Bihar News: वैशाली के महुआ थाना क्षेत्र के उत्क्रमित मध्य विद्यालय नीलकंठपुर (अब्दुलपुर) में मध्यान्ह भोजन खाने के बाद दर्जनों बच्चे बीमार पड़ गए। कई बच्चों के बेहोश होने की भी खबर है। उन्हें तत्काल अनुमंडल अस्पताल और आसपास के निजी अस्पतालों में भर्ती कराया गया है।
घटना के बाद आक्रोशित ग्रामीणों ने सड़क जाम कर विरोध प्रदर्शन किया। अस्पताल में बीमार बच्चों के पहुंचने से गहमागहमी का माहौल बन गया। बच्चों को लगातार उपचार के लिए भर्ती किया जा रहा है। बच्चों के बीमार पड़ने के कारणों को लेकर अलग-अलग दावे सामने आ रहे हैं।
एकता शक्ति फाउंडेशन के प्रभारी ने बच्चों के गर्मी से व्याकुल होने और अंडे व फल को लेकर कुछ अभिभावकों द्वारा राजनीति किए जाने की बात कही है। वहीं, ग्रामीणों का आरोप है कि मध्यान्ह भोजन में विषैले कीड़े थे। हालांकि, इस संबंध में कोई आधिकारिक पुष्टि नहीं हुई है।
बीडीओ से मोबाइल फोन पर संपर्क करने का प्रयास किया गया, लेकिन उनसे बात नहीं हो सकी। ग्रामीणों ने बताया कि बच्चों के मध्यान्ह भोजन में छिपकली निकली थी। जब एक बच्चे ने यह बात शिक्षक को बताई, तो शिक्षक ने उसकी पिटाई कर दी। इसी घटना से आक्रोशित होकर लोगों ने सड़क जाम कर दी।
स्थानीय लोगों का यह भी आरोप है कि जब भी स्कूल में मध्यान्ह भोजन आता है, तो शिक्षक खुद नहीं खाते और बच्चों को खिलाते हैं। ग्रामीणों ने सभी संबंधित शिक्षकों का वेतन बंद करने और उनके खिलाफ कड़ी कार्रवाई करने की मांग की है।
शक्ति एकता फाउंडेशन के मेस इंचार्ज शिव शंकर कुमार ने बताया कि खाने में किसी प्रकार के कीड़े नहीं निकले हैं। उन्होंने कहा कि एक बच्चा खाना खाने के बाद छुट्टी लेकर स्कूल से अपने घर चला गया था। उसके परिजनों ने जब उससे पूछताछ की तो उसने पेट दर्द होने का हवाला दिया।
इसके बाद परिजन तुरंत बच्चे को लेकर स्कूल पहुंचे, जहां शिक्षकों ने बताया कि बच्चा छुट्टी लेकर घर गया था। इसके बाद शिक्षक और बच्चों के परिजनों में बहस छिड़ गई और आसपास के दर्जनों बच्चों को लेकर अस्पताल पहुंच गए।