MOTIHARI/BEGUSARAI: एक घंटे की बारिश ने भारी तबाही मचाई है। तेज आंधी बारिश से मोतिहारी में 5 लोगों की दर्दनाक मौत हो गयी है। इस घटना से इलाके में हड़कंप मचा हुआ है। मृतकों के परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल है। वही बेगूसराय में तेज आंधी-बारिश मे एक विशालकाय पेड़ ई-रिक्शा पर गिर गया। हालांकि उस वक्त ई-रिक्शा पर कोई सवार नहीं था, जिसके कारण बड़ा हादसा होते-होते टल गया।


पूर्वी चंपारण जिले के मोतिहारी में सोमवार को अचानक आए तेज आंधी-बारिश और आकाशीय बिजली ने भारी तबाही मचाई। अलग-अलग घटनाओं में कुल पाँच लोगों की मौत हो गई, जबकि कई लोग घायल हो गए। घटना के बाद पूरे इलाके में दहशत और अफरातफरी का माहौल है। सूचना मिलते ही पुलिस और प्रशासन की टीम मौके पर पहुंची और सभी शवों को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया।


पहली घटना मुफस्सिल थाना क्षेत्र के रूपडीह गांव की है, जहां तेज हवा के कारण एक बड़ा पेड़ अचानक गिर गया। पेड़ के नीचे एक टेंपो दब गया, जिसमें सवार लोग उसकी चपेट में आ गए। इस हादसे में तीन लोगों की मौके पर ही मौत हो गई, जबकि दो अन्य गंभीर रूप से घायल हो गए। 


घायलों को तुरंत नजदीकी निजी अस्पताल में भर्ती कराया गया है, जहां उनका इलाज जारी है। दूसरी घटना सुगौली प्रखंड के कैथवलिया गांव में हुई, जहां आकाशीय बिजली गिरने से दो बच्चों की दर्दनाक मौत हो गई। इस घटना में एक अन्य व्यक्ति भी घायल हुआ है, जिसका इलाज चल रहा है। 


बिजली गिरने की इस घटना से गांव में मातम का माहौल है और परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल है। वहीं तीसरी घटना रामगढ़वा थाना क्षेत्र के सिसवनिया गांव की है, जहां आकाशीय बिजली गिरने से एक दो वर्षीय बच्ची की मौत हो गई। बताया जाता है कि बिजली ताड़ के पेड़ पर गिरी, जिससे पेड़ में आग लग गई। 


देखते ही देखते आग ने आसपास के घरों को भी अपनी चपेट में ले लिया। आग की तेज लपटें और धुएं का गुबार देखकर पूरे गांव में अफरातफरी मच गई। लोग अपनी जान बचाने के लिए इधर-उधर भागने लगे। इस अगलगी की घटना में करीब आधा दर्जन घर जलकर राख हो गए।  ग्रामीणों ने किसी तरह स्थिति को संभालने की कोशिश की, लेकिन आग तेजी से फैलती गई। सूचना मिलने पर फायर ब्रिगेड की टीम मौके पर पहुंची और ग्रामीणों के सहयोग से काफी मशक्कत के बाद आग पर काबू पाया गया। 


स्थानीय प्रशासन ने सभी प्रभावित परिवारों को हर संभव सहायता का आश्वासन दिया है। अधिकारियों का कहना है कि नुकसान का आकलन किया जा रहा है और पीड़ितों को सरकारी सहायता उपलब्ध कराई जाएगी। अचानक आई इस प्राकृतिक आपदा ने इलाके के लोगों को झकझोर कर रख दिया है।


वही बेगूसराय में सोमवार की शाम अचानक बदले मौसम ने जिले में तबाही का मंजर खड़ा कर दिया। तेज आंधी और मूसलाधार बारिश के बीच नागदा स्थित सनफ्लावर स्कूल के पास एक बड़ा हादसा होते-होते टल गया, जब तेज हवा के कारण एक विशाल पेड़ सड़क किनारे खड़े ई-रिक्शा पर आ गिरा।


इस घटना में ई-रिक्शा पूरी तरह चकनाचूर हो गया, जबकि पास में खड़ी जुगाड़ गाड़ी (ठेला), एक मोटरसाइकिल और सड़क किनारे की दुकान को भी भारी नुकसान पहुंचा है। गनीमत रही कि घटना के वक्त ई-रिक्शा में कोई यात्री मौजूद नहीं था, वरना बड़ा जानलेवा हादसा हो सकता था।


प्रत्यक्षदर्शियों ने बताया कि आंधी की रफ्तार इतनी तेज थी कि देखते ही देखते पेड़ जड़ से उखड़कर गिर पड़ा। अचानक हुई इस घटना से आसपास के लोग दहशत में आ गए और कुछ देर के लिए अफरा-तफरी का माहौल बन गया।


चालक की सूझबूझ से बची जान


ई-रिक्शा चालक बबलू ने बताया कि वह सामान लेकर नागदा गया था। सामान उतारकर लौटने के दौरान तेज आंधी शुरू हो गई। खतरे को भांपते हुए उसने ई-रिक्शा सड़क किनारे खड़ा कर पास की दुकान में शरण ले ली। इसी दौरान तेज हवा के झोंके से पेड़ सीधे उसके ई-रिक्शा पर आ गिरा, जिससे वाहन पूरी तरह दब गया।


जिलेभर में असर, जनजीवन प्रभावित

आंधी-बारिश का असर जिले के कई हिस्सों में देखा गया है। कहीं कच्चे मकानों के छप्पर उड़ गए तो कहीं पेड़ और बिजली के खंभे गिरने से बिजली आपूर्ति बाधित हो गई। सड़कों पर पेड़ गिरने से आवागमन भी प्रभावित हुआ है। हालांकि प्रशासन की ओर से अभी तक नुकसान का आधिकारिक आंकड़ा जारी नहीं किया गया है, लेकिन हालात को देखते हुए व्यापक नुकसान की आशंका जताई जा रही है। फिलहाल प्रशासन अलर्ट मोड में है और लोगों से अपील की जा रही है कि खराब मौसम के दौरान अनावश्यक बाहर निकलने से बचें और सुरक्षित स्थानों पर ही रहें।