PATNA: आर्थिक अपराध इकाई (EOU) ने संगठित अपराध और अपराध से अर्जित संपत्तियों के खिलाफ बड़ी कार्रवाई करते हुए कुख्यात अपराधी संजय कुमार उर्फ संतोष डॉन के गिरोह पर शिकंजा कस दिया है। आर्थिक अपराध थाना में दर्ज कांड संख्या 11/26 के तहत शनिवार को पटना और नालंदा जिले में गिरोह से जुड़े 25 ठिकानों पर एक साथ छापेमारी की गई। आर्थिक अपराध इकाई को सूचना मिली थी कि संतोष डॉन फर्जी दस्तावेज तैयार कर जमीनों पर अवैध कब्जा, रंगदारी, लूट, अपहरण, हत्या के प्रयास और आर्म्स एक्ट जैसे गंभीर अपराधों में शामिल रहा है। जांच में यह भी सामने आया कि उसने अपने गिरोह के जरिए पिछले कई वर्षों में बड़े पैमाने पर संपत्तियां अर्जित की हैं।
आर्थिक अपराध थाना कांड संख्या-11/26, दिनांक 12.06.2026 अन्तर्गत धारा-111(2)(3)(4)(5)(6)(7) / 61 * (2) / 336 * (2)(3) / 340 * (2) बी०एन०एस० 2023 में प्राथमिकी अभियुक्त संजय संतोष डॉन, ग्राम-खिदरचक, थाना-रहुई, ओ०पी० भागनबिगहा, जिला-नालन्दा, वर्तमान पता-ग्राम-कासिमपुर, पचरुखिया, थाना-खुसरूपुर, जिला-पटना के विरूद्ध आर्थिक अपराध इकाई को विश्वसनीय सूत्र से जानकारी प्राप्त हुई कि उक्त अपराधकर्मी फर्जी दस्तावेज तैयार कर, अपराधिक बल प्रयोग से भूमि पर अवैध कब्जा करने व्यवसायिक प्रतिष्ठानों से रंगदारी कर धन उगाही, लूट, अपहरण, हत्या का प्रयास एवं आर्म्स एक्ट सहित कई दर्जनों घटनाओं में सलिप्त है तथा एक संगठित अपराधिक गिरोह बनाकर विगत 11 वर्षों में उसके एवं उसके गिरोह के सदस्यों द्वारा बड़े पैमाने पर परिसम्पतियां बनाई है।
यह भी सूचना मिली कि संजय कुमार उर्फ संतोष डॉन जमीन मालिकों को साजिशन वाहन दुर्घटना कारित कराकर धमकाते हुये भूमि पर अवैध कब्जा करता रहा है। पूर्व में इस संबंध में फतुहा थाना काण्ड संख्या-111/25 एवं रहुई थाना काण्ड संख्या-111/26 दर्ज है। इस सूचना का सत्यापन आर्थिक अपराध इकाई द्वारा कराया गया एवं सत्यापन में सूचना सत्य पाये जाने के उपरांत उपरोक्त काण्ड दर्ज किया गया है।
सूचना सत्यापन में यह पाया गया कि कुख्यात अपराधकर्मी उर्फ संतोष कुमार यादव उर्फ संतोष डॉन वर्ष 2015 में अपराध जगत में आया तथा वर्ष 2017 से 2025 के बीच करोड़ों रूपये मूल्य की अपराधजनित परिसम्पति अपने नाम एवं अपने परिजनों के नाम से निबंधित कराया है। जबकि वर्ष 2015 के पूर्व इन्हें मात्र 07 कट्ठा जमीन पैतृक सम्पति के रूप में प्राप्त हुई थी। इनके द्वारा फर्जी मोबाईल सिम का उपयोग करते हुये अपराध कारित किया जाता है।
