Bihar Crime News: गोपालगंज के जिला एवं सत्र न्यायाधीश प्रथम संजीव कुमार सिंह की अदालत ने युवती की हत्या के मामले में उसके मंगेतर को दोषी करार देते हुए आजीवन कारावास की सजा सुनाई है। अदालत ने दोषी पर 50 हजार रुपये का अर्थदंड भी लगाया है। जुर्माना नहीं देने की स्थिति में उसे छह माह का अतिरिक्त कारावास भुगतना होगा।


मामला गोपालपुर थाना क्षेत्र के रतनपुरा गांव निवासी नंदलाल चौधरी की पुत्री पिंकी कुमारी की हत्या से जुड़ा है। अभियोजन के अनुसार, वर्ष 2023 में पिंकी की शादी विश्वम्भरपुर थाना क्षेत्र के सिपाया ढाला निवासी दयानंद चौधरी के पुत्र गुड्डू कुमार यादव से तय हुई थी। 


शादी तय होने के बाद दोनों के बीच मोबाइल पर बातचीत होती थी और आरोपी ने पिंकी को एक मोबाइल फोन भी दिया था। हालांकि, परिजनों द्वारा शादी से पहले बातचीत पर रोक लगाने के बाद दोनों के बीच संपर्क कम हो गया। इसी दौरान आरोपी को संदेह हुआ कि पिंकी का किसी अन्य युवक से संबंध है।


अभियोजन के मुताबिक, 26 अप्रैल 2024 की रात पिंकी अपने घर से लापता हो गई थी। अगले दिन गांव के बाहर एक बगीचे में उसका शव नग्न अवस्था में बरामद हुआ। पुलिस जांच में सामने आया कि उसकी गर्दन काटकर हत्या की गई थी।


जांच के दौरान पुलिस ने दोनों के मोबाइल की कॉल डिटेल रिकॉर्ड (सीडीआर) की जांच की। इसमें घटना वाले दिन दोनों के बीच कई बार बातचीत होने की पुष्टि हुई। साथ ही आरोपी की मोबाइल लोकेशन भी घटनास्थल के आसपास पाई गई। पुलिस ने आरोपी को गिरफ्तार कर पूछताछ की, जिसमें उसने हत्या में अपनी संलिप्तता स्वीकार कर ली। उसकी निशानदेही पर हत्या में प्रयुक्त चाकू भी बरामद किया गया।


मामले की सुनवाई के दौरान अभियोजन पक्ष की ओर से अपर लोक अभियोजक रमन चंद्र मिश्रा और बचाव पक्ष की ओर से अधिवक्ता रुपेश तिवारी ने अपना पक्ष रखा। दोनों पक्षों की दलीलें सुनने के बाद अदालत ने गुड्डू कुमार यादव को हत्या का दोषी मानते हुए आजीवन कारावास और 50 हजार रुपये जुर्माने की सजा सुनाई।