Bihar Crime News: बिहार के पश्चिम चंपारण के मटियरिया थाना क्षेत्र से एक हृदयविदारक घटना सामने आई है। परिवार की रोजी-रोटी और तीन बेटियों के बेहतर भविष्य का सपना लेकर घर से निकले 35 वर्षीय इम्तेयाज अंसारी की संदिग्ध परिस्थितियों में मौत हो गई। कुशवाहा चौक के समीप उनका शव मिलने से इलाके में सनसनी फैल गई। मृतक के सिर के पिछले हिस्से में गोली लगने जैसा निशान मिलने के बाद हत्या की आशंका जताई जा रही है। हालांकि, मौत की असली वजह पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने के बाद ही स्पष्ट होगी।




मृतक की पहचान मटियरिया थाना क्षेत्र के हौदा डुमरा गांव निवासी हजरत अंसारी के पुत्र इम्तेयाज अंसारी के रूप में हुई है। वह मुर्गे का मांस बेचकर परिवार का भरण-पोषण करते थे। बताया जाता है कि रोज की तरह शनिवार सुबह पत्नी के हाथों बना खाना खाने के बाद वह बाइक से मुर्गा लाने के लिए घर से निकले थे। लेकिन परिवार को क्या पता था कि रोजी-रोटी की तलाश में निकले इम्तेयाज अब कभी लौटकर नहीं आएंगे।




जानकारी के अनुसार, कुशवाहा चौक के समीप इम्तेयाज अंसारी मृत अवस्था में मिले। शव घर पहुंचने पर सिर से खून निकलता देख परिजनों को संदेह हुआ। जांच करने पर सिर के पिछले हिस्से में दाहिनी ओर गोली लगने जैसा निशान दिखाई दिया। इसके बाद परिजनों ने तत्काल मटियरिया थाना पुलिस को सूचना दी। घटना की खबर मिलते ही परिवार में चीख-पुकार मच गई।





सूचना पर मटियरिया थानाध्यक्ष राकेश कुमार और पुलिस इंस्पेक्टर सरफराज अहमद पुलिस बल के साथ मौके पर पहुंचे। पुलिस ने घटनास्थल का निरीक्षण करने के बाद शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए जीएमसीएच, बेतिया भेज दिया। पुलिस इंस्पेक्टर सरफराज अहमद ने बताया कि पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने के बाद ही मौत के वास्तविक कारणों का पता चल सकेगा। फिलहाल परिजनों की ओर से कोई लिखित आवेदन प्राप्त नहीं हुआ है। आवेदन मिलने के बाद नियमानुसार आगे की कार्रवाई की जाएगी।




इम्तेयाज अपने पीछे पत्नी हाजरा खातून और तीन बेटियों जेबा खातून, अफरीन खातून तथा जोया खातून को छोड़ गए हैं। परिवार की जिम्मेदारियां उठाने वाले इम्तेयाज ही घर के मुख्य सहारा थे। उनकी अचानक मौत से पत्नी और तीनों बेटियों के सामने जीवन का बड़ा संकट खड़ा हो गया है।




जिस पिता के कंधों पर बेटियों के भविष्य को संवारने की जिम्मेदारी थी, आज उन्हीं बेटियों के सिर से पिता का साया उठ गया। परिवार के लिए मेहनत-मजदूरी कर खुशियां जुटाने वाले इम्तेयाज की मौत से पूरे गांव में शोक की लहर है। फिलहाल सबसे बड़ा सवाल यही है कि इम्तेयाज की मौत कैसे हुई? क्या उन्हें गोली मारकर मौत के घाट उतारा गया या इसके पीछे कोई दूसरी वजह है? इन सवालों का जवाब पोस्टमार्टम रिपोर्ट और पुलिस जांच के बाद ही सामने आएगा।

बेतिया से संतोष कुमार की रिपोर्ट..