Bihar Crime News: बिहार के समस्तीपुर जिले में अपराधियों ने एक गिट्टी-बालू कारोबारी की गोली मारकर हत्या कर दी. घटना के बाद इलाके में तनाव फैल गया और आक्रोशित लोगों ने सड़क पर शव रखकर प्रदर्शन किया. लोगों ने आगजनी कर करीब तीन घंटे तक सड़क जाम रखा और हत्यारों की जल्द गिरफ्तारी की मांग की.


यह घटना कर्पूरीग्राम थाना क्षेत्र की है. बताया जा रहा है कि सोमवार शाम कारोबारी सोनू सिंह अपनी दुकान पर कुछ दोस्तों के साथ बैठे हुए थे. इसी दौरान अचानक हथियार से लैस अपराधी वहां पहुंचे और उन पर हमला कर दिया.


बदमाशों ने सोनू सिंह को निशाना बनाते हुए कई राउंड फायरिंग की. गोली लगने से वह गंभीर रूप से घायल होकर जमीन पर गिर पड़े. वारदात को अंजाम देने के बाद अपराधी मौके से फरार हो गए.


घटना के बाद आसपास मौजूद लोगों और परिजनों ने आनन-फानन में सोनू सिंह को इलाज के लिए सदर अस्पताल पहुंचाया. उनकी हालत गंभीर देखते हुए डॉक्टरों ने उन्हें बेहतर इलाज के लिए रेफर कर दिया. इसके बाद परिजन उन्हें एक निजी अस्पताल लेकर पहुंचे, जहां से पटना भेजा गया. लेकिन रास्ते में ही उनकी मौत हो गई.


मृतक की पहचान कर्पूरीग्राम निवासी धीरेंद्र प्रसाद सिंह के पुत्र सोनू सिंह के रूप में हुई है. सोनू गिट्टी-बालू का कारोबार करते थे और इलाके में उनकी पहचान एक कारोबारी के रूप में थी.


शव गांव पहुंचते ही लोगों का गुस्सा फूट पड़ा. मंगलवार को बड़ी संख्या में ग्रामीण और परिजन सड़क पर उतर आए. लोगों ने शव को सड़क पर रखकर प्रदर्शन शुरू कर दिया और हत्यारों की गिरफ्तारी की मांग करने लगे.


प्रदर्शन के दौरान लोगों ने सड़क पर आगजनी भी की. करीब तीन घंटे तक सड़क जाम रहने से दोनों तरफ वाहनों की लंबी कतार लग गई और आने-जाने वाले लोगों को काफी परेशानी का सामना करना पड़ा.


सूचना मिलने के बाद कर्पूरीग्राम थाना, ताजपुर थाना और मुफस्सिल थाना की पुलिस मौके पर पहुंची. पुलिस अधिकारियों ने प्रदर्शन कर रहे लोगों को समझाने की कोशिश की. काफी देर बातचीत और जल्द कार्रवाई के आश्वासन के बाद लोगों ने जाम समाप्त किया.


ग्रामीणों ने बताया कि सोनू सिंह अपने माता-पिता के इकलौते बेटे थे. उनके परिवार में छोटे बच्चे भी हैं. दिनदहाड़े हुई इस हत्या से पूरे इलाके में डर और नाराजगी का माहौल है.


सदर डीएसपी संजय कुमार पांडे ने बताया कि पुलिस ने मामले की जांच शुरू कर दी है. शुरुआती जांच में कुछ सुराग मिले हैं और आरोपी की पहचान की जा रही है. अपराधियों की गिरफ्तारी के लिए लगातार छापेमारी की जा रही है.