Patna Student Protest: पटना में मतदाता सूची के विशेष गहन पुनरीक्षण (SIR) और मुख्य निर्वाचन आयुक्त ज्ञानेश कुमार को पद से हटाने की मांग को लेकर आज छात्र लोक भवन मार्च निकाल रहे हैं। प्रदर्शनकारी गांधी मैदान के गेट नंबर 10 से मार्च पर निकले। उन्हें रोकने के लिए पुलिस ने जेपी गोलंबर पर बैरिकेडिंग की, लेकिन प्रदर्शनकारी बैरिकेडिंग तोड़कर डाकबंगला की ओर बढ़ गए।



प्रदर्शन के दौरान पुलिस और छात्रों के बीच तनाव की स्थिति देखने को मिली। पुलिस प्रदर्शनकारियों को हिरासत में लेकर जाने के लिए एक वाहन का इस्तेमाल करना चाहती थी, लेकिन छात्रों ने कथित तौर पर उस वाहन की चाबी ले ली और वहां से निकल गए। प्रदर्शनकारी अपने साथ विभिन्न मांगों वाले पोस्टर और बैनर भी लेकर पहुंचे हैं।



प्रदर्शन को देखते हुए पुलिस प्रशासन ने गांधी मैदान के गेट नंबर 10, जेपी गोलंबर और होटल मौर्या के पास बैरिकेडिंग की है। इन स्थानों पर सुरक्षा व्यवस्था बढ़ाई गई है, ताकि प्रदर्शनकारियों को निर्धारित मार्ग से आगे बढ़ने से रोका जा सके। वहीं, जिला प्रशासन ने स्पष्ट निर्देश दिया है कि धरना-प्रदर्शन केवल गर्दनीबाग स्थित निर्धारित स्थल पर ही किए जाएं। प्रशासन के मुताबिक, तय स्थल के अलावा शहर के अन्य हिस्सों में प्रदर्शन की अनुमति नहीं होगी।



जिलाधिकारी और वरीय पुलिस अधीक्षक ने कहा है कि आम नागरिकों की सुविधा, यातायात का सुचारू संचालन और विधि-व्यवस्था बनाए रखना प्रशासन की सर्वोच्च प्राथमिकता है। निर्धारित स्थल के अलावा अन्य जगहों पर प्रदर्शन होने से जाम की स्थिति उत्पन्न होती है और आम लोगों को परेशानी का सामना करना पड़ता है।



इस मुद्दे पर माले विधायक संदीप सौरव ने कहा कि देश के लोकतंत्र पर संकट छाया हुआ है। उन्होंने दावा किया कि यह केवल विपक्ष का आरोप नहीं है, बल्कि इस संबंध में कई खुलासे भी हुए हैं। संदीप सौरव ने SIR की प्रक्रिया पर सवाल उठाते हुए कहा कि दो चुनाव आयुक्तों की आपत्तियों के बावजूद पूरी प्रक्रिया को आगे बढ़ाया गया। उन्होंने इस मुद्दे को लोकतंत्र और चुनावी प्रक्रिया से जुड़ा महत्वपूर्ण सवाल बताया।