पटना: बिहार विधान परिषद की 8 सीटों पर होने वाले चुनाव को लेकर सियासी सरगर्मी तेज हो गई है। कई सीटों पर प्रत्याशियों के नामांकन का सिलसिला शुरू हो चुका है, लेकिन सबसे ज्यादा चर्चा पटना स्नातक निर्वाचन क्षेत्र की है। यहां मुकाबला सिर्फ चुनावी नहीं, बल्कि सियासी ताकत और पार्टी के भीतर की खींचतान का भी बनता दिख रहा है। एक तरफ NDA समर्थित जदयू प्रत्याशी और मौजूदा विधान पार्षद नीरज कुमार चुनाव मैदान में हैं, तो दूसरी तरफ जदयू के ही मोकामा विधायक अनंत सिंह उनके खिलाफ खुलकर मोर्चा खोले हुए हैं।
पटना स्नातक सीट से जदयू प्रत्याशी नीरज कुमार आज नामांकन दाखिल करेंगे। नामांकन को लेकर पार्टी की ओर से पूरी तैयारी की गई है। कार्यक्रम के मुताबिक नीरज कुमार सुबह 10:15 बजे ऑफिसर्स फ्लैट, राजवंशीनगर से निकलेंगे। इसके बाद उनका काफिला पंचरूपी मंदिर, पटना हाईकोर्ट, इनकम टैक्स गोलंबर, तारामंडल, मौर्यालोक और सिटी सेंटर-पुलिस लाइन होते हुए अखंड वासनी मंदिर पहुंचेगा।
सुबह करीब 11:55 बजे गोलघर के पास अखंड वासनी मंदिर में नीरज कुमार पूजा-अर्चना करेंगे। इसके बाद दोपहर 12:30 बजे पटना आयुक्त कार्यालय पहुंचकर नामांकन पत्र दाखिल करेंगे। नामांकन के बाद करीब 1:30 बजे छज्जू बाग स्थित दादी जी सती मंदिर पहुंचेंगे, जहां नामांकन में पहुंचे समर्थकों और शुभचिंतकों से मुलाकात करेंगे। नीरज कुमार के नामांकन में पार्टी के कई बड़े नेता शामिल होंगे लेकिन सबकी नजर ललन सिंह पर होगी, हालाँकि ललन सिंह नामांकन कार्यक्रम में शामिल होंगे या नहीं इसको लेकर उनके तरफ से अभी तक कोई आधिकारिक जानकारी सामने नहीं आई है। सूत्र बताते हैं की ललन सिंह आज सुबह दिल्ली जाएंगे उन्हें कुछ विभागीय कार्य निपटाने हैं लिहाजा उनके इस कार्यक्रम में शामिल होने की उम्मीद बेहद कम है।
नीरज के सामने अपनों की चुनौती
नीरज कुमार का नामांकन ऐसे वक्त हो रहा है, जब पटना स्नातक सीट पर चुनावी मुकाबला लगातार दिलचस्प होता जा रहा है। जदयू के मोकामा विधायक अनंत सिंह ने नीरज कुमार के खिलाफ खुलकर मोर्चा खोल रखा है। खास बात यह है कि अनंत सिंह सिर्फ नीरज का विरोध नहीं कर रहे, बल्कि उनके सामने जन सुराज के प्रत्याशी डॉ. अनुज सिंह के समर्थन में प्रचार भी कर रहे हैं।
एक अक्टूबर को अनंत सिंह डॉ. अनुज सिंह के नामांकन में शामिल हुए थे। इस दौरान उन्होंने रोड शो भी किया था। इसके बाद उन्होंने नवादा और नालंदा में भी जन सुराज प्रत्याशी के लिए प्रचार किया और लोगों से अनुज सिंह के पक्ष में मतदान करने की अपील की।वारिसलीगंज में प्रचार के दौरान अनंत सिंह ने लोगों से यहां तक अपील की कि अनुज सिंह को इतना वोट मिले कि उनकी पेटी भर जाए और विरोधी की जमानत जब्त हो जाए।
'नीतीश को मानता हूं, लेकिन नीरज से पुराना हिसाब है'
