GOPALGANJ: शराबबंदी वाले बिहार में शराब तस्कर लगातार नए-नए हथकंडे अपनाकर शराब की खेप पहुंचाने की कोशिश कर रहे हैं, लेकिन गोपालगंज उत्पाद विभाग की सतर्कता के आगे उनके मंसूबे नाकाम साबित हो रहे हैं। गोपालगंज में उत्पाद विभाग ने दो अलग-अलग बड़ी कार्रवाई करते हुए कारों में गुप्त तहखाना बनाकर तस्करी की जा रही 600 लीटर से अधिक विदेशी शराब बरामद की है। इस दौरान तीन तस्करों को गिरफ्तार किया गया है, जबकि तस्करी में इस्तेमाल की जा रही दो कारों को भी जब्त कर लिया गया है। बरामद शराब की अनुमानित कीमत करीब 20 लाख रुपये बताई जा रही है। उत्पाद विभाग अब इस पूरे नेटवर्क के बैकवर्ड और फॉरवर्ड लिंक की जांच में जुट गया है।
पहली कार्रवाई नगर थाना क्षेत्र के कोन्हवा मोड़ के समीप एनएच-27 पर की गई, जहां उत्पाद विभाग की टीम वाहन जांच अभियान चला रही थी। इसी दौरान एक संदिग्ध कार को रोककर उसकी तलाशी ली गई। जांच के दौरान कार की डिक्की में बेहद शातिराना तरीके से बनाया गया गुप्त तहखाना मिला। जब तहखाने को खोला गया तो उसमें भारी मात्रा में विदेशी शराब छिपाकर रखी गई थी। उत्पाद विभाग ने कार से कुल 305.250 लीटर विदेशी शराब बरामद की और मौके से एक तस्कर को गिरफ्तार कर लिया। गिरफ्तार आरोपी सुपौल जिले का रहने वाला बताया जा रहा है।
उत्पाद विभाग की दूसरी कार्रवाई कुचायकोट थाना क्षेत्र के सासामुसा पेट्रोल पंप के सामने एनएच-27 सर्विस रोड पर हुई। यहां भी वाहन जांच के दौरान एक कार को रोककर तलाशी ली गई। इस कार में भी विशेष रूप से तैयार किए गए गुप्त तहखाने से 301.125 लीटर विदेशी शराब बरामद की गई। इस मामले में दो तस्करों को गिरफ्तार किया गया। पूछताछ में कई अहम जानकारियां हाथ लगी हैं, जिसके आधार पर उत्पाद विभाग शराब तस्करी के बड़े नेटवर्क तक पहुंचने की कोशिश कर रहा है।
उत्पाद विभाग के अधिकारियों के मुताबिक दोनों कारों को इस तरह मॉडिफाई किया गया था कि सामान्य जांच में शराब का पता लगाना मुश्किल हो। तस्करों ने डिक्की और बॉडी के भीतर विशेष तहखाने बनाकर शराब छिपा रखी थी। आशंका है कि शराब की खेप उत्तर प्रदेश से बिहार लाई जा रही थी और उसे सुपौल समेत अन्य जिलों में पहुंचाया जाना था। हालांकि उत्पाद विभाग की सतर्कता और गुप्त सूचना के आधार पर दोनों खेपों को रास्ते में ही पकड़ लिया गया।
गोपालगंज उत्पाद विभाग लगातार एनएच-27 और यूपी-बिहार सीमा से जुड़े इलाकों में विशेष निगरानी अभियान चला रहा है। हाल के दिनों में शराब तस्कर लग्जरी कार, ट्रैक्टर, ट्रक और अन्य वाहनों में गुप्त तहखाने बनाकर शराब की तस्करी कर रहे हैं। इसके बावजूद उत्पाद विभाग की टीम लगातार कार्रवाई कर रही है और तस्करों के नए-नए तरीकों का पर्दाफाश कर रही है।
उत्पाद अधीक्षक अमृतेश कुमार झा ने बताया कि गुप्त सूचना के आधार पर उनके नेतृत्व में विशेष टीम का गठन किया गया था। वाहन जांच अभियान के दौरान दोनों कारों से कुल 606.375 लीटर विदेशी शराब बरामद की गई है। तीन तस्करों को गिरफ्तार किया गया है और दोनों वाहनों को जब्त कर लिया गया है। फिलहाल यह पता लगाया जा रहा है कि शराब कहां से लाई गई थी, किसके लिए भेजी जा रही थी और इस नेटवर्क में कौन-कौन लोग शामिल हैं। पूरे मामले में आगे की कार्रवाई जारी है।
गोपालगंज में उत्पाद विभाग की इस कार्रवाई ने एक बार फिर साबित कर दिया है कि शराब तस्कर चाहे जितने नए हथकंडे अपना लें, लेकिन सतर्क निगरानी और लगातार अभियान के चलते कानून के शिकंजे से बच पाना आसान नहीं है। फिलहाल उत्पाद विभाग गिरफ्तार तस्करों से पूछताछ कर शराब तस्करी के बड़े नेटवर्क का खुलासा करने में जुटा है।
गोपालगंज से नमो नारायण मिश्र की रिपोर्ट