Bihar Crime News: बिहार के पैलाडीह गांव में अवैध पटाखा निर्माण के खिलाफ पुलिस की कार्रवाई के बाद अब एक नई चुनौती सामने आ गई है। छापेमारी के दौरान घर से बरामद किए गए साढ़े चार किलो बारूद को सुरक्षित रखना पुलिस के लिए परेशानी का कारण बन गया है। इतनी बड़ी मात्रा में विस्फोटक को थाने के सामान्य कमरे में रखना जोखिम भरा माना जा रहा है। ऐसे में पुलिस जब्त बारूद के सुरक्षित भंडारण के लिए उपयुक्त स्थान तलाश रही है।




गौरतलब है कि सिमरी थाना क्षेत्र के पैलाडीह गांव में पिछले गुरुवार को पुलिस ने एक घर में छापेमारी की थी। इस दौरान पुलिस ने घर से 4 किलो 500 ग्राम बारूद बरामद किया था। इसके अलावा मौके से 75 तैयार और 300 अर्धनिर्मित चुकिया पटाखे भी जब्त किए गए थे। इस कार्रवाई से इलाके में चल रहे अवैध पटाखा निर्माण का खुलासा हुआ था। हालांकि, अब जब्त विस्फोटक को सुरक्षित रखने की व्यवस्था करना पुलिस के लिए बड़ी चुनौती बन गया है।




थाना परिसर में पुलिसकर्मियों की लगातार आवाजाही और रोजमर्रा की गतिविधियों को देखते हुए सामान्य कमरे में इतनी मात्रा में विस्फोटक रखना सुरक्षा के लिहाज से उचित नहीं माना जा रहा है। थोड़ी सी लापरवाही भी गंभीर हादसे का कारण बन सकती है। इसी वजह से पुलिस इस मामले में कोई जोखिम नहीं उठाना चाहती।




सिमरी थानाध्यक्ष ज्योति कुमारी ने बताया कि थाना परिसर के अंदर स्थित पुराने भवन के किसी कमरे में जब्त बारूद को सुरक्षित रखने के विकल्प पर विचार किया जा रहा है। फिलहाल, पुलिस के सामने सबसे बड़ी चुनौती बरामद विस्फोटक को सुरक्षित तरीके से रखने की है। इसके लिए उपयुक्त व्यवस्था किए जाने पर विचार किया जा रहा है।