Bihar News: अकूत बेनामी संपत्तियां अर्जित करने वाले किशनगंज के पूर्व एसडीपीओ गौतम कुमार चर्चा में हैं. सिर्फ संपत्ति अर्जन को लेकर चर्चा नहीं है, बल्कि महिला मित्र और नौकरानी को करोड़पति बनाने, सबसे बड़ी बात सीमांचल प्रेम को लेकर सुर्खियों में हैं. बताया जाता है कि करप्शन किंग गौतम कुमार, दारोगा से लेकर डीएसपी तक की सेवा सीमांचल इलाके में दिया है. अधिकांश समय किशनगंज-कटिहार और पूर्णिया इलाके में ही गुजारा है. ईओयू की रेड के बाद जो खुलासे हुए हैं,उससे पुलिस मुख्यालय और सरकार दोनों हिल गई है. आखिर ऐसे लोगों को प्रश्रय कौन देता है? किनकी शह पर इस तरह का खेल किया जा रहा है?
गौतम कुमार ने सरकार की मिट्टी पलीद करा दी...
ईओयू के सूत्र बताते हैं कि किशनगंज के पूर्व एसडीपीओ गौतम कुमार जिन्हें 7 अप्रैल को निलंबित किया गया है, वे दारोगा से प्रमोट होकर डीएसपी बने हैं. 1994 में गौतम कुमार की दारोगा में नियुक्ति हुई. इसके बाद प्रमोट होकर इंस्पेक्टर फिर डीएसपी तक पहुंचे. पिछले दो दशक में कुछ महीने तक पटना और बगहा को छोड़ दें तो अधिकांश समय सीमांचल इलाके में ही सेवा दी है. चाहे दारोगा हो, इस्पेक्टर या फिर डीएसपी. इस बात की जानकारी जब पुलिस मुख्यालय को लगी, इसके बाद हड़कंप मच गया है. बात अब सिर्फ गौतम कुमार की नहीं रही. अन्य अधिकारियों को लेकर पुलिस मुख्यालय और सरकार के कान खड़े हो गए हैं. लिहाजा सीमांचल के जिलों में तैनात एसडीपीओ की कुंडली खंगाली जा रही है.
सीमांचल में कब-कब सेवा दी, मांगी जा रही जानकारी
पुलिस मुख्यालय के सूत्र बताते हैं कि सीमांचल के जिलों में पदस्थापित पुलिस पदाधिकारियों के बारे में जानकारी जुटाई जा रही है. विभिन्न अनुमंडलों में पदस्थापित एसडीपीओ, कब से सीमांचल के इलाके में है, पूछा जा रहा. प्रमोट होकर एसडीपीओ बने अधिकारियों से पूछा जा रहा है, आप दारोगा-इंस्पेक्टर रहते कितने दिनों तक इन इलाकों में सेवा दी है ? सारी जानकारी जुटाई जा रही है.
15 से अधिक एसडीपीओ के बारे में जानकारी जुटाई जा रही
सीमांचल में पूर्णिया, किशनगंज, कटिहार और अररिया जिला शामिल है. ये सभी जिले पूर्णिया प्रमंडल के अंतर्गत हैं. कटिहार में जहां तीन अनुमंडल कटिहार, बारसोई, और मनिहारी है, जिसमें चार एसडीपीओ की पोस्टिंग है. वहीं, पूर्णिया जिले में सदर, बनमनखी, धमदाहा और बायसी अनुमंडल हैं. इस जिले में सदर अनुमंडल में दो एसडीपीओ की पोस्टिंग है. जबकि अररिया जिले में दो अररिया और फारबिसगंज में अनुमंडल पुलिस पदाधिकारी तैनात हैं. किशनगंज में किशनगंज, बहादुरगंज, ठाकुरगंज, दिघलबैंक, जहां एसडीपीओ की पोस्टिंग है. पुलिस मुख्यालय इन अनुमंडलों में पदस्थापित एसडीपीओ की कुंडली,खासकर कब-कब सीमांचल के जिलों में पदस्थापित रहे, इस बारे में जानकारी इकट्ठा कर रहा है. सूत्र बताते हैं कि सीमांचल प्रेम किशनगंज के पूर्व एसडीपीओ गौतम कुमार को नहीं था, बल्कि इस लिस्ट में कई अन्य अफसर भी हैं. बताया जाता है कि सीमांचल के इलाके में पदस्थापित एक और एसडीपीओ ऐसे हैं, जो लंबे समय तक इस इलाके में अपनी सेवा दे चुके हैं. बताया जाता है कि वे भी प्रमोशन पाकर डीएसपी तक पहुंचे हैं.
