Patna News: पटना के मसौढ़ी में पिपरा थाना क्षेत्र में पुलिस कार्रवाई के दौरान पुनपुन नदी में कूदे लोगों में से दो की डूबने से मौत हो गई। रविवार को पुलिस कार्रवाई से बचने के लिए कुछ लोगों ने नदी में छलांग लगा दी थी। स्थानीय लोगों के अनुसार, अब तक दो शव बरामद किए गए हैं, जबकि तीन अन्य लोग अभी लापता बताए जा रहे हैं। 



नदी में लापता लोगों की तलाश के लिए एसडीआरएफ की टीम सर्च अभियान चला रही है। दो शव मिलने के बाद ग्रामीणों का आक्रोश बढ़ गया। ग्रामीणों ने शवों को लेकर बिहटा-सरमेरा एनएच को जाम कर दिया। सैकड़ों लोग सुबह करीब 10 बजे से सड़क पर जुटे हैं। स्थानीय पुलिस और प्रशासन के अधिकारी मौके पर पहुंचकर लोगों को समझाने का प्रयास कर रहे हैं, लेकिन प्रदर्शनकारी अपनी मांगों पर अड़े हुए हैं।



स्थानीय लोगों के अनुसार, बरामद शवों की पहचान रामू मांझी (70 वर्ष), निवासी बेहराम चकिया और आकाश कुमार (16 वर्ष), निवासी हसनपुरा, ढेबरा थाना क्षेत्र के रूप में हुई है। ग्रामीणों का कहना है कि तीन अन्य लोग अभी भी लापता हैं। प्रदर्शन कर रहे ग्रामीणों ने प्रशासन से रविवार को गिरफ्तार किए गए सभी 38 लोगों को तत्काल रिहा करने, मृतकों के परिजनों को चार-चार लाख रुपये मुआवजा देने और लापता तीन लोगों की जल्द तलाश करने की मांग की है।



दरअसल, मसौढ़ी के पिपरा थाना क्षेत्र के बेहरावां चकिया गांव में शराब के खिलाफ कार्रवाई करने पहुंची पुलिस टीम पर शनिवार को हमला हुआ था। इसके बाद रविवार को एसएसपी के निर्देश पर बड़ी संख्या में पुलिस बल गांव पहुंचा। पुलिस टीम के पहुंचते ही ग्रामीणों की ओर से पथराव शुरू कर दिया गया।



पथराव में एक चारपहिया वाहन और पांच दोपहिया वाहन क्षतिग्रस्त हो गए। पुलिस ने कार्रवाई के दौरान 32 महिलाओं और छह पुरुषों को गिरफ्तार किया। तलाशी के दौरान एक घर से देसी कट्टा और तीन जिंदा कारतूस बरामद किए गए। पुलिस के अनुसार, अलग-अलग घरों से करीब 1,000 लीटर देसी शराब बरामद की गई। 



पुनपुन नदी के किनारे जमीन में छिपाकर रखी गई करीब 20 हजार लीटर अर्द्धनिर्मित शराब को भी मौके पर नष्ट कराया गया। इसी कार्रवाई के दौरान कुछ पुरुष पुलिस से बचने के लिए पुनपुन नदी में कूद गए। इसके बाद नदी में डूबने से दो लोगों की मौत की जानकारी सामने आई है। फिलहाल एसडीआरएफ की टीम तीन अन्य लापता लोगों की तलाश में जुटी है।