PATNA: समस्तीपुर के तत्कालीन सब रजिस्ट्रार मणिरंजन के खिलाफ स्पेशल विजिलेंस यूनिट ( विशेष निगरानी इकाई) में दर्ज अकूत संपत्ति अर्जित करने के मामले में विभागीय कार्यवाही करते हुए सेवा से  बर्खास्त  किया गया। SVU की रेड में मिले 73 लाख कैश मिलने के बाद यह कार्रवाई की गयी। 


मणिरंजन, तत्कालीन सब रजिस्ट्रार, वर्तमान में अवर निबंधक-सह-सहायक निबंधन महानिरीक्षक कार्यालय, मगध प्रमंडल के विरुद्ध SVU थाना काण्ड संख्या-06/2021 दिनांक-16.12.2021 के आलोक में दिनांक-08.06.2026 को बिहार सरकार के द्वारा सेवा से बर्खास्त किया गया है। SVU थाना कांड संख्या 06/2021 दिनांक-16.12.2021 धारा-120 (B) भा०द०वि० एवं 13(1)(b) एवं 13 (2) सह-पठित 12 भ्रष्टाचार निरोधक अधिनियम, 1988 (यथा संशोधित 2018) के अभियुक्त मणिरंजन, जिला सब रजिस्ट्रार, समस्तीपुर के विरूद्ध आय से अधिक संपत्ति अर्जित करने के आरोप में दर्ज किया गया था। मणिरंजन, जिला सब रजिस्ट्रार, समस्तीपुर द्वारा वर्ष 2010 से बिहार के विभिन्न स्थानों पर कार्य करते हुए और जिला सब रजिस्ट्रार, समस्तीपुर के पद पर कार्य करते हुए भ्रष्ट और अवैध तरीकों से आय से अधिक सम्पत्ति 1,62,36,926/ 52,36,926 /- रूपये अर्जित की गई थी। 


काण्ड के अनुसंधान के क्रम में मणिरंजन के पास अचल सम्पत्ति में मुजफ्फरपुर के मॉल में एक दुकान, पटना स्थित ज्योतिपुरम कॉलोनी में एक करोड़ तीन लाख रूपये का एक जमीन, पाटलीग्राम अपार्टमेन्ट, पटना में एक फ्लैट तथा कटिहार में एक जमीन पाया गया। छापामारी के दौरान कुल 38,93,200/- रू० नगद मणिरंजन के आवास से बरामद किया गया। बिहार सरकार के मद्य निषेध, उत्पाद एवं निबंधन विभाग द्वारा श्री मणिरंजन के विरुद्ध विभागीय संकल्प संख्या-2792 दिनांक-02.06.2022 द्वारा विभागीय कार्यवाही संस्थित की गई। जाँच आयुक्त से प्राप्त प्रतिवेदन के आधार पर श्री मणिरंजन का आचरण बिहार सरकारी सेवक आचार नियमावली 1976 के प्रावधानों के प्रतिकुल रहने के आरोप में बिहार सरकार की सेवा से बर्खास्तगी का दंड अधिरोपित किया गया, जिसके आलोक में बिहार सरकार द्वारा श्री मणिरंजन को बर्खास्त किया गया है। बिहार कैबिनेट ने आय से अधिक संपत्ति मामले में फंसे सब-रजिस्ट्रार मणि रंजन को सेवा से बर्खास्त करने के प्रस्ताव को मंजूरी भी दे दी है।


सम्राट सरकार ने एक भ्रष्ट सब रजिस्ट्रार को नौकरी से बर्खास्त कर दिया है. कैबिनेट की बैठक में इस प्रस्ताव पर मुहर लगी है.  मणीरंजन वर्तमान में अवर निबंधक सह सहायक निबंधन महानिरीक्षक कार्यालय मगध प्रमंडल में पदस्थापित थे. विशेष निगरानी इकाई ने 2021 में इनके खिलाफ आय से अधिक संपत्ति अर्जित करने का केस दर्ज कर कई ठिकानों पर छापेमारी की थी. रेड में मणीरंजन के आवास से  73.5 लाख रुपए कैश बरामद हुए थे. आय से अधिक संपत्ति के मामले में समस्तीपुर के सब रजिस्ट्रार मणि रंजन के तीन ठिकानों पर छापेमारी की गयी. इस छापेमारी 17 दिसंबर 2021 को की गई थी. रेड में सब रजिस्ट्रार के ठिकानों से 73.5 लाख रुपए कैश बरामद हुए. साथ ही करोड़ों की चल-अचल संपत्ति का खुलासा हुआ था. 


स्पेशल विजिलेंस यूनिट द्वारा आय से अधिक संपत्ति मामले में रजिस्ट्रार मणि रंजन के ठिकानों पर की गयी छापेमारी के दौरान पटना (Vigilance Raid in Patna) स्थित आवास से 60 लाख नगद, 32 लाख रुपए के एक फ्लैट के दस्तावेज, पत्नी सुनीता के नाम पर 55 लाख का फ्लैट का पता चला. डेढ़ करोड़ रुपए मूल्य का ढाई कट्ठा जमीन के कागजात, पटना में ससुर के नाम से एक फ्लैट का छापे में खुलासा का दावा किया गया था. इसके अलावा लाखों के गहने, फिक्स डिपाजिट, जीवन बीमा एवं रियल स्टेट में निवेश का प्रमाण का मिलने का दावा किया गया था. वहीं, अभियुक्त के पास से कई पासबुक बरामद किये गये,जिससे एसबीआई सहित अन्य बैंक में निवेश का निवेश की जानकारी मिली थी. 


अभियुक्त मणि रंजन के समस्तीपुर आवास (Vigilance Raid in Patna) से डेढ़ लाख रुपए नगद एवं 8 लाख रुपये जमा के कागजात बरामद किये गये थे. इसके साथ ही स्कॉर्पियो, होंडा अमेज, टाटा नेक्सन कार बरामद किया गया था. अभियुक्त के मुजफ्फरपुर आवास से 12 लाख रुपए नगद मिला था. इसके अलावा विनायक होटल का पता चला जो 2019 से बन रहा था. 22 लाख के दो दुकानों की जानकारी मिली थी, जिसमें दो सैलून चल रहे थे.