Air Ticket Price: दिवाली और छठ पर घर लौटने की तैयारी कर रहे लोगों की मुश्किलें बढ़ गई हैं। ट्रेनों में सीटें तेजी से फुल होने के बाद अब हवाई यात्रा करने वाले यात्रियों को भी बढ़े हुए किराये का सामना करना पड़ रहा है। हैदराबाद से उत्तर भारत के कई शहरों के लिए दिवाली और छठ के आसपास हवाई टिकटों की कीमत में भारी उछाल देखने को मिल रहा है। कुछ घरेलू रूट पर किराया इतना बढ़ गया है कि विदेश जाना भी इससे सस्ता पड़ रहा है।
दिवाली के आसपास हैदराबाद से पटना या चंडीगढ़ जाने वाली एक तरफ की फ्लाइट का किराया करीब 22,000 तक पहुंच गया है। सामान्य दिनों में इसी रूट पर टिकट करीब 9,000 में मिल जाता है। यानी त्योहार के दौरान यात्रियों को सामान्य किराये के मुकाबले दोगुने से भी ज्यादा रकम चुकानी पड़ सकती है।
जयपुर जाने वाली फ्लाइट का किराया भी बढ़ गया है। सामान्य दिनों में करीब 8,000 में मिलने वाला एक तरफ का टिकट अब लगभग 21,000 तक पहुंच गया है। इसके अलावा हैदराबाद से कोलकाता, गुवाहाटी, लखनऊ, भोपाल और इंदौर जाने वाली उड़ानों के किराये में भी तेज बढ़ोतरी दर्ज की जा रही है। कई रूट पर टिकट की कीमत सामान्य स्तर की तुलना में करीब दोगुनी हो गई है।
हैदराबाद से लखनऊ जाने वाली एक तरफ की फ्लाइट का किराया भी 17,000 से ज्यादा पहुंच गया है। यात्रियों का कहना है कि इस कीमत पर कुछ अंतरराष्ट्रीय गंतव्यों के टिकट भी उपलब्ध हैं। हैदराबाद से सिंगापुर, मलेशिया और बैंकॉक जैसे विदेशी गंतव्यों के लिए टिकट करीब 15,000 से 18,000 के बीच मिल रहे हैं। ऐसे में कुछ घरेलू रूट के मुकाबले विदेश यात्रा का किराया करीब 7,000 तक कम पड़ रहा है।
त्योहारी सीजन में घर लौटने वाले यात्रियों के लिए ट्रेन आमतौर पर सबसे किफायती विकल्प होती है। हालांकि दिवाली और छठ के दौरान लंबी दूरी की ट्रेनों में टिकट मिलना पहले से ही मुश्किल हो जाता है। ऐसे में जिन यात्रियों को किसी भी कीमत पर त्योहार के मौके पर घर पहुंचना है, उनके पास हवाई यात्रा का विकल्प बचता है। ट्रेन में सीट उपलब्ध नहीं होने के कारण उन्हें बढ़े हुए किराये के बावजूद फ्लाइट टिकट बुक करना पड़ रहा है।
ट्रैवल एजेंट्स के मुताबिक, हवाई किराये में बढ़ोतरी की मुख्य वजह मांग और उपलब्ध सीटों के बीच बढ़ता अंतर है। त्योहारों के दौरान उत्तर भारत के शहरों और गांवों की ओर जाने वाले यात्रियों की संख्या तेजी से बढ़ जाती है, जबकि कई रूट पर उड़ानों की संख्या सीमित रहती है। मांग बढ़ने के साथ उपलब्ध सीटें तेजी से भरती हैं और बची हुई सीटों के किराये में भी बढ़ोतरी होती जाती है।
दिवाली और छठ में अभी कई हफ्ते बाकी हैं, लेकिन कई घरेलू रूट पर किराये में अभी से बड़ा उछाल देखने को मिल रहा है। ट्रैवल एजेंट्स को आशंका है कि जैसे-जैसे यात्रा की तारीख नजदीक आएगी और मांग बढ़ेगी, हवाई किराये में और बढ़ोतरी हो सकती है।
दशहरे के दौरान भी हैदराबाद से कई घरेलू रूट पर हवाई किराये सामान्य से काफी अधिक रहे थे। ऐसे में दिवाली और छठ पर घर जाने वाले यात्रियों के सामने दोहरी चुनौती है। ट्रेन में टिकट उपलब्ध नहीं है और फ्लाइट का किराया बजट बिगाड़ रहा है। कुछ रूट पर स्थिति ऐसी बन गई है कि त्योहार के दौरान देश के भीतर अपने घर जाना, कुछ अंतरराष्ट्रीय गंतव्यों की यात्रा से भी महंगा पड़ रहा है।