Bihar Politics: बिहार विधानसभा के विशेष सत्र में सम्राट चौधरी सरकार ने बहुमत साबित कर दिया है। सदन में बिना वोटिंग के ही सम्राट सरकार ने विश्वास मत हासिल कर लिया। एनडीए के तमाम दलों के नेताओं सदन में बारी-बारी से सम्राट चौधरी सरकार के समर्थन का एलान किया और सदन में ध्वनि मत से विश्वास प्रस्ताव पारित हो गया।


सुबह 11 बज से सदन की कार्यवाही शुरू हुई। सीएम सम्राट चौधरी ने विश्वास प्रस्ताव पेश किया। जिसपर सदन में चर्चा हुई। सबसे पहले नेता प्रतिपक्ष नेतस्वी यादव ने विश्वास प्रस्ताव पर अपनी बातों को रखा। तेजस्वी यादव ने इस दौरान बीजेपी पर जोरदार हमला बोला और कहा कि नीतीश कुमार को बीजेपी ने फिनिश कर दिया। तेजस्वी के इस बयान पर सदन में जोरदार हंगामा हुआ।


इसके बाद डिप्टी सीएम विजय कुमार चौधरी ने सदन में अपनी बात रखी। चर्चा के दौरान नीतीश कुमार को याद कर वह भावुक हुए और कहा कि उन्हें इस बात का मलाल है कि “दूर दृष्टि वाला नेता” अब सदन में उनके साथ नहीं हैं और नीतीश कुमार अब दूसरे सदन के सदस्य बन चुके हैं। 


विजय कुमार चौधरी ने कहा कि सदन में एक खालीपन महसूस हो रहा है, जैसे एक दीपक की रोशनी से सभी लोग लंबे समय से मार्गदर्शन लेते आए हैं, लेकिन वह दीपक अब दूर चला गया है। उन्होंने कहा कि उसी रोशनी में बिहार की राजनीति और शासन व्यवस्था आगे बढ़ती रही है। 


आखिर में मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी ने सदन में सरकार के विजन को रखा और विकास के प्रति अपनी प्रतिबद्धता दोहराई। बिहार विधानसभा में विश्वास मत के दौरान मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी ने बड़ा एलान करते हुए कहा कि उनकी सरकार क्राइम, करप्शन और कॉम्युनलिज्म यानी ‘ट्रिपल C’ पर कोई समझौता नहीं करेगी।


मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी ने बड़ा ऐलान करते हुए कहा कि अब ब्लॉक, अंचल और थाना सीधे सीएमओ की निगरानी में होंगे, साथ ही महिलाओं की सुरक्षा पर सख्त कार्रवाई का भरोसा दिया। साथ ही साथ ऐलान किया कि सड़क हादसे में मौत पर अब पीड़ित परिवार को 8 लाख रुपये मुआवजा मिलेगा, जिसमें 4 लाख बीमा कंपनी और 4 लाख सरकार देगी।


इस दौरान सम्राट चौधरी विपक्ष पर हमलावर दिखे और तेजस्वी यादव को जमकर सुनाया। सीएम सम्राट चौधरी ने कहा कि सत्ता किसी की बपौती नहीं। 14 करोड़ बिहारी के आशीर्वाद से मुख्यमंत्री की कुर्सी मिली है। एनडीए के तमाम नेताओं के आशीर्वाद से मैं यहां बैठा हूं। गलतफहमी में ना रहे। 


उन्होंने कहा कि लालू यादव ने मुझे जेल में भेजा, मेरे परिवार के 22 सदस्यों को जबरदस्ती जेल में भेजा। लालू यादव का मैं ऑफिशियल बयान कह रहा हूं, मिलर स्कूल के मैदान में उन्होंने क्षमा मांगा था और कहा था कि मुझसे गलती हुई है।


उन्होंने कहा कि मेरे कई चीजों पर लोग चर्चा करते हैं,केस की चर्चा करते हैं। कोई किसी की पाठशाला से नहीं आता है। अगर लालू जी का अत्याचार नहीं होता तो मैं बिहार का मुख्यमंत्री नहीं बन पाता, ना तो मैं जेल जाता और ना ही राजनीति में आता। मैं तो दूसरे रास्ते में चला जाता। इसलिए गलतफहमी में ना रहें।