MOTIHARI:पूर्वी चंपारण जिले में पुलिस ने खाकी वर्दी की आड़ में लूटपाट और ठगी करने वाले एक बड़े गिरोह का पर्दाफाश किया गया है। बर्खास्त और रिटायर्ड पुलिस कर्मियों ने यह गैंग बना रखा था, जो रात के अंधेरे में खुद को पुलिसकर्मी बता लोगों को ठगता और लूटता था। पुलिस का धौंस दिखाकर पैसे की उगाही करता था।
मुफ्फसिल थाना पुलिस ने कार्रवाई करते हुए इस गिरोह के पांच सदस्यों को गिरफ्तार किया है। गिरफ्तार आरोपियों में सफदर इमाम, लाल बहादुर राम, मोहम्मद आरिफ, राजेंद्र राय और प्रभु लाल शाह शामिल हैं।सदर एसडीपीओ-2 जितेश पांडे ने बताया कि हाल ही में हुए एक मारपीट मामले में सफदर इमाम की गिरफ्तारी के बाद पूछताछ में इस पूरे गिरोह का खुलासा हुआ। उसकी निशानदेही पर पुलिस ने अन्य आरोपियों को भी दबोच लिया।
जांच में सामने आया कि गिरोह में बर्खास्त पुलिसकर्मी और रिटायर्ड होमगार्ड जवान भी शामिल थे। ये सभी खाकी वर्दी पहनकर लोगों को भ्रमित करते थे और ‘नोट डबलिंग’ जैसे झांसे देकर ठगी करते थे। पुलिस ने आरोपियों के पास से चार खाकी वर्दी सेट, चार टोपी, तीन बेल्ट, एक खाकी कोट, जूते, दो पुलिस बोर्ड, चार लाठी, एक आईडी कार्ड, पासबुक, नोटबुक, चार मोबाइल फोन, 1 लाख 81 हजार 200 रुपये नकद और तीन लग्जरी गाड़ियां बरामद की हैं।
यह पूरा गैंग लोगों से रात के अंधेरे में पैसे लूटने ठगने का काम करता था।वही पुलिस को यह जानकारी मिली की लाल बहादुर राम बर्खास्त पुलिसकर्मी है वही राजेंद्र राय और प्रभु लाल सा रिटायर्ड होमगार्ड जवान है और एक मिस्त्री के साथ मिलकर बड़ा खेल करने जा रहा था। पुलिस के अनुसार, यह गिरोह लंबे समय से सक्रिय था और सुनियोजित तरीके से वारदातों को अंजाम देता था। फिलहाल सभी आरोपियों से पूछताछ जारी है और मामले की गहन जांच की जा रही है।