सत्यापन में यह भी पाया गया कि संतोष डॉन के विरूद्ध फतुहा, खुसरूपुर (पटना), भागनबिगहा, सोहसराय, रहुई (नालन्दा) आदि थानों में कुल 30 अपराधिक मामले दर्ज है, जिनमें रंगदारी, हत्या के प्रयास, चोरी, लूटपाट, आर्म्स एक्ट आदि धाराओं में है। इसके सहयोगियों के विरूद्ध कई मामले दर्ज है इनमें कई मामलों में न्यायालय द्वारा संज्ञान लिया जा चुका है। अपराधकर्मी संतोष डॉन द्वारा चलाये जा रहे संगठित गिरोह में शामिल इसके सहित कुल 26 व्यक्तियों के विरूद्ध आर्थिक अपराध थाना में प्राथमिकी दर्ज की गई है।
उल्लेखनीय है कि आर्थिक अपराध इकाई ने संगठित अपराध एवं इसमें सलिप्त अपराधकर्मियों के विरूद्ध प्राप्त शिकायतों की जांच एवं अपराध जनित परिसम्पतियों के समापहरण हेतु संगठित आर्थिक अपराध शाखा के रूप में एक नई पहल की शुरूआत की है, जिस संदर्भउक्त प्राथमिकी दर्ज की गई है। संजय कुमार यादव उर्फ संतोष डॉन के द्वारा स्वयं अपने नाम पर कुल 22 परिसम्पतियां नालन्दा एवं पटना के विभिन्न निबंधन कार्यालयों में निबंधित कराया है।
ये सम्पत्तियां ग्राम-इमामगंज, सिकंदरपुर, तुफानगंज, सुकरबेगचक, कटौना, हरदासबीघा, कासिमपुर, भूसकी, छोटकी नवादा एवं बैकटपुर आदि गाँव में है। इन परिसम्पतियों का निबंधन मूल्य 4,43,55,800/रू (चार करोड़ तेतालीस लाख पचपन हजार आठ सौ रूपये मात्र) है। इस अपराध कर्मी ने अपनी मां श्रीमती लालती देवी के नाम पर 3,35,54,000/रू (तीन करोड़ पैंतीस लाख चाउवन हजार मात्र) मूल्य की कुल 23 परिसम्पतियां निबंधित कराई गई है।
संजय डॉन की पत्नी श्रीमती अंजू देवी के नाम पर 1,30,77,000/रू (एक करोड़ तीस लाख सत्तर हजार रूपये) मूल्य की कुल 09 परिसम्पतियां निबंधित पाई गई है। वहीं संतोष कुमार की सास श्रीमती मानो देवी के नाम पर 83,45,000 (तेरासी लाख पैतालीस हजार) रूपये मूल्य की कुल 04 परिसम्पत्ति पाई गई है। भाई बाल्मीकी यादव एवं उसकी पत्नी रिंकु देवी मूल्य करीब 1,15,00,000/रू (एक करोड़ पंद्रह लाख रूपये मात्र) की परिसम्पत्ति निबंधित पाई गई है।
इस प्रकार संजय कुमार उर्फ संतोष डॉन ने अपने परिसम्पत्तियों के विरूद्ध कुल लगभग 11.50 करोड़ की मूल्य सम्पतियां पाई गई है। वही इस अपराध कर्मी के सहयोगियों मिक्कु कमार, कर्मवीर, रौशन कुमार, रंजीत सिंह, बिट्टु कुमार, सत्य प्रकाश, संजीव कुमार, दिलीप कुमार आदि के नाम पर कुल 17 परिसम्पतियां निबंधित पाई गई है, जिनमें सन्निहित राशि 1,79,29,000 (एक करोड़ उनासी लाख उनतीस हजार) रूपये है।
उपरोक्त प्राथमिकी के आधार पर आर्थिक अपराध इकाई, बिहार, पटना ने माननीय न्यायालय, अपर मुख्य न्यायिक दण्डाधिकारी, पटना से तलाशी अधिपत्र प्राप्त करते हुये आज दिनांक-13.06.2026 को प्रातः 09 बजे प्राथमिकी अभियुक्त संजय कुमार उर्फ संतोष डॉन तथा इस काण्ड में सलिप्त कुल 26 अभियुक्तों यथा 01. संजय कुमार उर्फ संतोष डॉन, 02. बाल्मीकी प्रसाद दोनों पिता-विरेन्द्र प्रसाद यादव, ग्राम-खिदरचक, नालन्दा, 03. मिक्कु कुमार, 04. पिक्कु