Nitish Kumar Carcade : बिहार की राजधानी पटना से एक अहम और चौंकाने वाली खबर सामने आई है। प्रकाश पर्व के अवसर पर मुख्यमंत्री नीतीश कुमार के कार्यक्रम के दौरान एक अप्रत्याशित घटना घट गई। मुख्यमंत्री पटना सिटी स्थित ऐतिहासिक गुरुद्वारा श्री हरमंदिर साहिब (तख्त श्री पटना साहिब) पहुंचे थे। इसी दौरान मुख्यमंत्री के कारकेड में शामिल एक गाड़ी ने मौके पर तैनात एक वरिष्ठ पुलिस पदाधिकारी को धक्का मार दिया, जिससे वे सड़क पर गिर पड़े और घायल हो गए।


प्राप्त जानकारी के अनुसार, मुख्यमंत्री नीतीश कुमार प्रकाश पर्व के मौके पर सिख समुदाय को शुभकामनाएं देने और मत्था टेकने पटना सिटी गुरुद्वारा पहुंचे थे। कार्यक्रम को लेकर सुरक्षा के व्यापक इंतजाम किए गए थे। बड़ी संख्या में पुलिस बल, प्रशासनिक अधिकारी और सुरक्षा एजेंसियों के जवान तैनात थे। मुख्यमंत्री के आगमन और प्रस्थान के दौरान कारकेड को सुव्यवस्थित तरीके से आगे बढ़ाया जा रहा था। इसी बीच, भीड़ नियंत्रण और सुरक्षा व्यवस्था संभाल रहे एक डीएसपी को कारकेड में शामिल एक वाहन ने धक्का मार दिया।


प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, घटना अचानक हुई और कुछ देर के लिए मौके पर अफरा-तफरी का माहौल बन गया। डीएसपी के गिरते ही आसपास मौजूद पुलिसकर्मी और सुरक्षा कर्मी तुरंत उनकी मदद के लिए पहुंचे। घायल अधिकारी को तत्काल प्राथमिक उपचार दिया गया। बताया जा रहा है कि उन्हें हल्की चोटें आई हैं, हालांकि स्थिति नियंत्रण में है और वे खतरे से बाहर बताए जा रहे हैं।


इस घटना के बाद मुख्यमंत्री नीतीश कुमार के कार्यक्रम पर इसका कोई बड़ा असर नहीं पड़ा। वे तय कार्यक्रम के अनुसार गुरुद्वारे में मत्था टेककर बाहर निकले और आगे की प्रक्रिया पूरी की गई। हालांकि, सुरक्षा व्यवस्था को लेकर एक बार फिर सवाल खड़े हो गए हैं। मुख्यमंत्री जैसे वीवीआईपी कार्यक्रमों में सुरक्षा व्यवस्था बेहद संवेदनशील होती है और ऐसी घटना प्रशासन के लिए चिंता का विषय मानी जा रही है।


वहीं, सिख समुदाय के लोगों ने प्रकाश पर्व के अवसर पर मुख्यमंत्री के आगमन का स्वागत किया, लेकिन इस हादसे को दुर्भाग्यपूर्ण बताया। लोगों का कहना है कि भीड़ और वाहनों के बेहतर प्रबंधन से ऐसी घटनाओं से बचा जा सकता है।


फिलहाल घायल डीएसपी का इलाज जारी है और उनकी हालत स्थिर बताई जा रही है। प्रशासन ने आश्वासन दिया है कि भविष्य में ऐसे कार्यक्रमों के दौरान सुरक्षा व्यवस्था और अधिक सख्त और व्यवस्थित की जाएगी, ताकि किसी भी पुलिसकर्मी या आम नागरिक को नुकसान न पहुंचे।