PATNA: भ्रष्टाचार के खिलाफ कार्रवाई करते हुए विशेष निगरानी इकाई (SVU) ने बड़ी सफलता हासिल की है। SVU थाना कांड संख्या-05/2025, दिनांक 30 अप्रैल 2025 के प्राथमिकी अभियुक्त और Reliable Infra Services Pvt. Ltd. के मालिक ऋषु श्री को गिरफ्तार कर लिया गया है। आरोपी ऋषु श्री, विनोद कुमार सिन्हा के पुत्र हैं और पटना के मीठापुर स्थित कामता राम सखी इंक्लेव के फ्लैट नंबर-5A में रहते हैं।


ऋषु श्री के खिलाफ भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम, शासकीय गुप्तता अधिनियम और भारतीय न्याय संहिता (BNS) की विभिन्न धाराओं के तहत मामला दर्ज किया गया है। अपर पुलिस महानिदेशक, SVU श्री पंकज कुमार दाराद ने बताया कि 27 मई 2026 को आरोपी को गिरफ्तार किया गया। जांच के दौरान सामने आया कि आरोपी ने जल संसाधन विभाग में अपने प्रभाव का इस्तेमाल कर कमीशन के बदले अहमदाबाद की कंपनी M/s Chevrox Constructions Private Limited को टेंडर दिलवाया था। बाद में इस टेंडर के कार्य को अपनी कंपनी के कर्मचारी संतोष कुमार, जो M/s Matriswa Construction Pvt. Ltd. के निदेशक हैं, को सौंप दिया गया।


SVU को जांच के दौरान सूचना मिली थी कि आरोपी मामले से जुड़े महत्वपूर्ण दस्तावेज लेकर विदेश भागने की तैयारी में था। जांच एजेंसी का मानना है कि ऋषु श्री एक प्रभावशाली व्यक्ति हैं और अपने प्रभाव का गलत इस्तेमाल कर साक्ष्यों के साथ छेड़छाड़ या गवाहों को प्रभावित कर सकते थे। अनुसंधान में यह भी खुलासा हुआ है कि आरोपी जल संसाधन विभाग, भवन निर्माण विभाग, नगर विकास एवं आवास विभाग और BMSICL समेत कई सरकारी विभागों में अपनी कंपनियों को टेंडर दिलाने के लिए अधिकारियों और कर्मचारियों को रिश्वत देता था।


माननीय न्यायालय से प्राप्त तलाशी वारंट के आधार पर 27 मई 2026 को SVU की टीम ने पटना स्थित आरोपी के फ्लैट पर छापेमारी की। तलाशी के दौरान फ्लैट से 2 लाख 50 हजार रुपये नकद, करोड़ों रुपये मूल्य के सोने, चांदी और हीरे के आभूषण बरामद किए गए, जिन्हें जब्त कर लिया गया। इसके अलावा कई महत्वपूर्ण दस्तावेज, निवेश संबंधी कागजात, बैंक खातों से जुड़े रिकॉर्ड और 47 जमीनों की खरीद से संबंधित मूल दस्तावेज भी बरामद किए गए हैं। छापेमारी और पूछताछ के बाद ऋषु श्री को विधिवत गिरफ्तार कर 28 मई 2026 को निगरानी न्यायालय में पेश किया गया, जहां से उन्हें न्यायिक हिरासत में बेउर जेल, पटना भेज दिया गया। फिलहाल SVU पूरे मामले की गहराई से जांच कर रही है।


अपर पुलिस महानिदेशक, SVU,पंकज कुमार दाराद द्वारा बताया गया कि दिनांक-27.05.2026 को विशेष निगरानी इकाई थाना कांड संख्या-05/2025, दिनांक-30.04. 2025 के प्राथमिकी अभियुक्त ऋषु श्री को गिरफ्तार किया गया है। काण्ड के अनुसंधान के दौरान यह तथ्य सामने आया कि Water Resources Department में अपने गलत प्रभाव का इस्तेमाल करते हुए कमीशन पर M/s Chevrox Constructions Private Limited, Ahmadabad को Tender दिलाया था और बाद में इस Tender के काम को अपने कम्पनी के कर्मचारी श्री संतोष कुमार जो M/S Matriswa Construction Pvt. Ltd. के Director को दे दिया गया था। 


काण्ड के अनुसंधान के क्रम में सूत्र द्वारा जानकारी प्राप्त हुआ कि अभियुक्त ऋषु श्री काण्ड के संबंधित Records को लेकर विदेश भागने की योजना बना रहे थे। काण्ड के अनुसंधान के दौरान यह ज्ञात हुआ कि अभियुक्त ऋषु श्री एक काफी प्रभावशाली व्यक्ति है और ये अपने प्रभाव का गलत इस्तेमाल कर काण्ड से संबंधित साक्ष्य / दस्तावेजों के साथ छेड़छाड़ कर सकते है और काण्ड के साक्षियों को डरा धमका सकते है। काण्ड के अनुसंधान में यह भी प्रकाश में आया है कि अभियुक्त ऋषु श्री अपने प्रभाव एवं रिश्वत देकर जल संसाधन विभाग, भवन निर्माण विभाग, नगर विकास एवं आवास विभाग, BMSICL आदि में अपनी कम्पनियों के पक्ष के Tender लेने हेतु सरकारी कर्मियों / पदाधिकारियों को रिश्वत देते थे।


काण्ड के अनुसंधान के क्रम में अभियुक्त के खिलाफ माननीय न्यायालय से प्राप्त तलाशी वारंट के आधार पर अभियुक्त ऋषु श्री, पिता-विनोद कुमार सिन्हा, फ्लैट नं0-5A कामता राम सखी इन्क्लेव, मीठापुर, खगौल रोड, पटना के फ्लैट में दि०-27.05.2026 को SVU की टीम द्वारा छापामारी एवं तलाशी की गई। SVU द्वारा तलाशी एवं छापामारी के दौरान फ्लैट नं0-5A कामता राम सखी इन्क्लेव, मीठापुर, खगौल रोड, पटना से 2,50,000/- (दो लाख पच्चास हजार) रूपये नगद और सोने, चाँदी तथा हीरा के आभूषणों का कुल कीमत करोड़ो रूपये ऑकलित हुए तत्पश्चात उसे जप्त किया गया। इसके अलावा अन्य महत्वपूर्ण दस्तावेजों / अभिलेखों को जप्त किया गया। इसके अलावे वित्तीय संस्थाओं में निवेश संबंधी विभिन्न दस्तावेज, बैंक खाते प्राप्त हुए हैं। कुल 47 जमीन खरीदने के मूल कागजात भी SVU द्वारा बरामद किया गया।इसके उपरांत ऋषु श्री को विधिवत गिरफ्तार किया गया और आज दिनांक-28.05. 2026 को माननीय निगरानी न्यायालय में ऋषु श्री को पेश किया गया जहाँ से उन्हें बेउर जेल, पटना भेज दिया गया।