राट चौधरी उसका एनकाउंटर कराएंगे? यानि वो जुबान के पक्के नहीं है, जुबान के कच्चे हैं। यह मामला बड़ा गंभीर है, हमलोग परिजनों से भी मुलाकात करेंगे। उन्हें न्याय दिलाने के लिए जो रास्ता होगा उसे अपनाने का हम काम करेंगे।
तेजस्वी यादव ने मृत अधिकारी विमल कुमार की पत्नी बबीता से फोन पर बात की और पूछा कि सोनू सिंह के खिलाफ नामजद प्राथमिकी दर्ज हुई है या नहीं? आप चिंता मत कीजिए हम लोग आपके साथ हैं, आपकों न्याय दिलाने का काम करेंगे। फिर मीडिया से बातचीत करते हुए तेजस्वी यादव ने कहा कि यह बहुत ही दुखद घटना है, जिनकी हत्या की गयी है उनके आत्मा की शांति की प्रार्थना करते हैं। उनके परिजनों के साथ हमलोग हैं। पूरी संवेदना है और इस दुख की घड़ी में न्याय दिलाने के लिए हमलोग आवाज उठाएंगे आंदोलन करेंगे.
उन्होंने कहा कि ये दूसरी घटना है, सम्राट चौधरी जी को सौ डेढ़ सौ दिन मुख्यमंत्री बने हुए हैं और यह दूसरी घटना है कि सरकारी अधिकारी की हत्या की गयी है। यह गंभीर और बड़ा मामला है। इससे स्पष्ट होता है कि जब सम्राट चौधरी अपने ही अधिकारियों की सुरक्षा नहीं कर सकते हैं तो बिहार के आम नागरिकों की सुरक्षा कैसे करेंगे। यह बड़ा सवाल खड़ा होता है।
तेजस्वी ने कहा कि बिहार में पूरी तरीके से आतंक का राज काम हो चुका है और सम्राट चौधरी इसमें फेल हो चुके हैं। उनसे बिहार नहीं संभल रहा है। सम्राट चौधरी के कानों में वो चीख नहीं सुनाई दे रही है जब मृतक की पत्नी कह रही है कि लोजपा एनडीए का विधायक 50 लाख रुपया रंगदारी मांग रहा था। पैसा नहीं देने पर उनके पति की हत्या कर दी गयी। पीड़िता को न्याय दिलाने के बजाय सम्राट चौधरी विधायक को ही बचा रहे हैं। सोनू सिंह को सजा होनी चाहिए उसे सीएम बचा रहे हैं। तेजस्वी ने कहा कि जब तक सोनू सिंह के खिलाफ नामजद प्राथमिकी दर्ज नहीं होगी तब तक आरजेडी चुप बैठने वाली नहीं है।
बता दें कि यह सनसनीखेज वारदात 1 अगस्त 2026 की शनिवार देर रात हुई. विमल कुमार डेहरी में 'एक शाम शहीदों के नाम' कार्यक्रम में शामिल होने के बाद अपनी स्कॉर्पियो गाड़ी से पटना स्थित अपने घर लौट रहे थे. औरंगाबाद जिले के बारुण थाना क्षेत्र के धनौती पुल के पास यह घटना घटी
मगध रेंज के आईजी विकास वैभव के अनुसार, पटना जाने के दौरान रास्ते में ड्राइवर मिथिलेश ने टॉयलेट जाने के लिए गाड़ी रोकने को कहा, जिस पर अधिकारी विमल कुमार ने मना कर दिया. इस बात को लेकर दोनों के बीच तीखी बहस और लड़ाई शुरू हो गई
विवाद बढ़ने पर ड्राइवर ने गाड़ी में रखी टायर खोलने वाली लोहे की भारी रॉड उठाई और विमल कुमार के सिर और शरीर पर ताबड़तोड़ कई वार किए, जिससे वह लहूलुहान होकर गिर पड़े. अस्पताल ले जाने के दौरान डॉक्टरों ने उन्हें मृत घोषित कर दिया
शुरुआत में इस घटना को अपराधियों द्वारा गाड़ी ओवरटेक कर गोली मारने की अफवाह के रूप में देखा जा रहा था.पुलिस जांच और पोस्टमार्टम रिपोर्ट में गोली लगने की पुष्टि नहीं हुई. जांच के दौरान पुलिस को घटनास्थल पर मौजूद ड्राइवर मिथिलेश पर शक हुआ क्योंकि उसे एक भी खरोंच नहीं आई थी. पुलिस की कड़ाई से पूछताछ के बाद ड्राइवर ने अपना गुनाह स्वीकार कर लिया और बताया कि शनिवार दिन में भी उनके बीच किसी बात को लेकर विवाद हुआ था
जबकि मृतक की पत्नी बबीता कुमारी ने स्थानीय डेहरी विधायक पर बेहद गंभीर आरोप लगाए। डेहरी से लोक जनशक्ति पार्टी (राम विलास) के विधायक राजीव रंजन सिंह उर्फ सोनू सिंह के बारे में कहा कि उनके पति को वो लगातार प्रताड़ित कर रहे थे। सोनू सिंह आए दिन फोन करके उनके पति को मिलने के लिए बुलाते थे और 25 से 50 लाख रुपये की बतौर रंगदारी मांग रहे थे। मृत अधिकारी की पत्नी ने किसी गहरी राजनीतिक साजिश की आशंका जताते हुए इस हत्याकांड की उच्च स्तरीय जांच कराने की मांग की है।
पटना से गणेश सम्राट की रिपोर्ट