CHAPRA: बिहार में बेहतर स्वास्थ्य व्यवस्था का दावा सरकार करती है, लेकिन इसकी जमीनी हकीकत कुछ और ही नजर आती है। सोशल मीडिया पर छपरा सदर अस्पताल का एक वीडियो तेजी से वायरल हो रहा है। जो सरकार के इस दावे की पोल खोल रही है, जहां एक बेड पर दो मरीजों का इलाज चलने की बात सामने आई, तो वही कुछ मरीज इलाज के लिए फर्श पर लेटे दिखाई दिये।
छपरा सदर अस्पताल में मरीजों के लिए बेहतर व्यवस्था की मांग को लेकर हंगामा भी हुआ, जिसका वीडियो सामने आया है। वीडियो में परिजन डॉक्टर और अस्पताल प्रबंधन से अस्पताल की व्यवस्था को लेकर सवाल करते नजर आ रहे हैं।
बताया जाता है कि नगर थाना क्षेत्र के मौना हुस्से ढाला-44 के समीप रहने वाले मुन्ना राय की बेटी काजल कुमारी को दुर्घटना के बाद इलाज के लिए सदर अस्पताल लाया गया था, जहां इलाज शुरू किया गया लेकिन एक ही बेड पर दो मरीजों को रखा गया था।अस्पताल की व्यवस्था को लेकर घायल युवती के भाइयों और परिजनों ने बेहतर व्यवस्था की मांग करने लगे। इस बात की सूचना मिलने के बाद अस्पताल के प्रबंधक राजेश्वर प्रसाद मौके पर पहुंचे।
जिसके बाद कई मरीज के परिजन व्यवस्था पर उनसे सवाल करने लगे। अस्पताल की व्यवस्था को ठीक करने की बात करने लगे। जिसके बाद अस्पताल प्रबंधक ने पुलिस को फोन लगाकर मरीज के परिजनों पर राइफल दिखाने का आरोप लगाया। हालांकि, सामने आए वीडियो में परिजन डॉक्टर और अस्पताल प्रबंधक से सदर अस्पताल की व्यवस्था को लेकर सवाल-जवाब करते हुए दिखाई दे रहे हैं।
वहीं, संबंधित डॉक्टर ने मामले पर कुछ भी बोलने से इनकार कर दिया। स्थिति की गंभीरता को देखते हुए एएसपी राम पुकार सिंह भी दलबल के साथ मौके पर पहुंचे। उन्होंने राइफल दिखाने वाले व्यक्ति सहित हंगामा करने वालों की पहचान कर उनके खिलाफ प्राथमिकी दर्ज करने का आदेश दिया। फिलहाल संबंधित लोगों की पहचान के लिए अस्पताल में लगे सीसीटीवी कैमरों के फुटेज को खंगाला जा रहा है। मामले में प्राथमिकी दर्ज करने की प्रक्रिया जारी है। केस दर्ज होने के बाद पुलिस पूरे मामले की छानबीन शुरू करेगी।