JHARKHAND: झारखंड के हजारीबाग जिले से एक बेहद दर्दनाक और दिल दहला देने वाली घटना सामने आई है। कटकमदाग थाना क्षेत्र के कूद गांव में सेप्टिक टैंक के अंदर बनी जहरीली गैस की चपेट में आने से एक ही परिवार के तीन लोगों की मौत हो गई, जबकि एक अन्य सदस्य गंभीर हालत में अस्पताल में भर्ती है।


पुलिस के अनुसार, घर के सेप्टिक टैंक में अवैध रूप से महुआ शराब बनाई जा रही थी। शराब तैयार करने के लिए महुआ का जावा टैंक के अंदर जमा कर रखा गया था। गलत और असुरक्षित तरीके से शराब बनाने के कारण टैंक के भीतर जहरीली गैस बन गई थी, जिसकी जानकारी परिवार को नहीं थी।


हादसा उस समय हुआ जब घर की महिला चमेली देवी टैंक के अंदर रखी शराब निकालने के लिए नीचे उतरीं। टैंक में उतरते ही जहरीली गैस की वजह से उनका दम घुटने लगा और वह बेहोश होकर गिर पड़ीं। काफी देर तक बाहर नहीं आने पर उनका बेटा मां को खोजने के लिए टैंक में उतरा, लेकिन वह भी जहरीली गैस की चपेट में आकर बेसुध हो गया। इसके बाद दोनों को बचाने के लिए चमेली देवी के देवर भी टैंक में उतरे, मगर वह भी गैस के असर से बाहर नहीं निकल सके। देखते ही देखते तीनों की टैंक के अंदर ही दर्दनाक मौत हो गई।


परिवार के तीन सदस्यों को बचाने की कोशिश में चमेली देवी के पति भी टैंक में उतर गए, लेकिन वह भी जहरीली गैस की चपेट में आकर बेहोश हो गए। आसपास के लोगों ने किसी तरह उन्हें बाहर निकाला और इलाज के लिए अस्पताल पहुंचाया, जहां उनकी हालत गंभीर बनी हुई है। घटना की सूचना मिलते ही कटकमदाग थाना प्रभारी सरोज कुमार सिंह पुलिस टीम के साथ मौके पर पहुंचे। पुलिस ने काफी मशक्कत के बाद तीनों शवों को टैंक से बाहर निकाला और पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया। पुलिस को घटनास्थल से अवैध महुआ शराब और शराब बनाने में इस्तेमाल होने वाली सामग्री भी बरामद हुई है। फिलहाल पुलिस पूरे मामले की गंभीरता से जांच में जुटी है।