SAHARSA: सहरसा जिले में नशे के अवैध कारोबार के खिलाफ पुलिस ने बड़ी कार्रवाई की है। पतरघट थाना पुलिस ने गुप्त सूचना के आधार पर कार्रवाई करते हुए एक स्कॉर्पियो से 1,440 बोतल प्रतिबंधित कोरेक्स कफ सिरप, यानी करीब 144 लीटर बरामद किया है। मामले में पुलिस ने चार आरोपियों को गिरफ्तार किया है।
कोसी रेंज के डीआईजी डॉ. कुमार आशीष के निर्देश पर जिले में अवैध मादक पदार्थ, शराब के निर्माण, बिक्री, भंडारण और परिवहन के खिलाफ लगातार अभियान चलाया जा रहा है। इसी अभियान के दौरान पतरघट पुलिस को यह सफलता मिली।
गुप्त सूचना पर पुलिस ने की कार्रवाई
पुलिस के मुताबिक, पतरघट थाना टीम को गश्ती के दौरान सूचना मिली थी कि अतलखा-मधेपुरा सड़क मार्ग से एक स्कॉर्पियो में अवैध सामान लेकर तस्कर पतरघट की ओर जा रहे हैं। सूचना मिलते ही थानाध्यक्ष शशि कुमार के नेतृत्व में पुलिस टीम ने कार्रवाई शुरू की।
ग्राम विष्णुपुर के पास पुलिस ने संदिग्ध स्कॉर्पियो को रोकने का प्रयास किया। पुलिस को देखते ही चालक ने वाहन को तेज गति से मोड़कर विष्णुपुर वार्ड नंबर-6 के पास छोड़कर भागने की कोशिश की। पुलिस टीम ने पीछा कर चालक को पकड़ लिया।
स्कॉर्पियो से 1,440 बोतल कोरेक्स बरामद
वाहन और चालक की तलाशी के दौरान स्कॉर्पियो से 1,440 बोतल प्रतिबंधित कोरेक्स कफ सिरप बरामद हुआ। बरामद सिरप की कुल मात्रा करीब 144 लीटर बताई गई। पुलिस ने मौके से ललटू कुमार उर्फ वर्ष उर्फ शैशव कुमार को गिरफ्तार किया।
पूछताछ के दौरान मिली जानकारी और उसकी निशानदेही पर पुलिस ने एफसीआई गोदाम के पास से एक बलेनो कार समेत तीन अन्य आरोपियों को भी गिरफ्तार किया।
चारों आरोपियों की हुई गिरफ्तारी
गिरफ्तार आरोपियों की पहचान ललटू कुमार उर्फ वर्ष उर्फ शैशव कुमार, डब्लू यादव उर्फ डब्लू कुमार, रोशन कुमार और पुकार आनंद के रूप में हुई है। पुलिस ने सभी आरोपियों से पूछताछ शुरू कर दी है।
पुलिस के अनुसार, तस्कर पुलिस की नजरों से बचने के लिए लग्जरी वाहनों का इस्तेमाल कर रहे थे, ताकि वाहनों को देखकर किसी को संदेह न हो।
तस्करी के नेटवर्क की जांच में जुटी पुलिस
इस मामले में पतरघट थाने में प्राथमिकी दर्ज कर आगे की कार्रवाई शुरू कर दी गई है। पुलिस गिरफ्तार आरोपियों से गहन पूछताछ कर रही है। साथ ही कोरेक्स तस्करी से जुड़े फॉरवर्ड और बैकवर्ड लिंकेज की भी जांच की जा रही है।
पुलिस का लक्ष्य इस नेटवर्क में शामिल अन्य लोगों की पहचान कर उनके खिलाफ भी सख्त कानूनी कार्रवाई करना है।