कुमार 05. निक्कु कुमार तीनों पिता- विश्वनाथ प्रसाद, ग्राम-काशिमपुर पचरुखिया, पटना, 06. रविन्द्र कुमार, 07. ललेन्द्र कुमार, 08. कन्हैया यादव तीनों पिता-छोटे गोप, ग्राम-खिदरपुर, नालन्दा, 09. रौशन कुमार, पिता-मिथिलेश यादव, ग्राम-चंदनपुर, नालन्दा, 10. सत्यप्रकाश, पिता-सुरेश नन्दन, तुफानगंज, नालन्दा, 11. अजीत कुमार, पिता-विजय यादव, टेकाबिगहा, पटना, 12. धर्मवीर कुमार, पिता-रामनारायण यादव, पचरुखिया, पटना 13. राजेश रंजन, पिता-उमेश यादव, साकिन चंदा, पटना, 14. धर्मवीर सिंह, 15 राय बहादुर सिंह 16. राजेन्द्र सिंह तीनों पिता-सीता सिंह, सुकरबेगचक, पटना, 17. गुड्डु कुमार, पिता-रविन्द्र यादव, चौरा, पटना, 18. शेखर यादव, पिता-रामशीष यादव, साकिन-सुगरबेगचक, पटना, 19. दिलीप कुमार, पिता-शिवनंदन सिंह, पचरुखिया, पटना, 20. शशिभूषण कुमार, पिता- अरविंद सिंह, जगमालबिगहा, पटना, 21. शैलेश कुमार, पिता-गुरुसहाय यादव, नवादापर, नालन्दा, 22. नीतीश कुमार, पिता-कारू महतो, पचासा, नालन्दा, 23. राकेश साहु, पिता-राजेन्द्र साव, सुकरबेगचक, पटना, 24. रंधीर कुमार, पिता- रामनारायण यादव, पचरुखिया, पटना, 25. संजीत कुमार, पिता-रूदल सिंह, हाजीपुर, फतुहा, पटना एवं 26. रंजीत सिंह, पिता-बुंदेला सिंह, मुस्तफापुर, पटना के कुल 25 ठिकानों पर विशेष कार्य बल (STF),पटना एंव नालन्दा जिला पुलिस के सहयोग से घेराबंदी करते हुये एक साथ तलाशी का कार्य सम्पन्न किया गया है। संगठित अपराधिक गिरोहों के आर्थिक हितों पर चोट करती हुई आर्थिक अपराध इकाई, विशेष कार्य बल, पटना एंव नालन्दा जिला पुलिस की यह एक बड़ी संयुक्त कार्रवाई है।
तलाशी के दौरान प्राथमिकी अभियुक्त 01. संजय कुमार उर्फ संतोष डॉन के घर से 5,60,000/रू नगद, जमीन एग्रीमेंट के पेपर, निवेश से संबंधित कागजात, एक स्कॉर्पियो वाहन (GJ15BB2181), एक फॉरचुनर (BR01PH0747) एवं महेन्द्रा जीप (BR01BF9357) 02. अभियुक्त सत्यप्रकाश के घर से 2 लाख रूपये नगद एवं जमीन निबंधन के 14 कागजात, 07 जमीन खरीद बिक्री के एग्रीमेंट पेपर, 03. अभियुक्त दिलीप कुमार के घर से 15,50,000/रू नगद एवं जमीन निबंधन से संबंधित दो दस्तावेज, 04. अभियुक्त रंजीत सिंह के घर से 3,97,000/ रूपये नगद जमीन निबंधन से संबंधित कुल 13 दस्तावेज एवं चार एग्रीमेंट पेपर 05. अभियुक्त ललेन्द्र कुमार उर्फ नरेन्द्र कुमार के घर से एक स्कॉर्पियों वाहन (BR01KC5322) आदि बरामद हुये है। इस मामले में कुल 04 गिरफ्तारी (अभियुक्त राकेश साहु, रंजीत सिंह, शशिभूषण कुमार, रविन्द्र कुमार) की गई है। संगठित आर्थिक अपराध एवं इसमें सलिप्त अपराधियों एवं उनके सहयोगियों /संरक्षणकर्ताओं के विरूद्ध आर्थिक अपराध इकाई राज्य सरकार के नीति के अनुरूप कार्रवाई हेतु कृत संकल्पित है।