पटना: गोपालपुर थाना क्षेत्र के चक बैरिया में मंगलवार को एक पेंट मैन्युफैक्चरिंग हाउस में भीषण आग लग गई। आग इतनी तेजी से फैली कि कुछ ही देर में पूरा परिसर इसकी चपेट में आ गया। घटना के बाद इलाके में अफरा-तफरी मच गई और आग की लपटें व धुआं दूर तक दिखाई देने लगा।


आग की चपेट में आने से मैन्युफैक्चरिंग हाउस में रखा कच्चा माल, तैयार सामान और अन्य सामग्री जलकर राख हो गई। शुरुआती जानकारी के अनुसार, घटना में 50 लाख रुपये से अधिक के नुकसान की आशंका जताई जा रही है। हालांकि, वास्तविक नुकसान का आकलन जांच और निरीक्षण के बाद ही स्पष्ट हो सकेगा।


स्थानीय लोगों के मुताबिक, पेंट मैन्युफैक्चरिंग हाउस को करीब दो महीने पहले ही चक बैरिया में शिफ्ट किया गया था। आग इतनी भीषण थी कि परिसर में लगा बोर्ड और अन्य पहचान संबंधी सामग्री भी जलकर नष्ट हो गई। इस वजह से फिलहाल मैन्युफैक्चरिंग हाउस का नाम स्पष्ट नहीं हो सका है।


सोमवार को ही आया था करीब 50 लाख का कच्चा माल

मौके पर मौजूद एक मजदूर के अनुसार, सोमवार को ही मैन्युफैक्चरिंग हाउस में करीब 50 लाख रुपये का कच्चा माल लाया गया था। आग की चपेट में आने से यह पूरा माल जलकर नष्ट होने की बात कही जा रही है। ऐसे में कुल नुकसान का आंकड़ा शुरुआती अनुमान से भी अधिक हो सकता है।


प्रारंभिक तौर पर आग लगने की वजह शॉर्ट सर्किट बताई जा रही है, लेकिन अग्निशमन विभाग और पुलिस ने इसकी आधिकारिक पुष्टि नहीं की है। अधिकारियों के अनुसार, आग लगने के वास्तविक कारण का पता जांच पूरी होने के बाद ही चल सकेगा।


12 दमकल गाड़ियों ने संभाला मोर्चा

घटना की सूचना मिलते ही गोपालपुर थाना पुलिस मौके पर पहुंची। आग पर काबू पाने के लिए करीब 12 दमकल गाड़ियों को लगाया गया। दमकलकर्मी लगातार आग बुझाने में जुटे रहे। आग की भयावहता को देखते हुए आसपास के इलाके में भी सुरक्षा और लोगों की आवाजाही पर नजर रखी गई।


आग की सूचना पर निकले मालिक, रास्ते में बिगड़ी तबीयत

सूत्रों के अनुसार, मैन्युफैक्चरिंग हाउस के मालिक को आग लगने की जानकारी मिली तो वह घटनास्थल के लिए रवाना हुए। इसी दौरान रास्ते में उनकी तबीयत अचानक बिगड़ गई। उन्हें हार्ट अटैक जैसे लक्षण महसूस होने की बात सामने आई, जिसके बाद उन्हें तत्काल अस्पताल में भर्ती कराया गया। फिलहाल उनका इलाज जारी बताया जा रहा है।


घटना के बाद पुलिस और अग्निशमन विभाग की टीम आग पर पूरी तरह काबू पाने और नुकसान का आकलन करने में जुटी है। कंपनी के मालिक या प्रबंधन की ओर से अभी तक कोई आधिकारिक बयान सामने नहीं आया है। जांच पूरी होने के बाद ही आग लगने के कारण और कुल आर्थिक नुकसान की स्थिति स्पष्ट हो सकेगी।

पटना से सूरज की रिपोर्ट