Bihar News: बिहार विधानसभा के मानसून सत्र के दौरान बुधवार को विधायक विनय बिहारी ने सदन में अपनी गाड़ी पर हुए कथित हमले का मामला उठाया। उन्होंने आरोप लगाया कि विधानसभा आने के दौरान असामाजिक तत्वों ने उनकी गाड़ी को निशाना बनाया, वाहन के शीशे तोड़ दिए और उसमें तोड़फोड़ की।
विनय बिहारी ने इसे जनप्रतिनिधियों की सुरक्षा से जुड़ा गंभीर मामला बताते हुए दोषियों की पहचान कर उनके खिलाफ कड़ी कार्रवाई की मांग की। उन्होंने कहा कि यदि जनप्रतिनिधि ही सुरक्षित नहीं हैं, तो यह चिंता का विषय है।
बीजेपी विधायक विनय विहारी ने सदन में कविता के जरिए अपनी बातों को रखा। उन्होंने कहा कि “हसुआ बाली चांद सितारा, आज ले ही लेते प्राण हमरा...मेरी तकदीर अच्छी थी.. मेरी तकदीर अच्छी थी.. मेरे अंगरक्षकों की सूझबुझ की वजह से वो छोड़ दिए और मैं तो हाथ लगा नहीं, मेरी गाड़ी का सारा कांच तोड़ दिए। ये विधायक बनके आज तो मैं बच गया। आप सभी साथी जो हैं विपक्ष के मैं हाथ जोड़ता हूं कि इस तरह की बात कह कर के लोगों को मत लाया जाए कि विधायक आ रहा है सदन में और बस उसको पकड़कर मारने लगिए, गाली देने लगे, सारा कांच तोड़ दीजिए.. वो तो आज मैं बड़ी भाग्य से बच गया हूं। सूचना पढ़ने का अवसर दिया गया, उसके लिए धन्यवाद देता हूं।”
विधायक के आरोपों के बाद विधानसभा का माहौल गरमा गया। इस मुद्दे पर सत्ता पक्ष और विपक्ष के सदस्यों के बीच तीखी नोकझोंक शुरू हो गई। दोनों पक्षों के सदस्य अपनी-अपनी बात रखने लगे, जिससे कुछ समय के लिए सदन में हंगामे की स्थिति बन गई।
बढ़ते शोर-शराबे के बीच विधानसभा अध्यक्ष प्रेम कुमार ने हस्तक्षेप किया। उन्होंने सदस्यों से शांत रहने की अपील करते हुए कहा कि मामला गंभीर है और घटना में शामिल लोगों के खिलाफ नियमानुसार उचित कार्रवाई की जाएगी। अध्यक्ष के आश्वासन के बावजूद कुछ देर तक सदन में हंगामा जारी रहा। सत्ता पक्ष और विपक्ष के बीच आरोप-प्रत्यारोप का दौर चलता रहा और दोनों पक्ष अपने-अपने रुख पर कायम रहे।