नीरज कुमार के विरोध को लेकर अनंत सिंह का रुख साफ है। उनका कहना है कि वे नीतीश कुमार को मानते हैं और उन्होंने बिहार के लिए काफी कुछ किया है। अनंत सिंह ने नीतीश कुमार को बिहार बनाने वाला नेता बताते हुए कहा कि वे उनके दीवाने हैं और उनके लिए उन्होंने काफी कुछ किया है।
लेकिन नीरज कुमार के साथ अपने पुराने विवाद को लेकर अनंत सिंह किसी समझौते के मूड में नजर नहीं आ रहे हैं। उनका आरोप है कि जब वे विधानसभा चुनाव लड़ रहे थे, तब नीरज कुमार ने उनके खिलाफ काम किया था। अब अनंत सिंह इसी पुराने विवाद को लेकर नीरज के खिलाफ मुखर हैं।अनंत सिंह का कहना है कि अगर पार्टी में कोई नीति और नियम है तो वह सभी के लिए समान होना चाहिए। उन्होंने यहां तक कहा कि “पार्टी रहे या ना रहे, मैं किसी का कर्मचारी नहीं हूं।”यानी पटना स्नातक सीट पर लड़ाई अब सिर्फ दो उम्मीदवारों के बीच नहीं रह गई है। इसके बीच जदयू के भीतर की सियासी खींचतान भी साफ दिखाई दे रही है।
नीतीश ने दिया नीरज को सिंबल, बढ़ा सियासी संदेश
हालांकि अनंत सिंह के विरोध के बीच जदयू नेतृत्व ने नीरज कुमार के समर्थन में अपना रुख पूरी तरह साफ कर दिया है। पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष और पूर्व मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने नीरज कुमार को पार्टी का चुनावी प्रपत्र सौंपा। इसके बाद नीरज कुमार ने नीतीश कुमार से मुलाकात की।
मुलाकात के दौरान नीतीश कुमार ने नीरज कुमार को मजबूती से चुनाव लड़ने और जीत के लिए प्रयास करने का संदेश दिया। नीरज कुमार ने इस मुलाकात की तस्वीर सोशल मीडिया पर भी साझा की। इसके बाद अब पार्टी की ओर से नीरज कुमार के समर्थन में एक और बड़ा संदेश सामने आया है। चार अक्टूबर को जदयू कार्यालय में कार्यकर्ताओं की बैठक के बाद स्वास्थ्य मंत्री निशांत कुमार ने साफ कहा कि नीरज कुमार ही NDA के अधिकृत उम्मीदवार हैं। उन्होंने कार्यकर्ताओं से नीरज कुमार को पूरी ताकत के साथ चुनाव जिताने की अपील की।
8 सीटों पर चुनाव, लेकिन पटना पर सबसे ज्यादा नजर
बिहार विधान परिषद की 8 सीटों पर होने वाले चुनाव में कई बड़े नाम मैदान में हैं। पटना स्नातक सीट से जदयू के नीरज कुमार, तिरहुत स्नातक सीट से अभिषेक झा, जबकि कोसी स्नातक सीट से कांग्रेस के मनोज जायसवाल और जन सुराज के डॉ. रजनीश रंजन समेत कई प्रत्याशी नामांकन दाखिल करेंगे।
लेकिन इन सभी के बीच पटना स्नातक सीट का मुकाबला सबसे ज्यादा सुर्खियों में है। वजह साफ है—एक तरफ जदयू का अधिकृत प्रत्याशी, दूसरी तरफ उसी पार्टी के विधायक का खुला विरोध और सामने जन सुराज का उम्मीदवार। अब देखना दिलचस्प होगा कि चुनावी मैदान में नीरज कुमार के पक्ष में जदयू नेतृत्व की पूरी ताकत कितनी असरदार साबित होती है और अनंत सिंह का खुला विरोध इस मुकाबले को किस दिशा में ले जाता है।