करोड़पति गौतम कुमार को सरकार ने किया सस्पेंड
किशनगंज के एसडीपीओ गौतम कुमार जिनके खिलाफ ईओयू ने आय से अधिक संपत्ति अर्जित करने का केस दर्ज कर छापेमारी की है, उन्हें सरकार ने सस्पेंड कर दिया है. सोमवार को ईओयू की नोटिस पर एसडीपीओ गौतम कुमार पटना स्थित आर्थिक अपराध इकाई के कार्यालय में उपस्थित हुए, जहां पर उनसे करीब पांच घंटे तक पूछताछ की गयी। पूछताछ अभी पूरी नहीं हुई है. लिहाजा 10 अप्रैल को एक बार फिर से बुलाया गया है.
31 मार्च को ईओयू ने लॉन्च किया था ऑपरेशन
गौरतलब है कि आर्थिक अपराध इकाई (ईओयू) ने 31 मार्च 2026 को किशनगंज के एसडीपीओ गौतम कुमार के विरुद्ध आय से 60 फीसदी अधिक संपत्ति अर्जित किए जाने का मामला दर्ज करते हुए उनके किशनगंज, पूर्णिया एवं पटना के आधा दर्जन ठिकानों पर छापेमारी की थी. छापेमारी में उनके विरुद्ध दर्ज आय से अधिक संपत्ति के मुकाबले कई गुणा अधिक संपत्ति का पता लगा। ईओयू के मुताबिक एसडीपीओ ने स्वयं, पत्नी, सास के अलावा कई महिला मित्र, सविका व अन्य लोगों के नाम पर संपत्तियां खरीदी है या निवेश किया है। उनके विभिन्न माफियाओं के साथ साठ-गांठ का भी पता लगा है, जिसकी जांच अलग से हो रही है। सिलीगुड़ी में टी-स्टेट, नोएडा में फ्लैट और पटना में हाईक्लास नर्सिंग होम के निर्माण से जुड़े दस्तावेज बरामद किए गए हैं। इसके अलावा पूर्णिया के इंदिरा नगर में लगभग 4 करोड़ रुपये की लागत से बने चार मंजिला मकान सहित कई संपत्तियों के कागजात भी जब्त किए गए हैं। मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक गौतम के पास 80 करोड़ से अधिक की बेनामी संपत्ति है।
एसडीपीओ गौतम कुमार की पत्नी और गर्लफ्रेंड के नाम पर 25 से अधिक जमीनों के दस्तावेज, क्रेटा-थार जैसी गाड़ियों के कागजात, कैश, जेवरात आदि पाए गए। एक पुलिस अफसर के पास इतनी संपत्ति देख छापेमारी टीम भी दंग रह गई। एसडीपीओ गौतम कुमार ने अपनी गर्लफ्रेंड पर भी जमकर पैसे लुटाए। पूर्णिया स्थित उनकी कथित प्रेमिका पारो के घर पर ईओयू की डीएसपी माधुरी के नेतृत्व में की गई छापेमारी में करीब 60 लाख रुपये की तो सिर्फ ज्वेलरी मिली। इसके अलावा, 7 जमीन के डीड और एसडीपीओ के नाम से जुड़े लेन-देन सहित ज्वेलरी के कागजात सहित अन्य अहम दस्तावेज बरामद किए गए। मिली जानकारी के अनुसार एसडीपीओ गौतम ने प्रेमिका को पूर्णिया में आलीशान मकान बना कर दिया है।