Bihar Assembly Monsoon Session: बिहार विधानमंडल के मानसून सत्र का आज दूसरा दिन है। मानसून सत्र के दूसरे दिन भी विधानसभा में गहमागहमी की स्थिति है। बिहार के शिक्षा व्यवस्था को लेकर निर्दलीय एमएलसी बंशीधर बृजवासी ने सम्राट सरकार की तीखी आलोचना की है। एमएलसी का कहना है कि शिक्षा विभाग के पदाधिकारी सनकी हैं और सरकार को बरगलाने की कोशिश कर रहे हैं। उन्होंने शिक्षा विभाग के अधिकारियों को गिरफ्तार करने तक की मांग कर दी।
निर्दलीय एमएलसी बंशीधर बृजवासी ने कहा कि बिहार में शिक्षा मंत्री प्रतिदिन शिक्षकों को बरगलाने का काम करते हैं। समाज को बरगला रहे हैं और कह रहे हैं कि शिक्षा व्यवस्था में सुधार करेंगे, शिक्षकों का स्थानांतरण कर रहे हैं। राज्य में बिना रिक्ति की एक लाख शिक्षकों की बहाली कर दी गई। सरकार के पास इसका कोई जवाब नहीं है। हम सरकार से पूछता चाहते हैं कि जिन पदाधिकारियों ने बिना वैकेंसी के एक लाख से अधिक शिक्षक बहाल कर दिए, उन पदाधिकारियों पर क्या कार्रवाई हो रही है।
उन्होंने कहा कि राज्य के किसी भी स्कूल में सभी विषयों के शिक्षक नहीं हैं। कक्षा एक से पांचवीं तक के जो बेसिक शिक्षक हैं, पिछले 23 साल से काम कर रहे हैं और उन्हें अबतक एक भी प्रोन्नति नहीं दी गई है। दो दशक से अधिक हो गए लेकिन प्रमोशन नहीं दिया गया। जिसके कारण कक्षा 6 से 8वीं तक के बच्चों के लिए शिक्षक नहीं हैं। शिक्षा मंत्री और मुख्यमंत्री को चुनौती देता हूं कि वे राज्य का कोई भी एक मीडिल स्कूल बता दें, जहां सभी विषयों के शिक्षक हों, हम आपकी गुलामी करने को तैयार हैं।
MLC ने कहा कि यह सरकार राज्य में पिछले 16 वर्षों में आरटीआई एक्ट लागू नहीं कर सकी। बच्चों को शिक्षक नहीं मिल रहे हैं, शिक्षकों को प्रमोशन नहीं मिल रहा है। जब रिक्ति से एक लाख शिक्षक अधिक हैं तो कहां ट्रांसफर कीजिएगा। सर प्लस टीचर को पाकिस्तान भेजिएगा, नेपाल भेजिएगा या बांग्लादेश भेजिएगा। पूरे राज्य में प्रशासनिक स्थानांतरण के नाम पर बड़ा घोटाला हुआ है। पैसा लेकर ट्रांसफर पोस्टिंग किया गया।
उन्होंने सरकार से मांग की कि शिक्षा विभाग के पदाधिकारियों के खिलाफ केस दर्ज कर उन्हें गिरफ्तार किया जाए। बिना रिक्ति की जितनी बहाली हुई है उसकी राशि की वसूली की जाए। वहीं नवसृजित मॉडल विद्यालयों के सवाल पर उन्होंने कहा कि सिर्फ नाम बदल देने से कोई स्कूल आदर्श विद्यालय नहीं हो जाता है। एक भी शिक्षक का तबादला नहीं होगा, यह सिर्फ नौटंकी हो रही है। शिक्षा विभाग के पदाधिकारी सनकी हैं और मुख्यमंत्री और शिक्षा मंत्री को बरगलाने का काम कर रहे हैं।