ब्रेकिंग न्यूज़

Bhagalpur Shiv Corridor : बिहार का पहला शिव कॉरिडोर बनने का रास्ता साफ, इस जगह जल्द शुरू होगा काम Bihar politics news : जेल में बंद विधायक अनंत सिंह को बड़ी राहत: कोर्ट ने किया बरी, RJD प्रवक्ता बंटू सिंह भी निर्दोष करार दिए गए BPSC teacher recruitment : BPSC को नहीं मिल रही वेकेंसी, बिहार में आरक्षण रोस्टर में फंसी शिक्षकों की बहाली; पढ़िए क्या है पूरा अपडेट husband time sharing : पंचायत का अनोखा फैसला, पति को दो पत्नियों के बीच बंटवारा, इस दिन रहेगी छुट्टी Bihar news : पटना NEET छात्रा मौत मामले में SIT लगातार एक्टिव, ब्रह्मेश्वर मुखिया की बहू ने कहा - 26 तक है इंतजार, उसके बाद होगा... Bihar Police : मारब सिक्सर के 6 गोली..: इसी गाने पर डांस करती दिखीं बिहार की कई महिला जवान, पुलिस कैंप का वीडियो वायरल Patna NEET student case : बिना पर्चे कैसे मिली नींद की गोली, ट्रेन छोड़ स्कॉर्पियो से क्यों पटना आई छात्रा; SIT जांच में नया एंगल; जानिए नीट छात्रा मामले में क्या है नया अपडेट Patna encounter : पटना में लॉरेंस गैंग के गुर्गे का एनकाउंटर, पैर में गोली लगने के बाद गिरफ्तार; 36 से अधिक केस दर्ज Bihar Aaj Ka Mausam: बिहार में ठंड और कोहरे से राहत, अगले एक हफ्ते मौसम रहेगा साफ मुजफ्फरपुर: मनीष राज हत्याकांड का सनसनीखेज खुलासा, कुख्यात कन्हाई ठाकुर समेत 6 गिरफ्तार

इस बार शारदीय नवरात्र 17 अक्टूबर से, घोड़े पर सवार होकर आएंगी माता

इस बार शारदीय नवरात्र 17 अक्टूबर से,  घोड़े पर सवार होकर आएंगी माता

02-Oct-2020 01:22 PM

DESK :  नवरात्रि का शुभ त्योहार इस वर्ष 17 अक्टूबर से शुरू होने वाला है. हिंदी पंचांग के अनुसार यूं तो भाद्रपद के बाद शारदीय नवरात्रि का पर्व मनाया जाता है लेकिन इस साल अधिकमास होने के कारण इसे एक महीने बाद मनाया जा रहा है.  

हिन्दू धर्म में नवरात्रि का पर्व बहुत ही विशेष माना गया है. नवरात्रि के नौ दिनों में मां के अलग अगल स्वरूपों की पूजा अर्चना की जाती है. भक्त नवरात्रि का व्रत रखकर मां की उपासना करते हैं और उनकी विशेष कृपा पाते है. 

ऐसी मान्यता है कि हर साल नवरात्री पर मां का पृथ्वी पर आगमन एक विशेष सवारी पर होता है. कहा जाता है कि माता की सवारी आने वाले वक़्त यानि भविष्य को दर्शाता है. इस सवारी का एक विशेष संदेश और संकेत होता है. नवरात्रि में मां दुर्गा पालकी, नाव, हाथी या घोड़े की सवारी पर सवार होकर कैलाश पर्वत से पृथ्वी भ्रमण पर निकलती हैं. 

इस वर्ष शारदीय नवरात्रि पर मां अश्व पर सवार हो कर आ रही हैं. पंचांग के अनुसार 17 अक्टूबर को आश्विन मास की शुक्ल पक्ष की प्रतिपदा तिथि है. इस दिन चंद्रमा तुला राशि और सूर्य कन्या राशि में विराजमान रहने वाला है. ज्योतिष शास्त्र में घोड़ा तेज गति का सूचक माना गया है. घोड़े पर जब मां दुर्गा सवार होकर आती हैं तो ऐसा माना जाता कि यह राजनीति और सीमा पर उथल पुथल की तरफ संकेत करता है. मां व्यक्ति के आचरण के अनुसार शुभ अशुभ फल प्रदान करती हैं.