Bihar Crime News: बिहार में शादी कराने के नाम पर ठगी करने वाले एक संगठित गिरोह का पुलिस ने भंडाफोड़ करते हुए नौ सदस्यों को गिरफ्तार किया है, जिनमें चार महिलाएं भी शामिल हैं। यह गिरोह उत्तर प्रदेश और बिहार के विभिन्न इलाकों में सक्रिय था और युवकों को शादी का झांसा देकर उनसे नगदी और जेवर ठगकर फरार हो जाता था।


मामले का खुलासा करते हुए पुलिस अधीक्षक शुभम आर्य ने बताया कि कानपुर निवासी रमा देवी ने मुफस्सिल थाने में शिकायत दर्ज कराई थी। उन्होंने आरोप लगाया कि उनके देवर की शादी कराने के नाम पर उनसे नगदी और जेवर की ठगी की गई। शिकायत के अनुसार, कोरानसराय निवासी कलावती देवी और उनके पति रमेश गोंड़ ने उनके देवर की शादी कराने के लिए 7 अप्रैल को बक्सर बुलाया था, जहां 50 हजार रुपये नगद और जेवर की मांग की गई।


बाद में 40 हजार रुपये नगद और जेवर देने पर सहमति बनी और 8 अप्रैल को बक्सर कोर्ट में उनके देवर की शादी कथित दुल्हन नीतू देवी से कराई गई। शादी के बाद रस्मों के लिए दोनों पक्ष चौसा के महादेवा घाट पहुंचे। वहीं विदाई के समय बाइक सवार दो लोग खुद को पुलिसकर्मी बताकर दुल्हन को अपने साथ ले गए और बाकी लोगों को थाने आने को कहा। इसके बाद गिरोह के सदस्य मौके से फरार हो गए।


घटना की सूचना तत्काल डायल 112 पर दी गई और थाने में प्राथमिकी दर्ज कराई गई। मामले की जांच के लिए सदर एसडीपीओ के नेतृत्व में पुलिस टीम गठित की गई। कार्रवाई करते हुए पुलिस ने तुर्कपुरवा निवासी हैदर खां को गिरफ्तार किया, जो इस पूरे मामले में पुलिसकर्मी की भूमिका निभा रहा था। उसकी निशानदेही पर छापेमारी कर गिरोह के अन्य सदस्यों को भी गिरफ्तार कर लिया गया।


गिरफ्तार आरोपियों के पास से एक ऑटो, 38,500 रुपये नगद, एक जोड़ी कान की बाली, एक जोड़ा पायल और पांच मोबाइल फोन बरामद किए गए हैं। पुलिस ने जिन नौ लोगों को गिरफ्तार किया है, उनमें फर्जी दुल्हन, उसके परिजन बनकर भूमिका निभाने वाले और अन्य सहयोगी शामिल हैं। मामले में आगे की जांच जारी है।