Bihar Crime News: राजधानी पटना में महिलाओं की सुरक्षा को लेकर एक बार फिर गंभीर सवाल खड़े हो गए हैं। राजधानी के अनीसाबाद इलाके में एक 25 वर्षीय युवती के साथ सड़क पर छेड़खानी, मारपीट और धमकी देने का मामला सामने आया है। आरोप है कि युवक ने युवती का रास्ता रोककर हाथ पकड़ लिया, बदसलूकी की और विरोध करने पर उसके कपड़े तक फाड़ दिए। इतना ही नहीं, आरोपी ने तेजाब फेंकने, अपहरण करने और जान से मारने की धमकी भी दी।
पीड़िता की शिकायत के आधार पर महिला थाने में प्राथमिकी दर्ज कर ली गई है। हालांकि घटना को 10 दिन से अधिक समय बीत जाने के बावजूद आरोपी की गिरफ्तारी नहीं हो सकी है, जिससे युवती और उसके परिवार में डर का माहौल बना हुआ है।
मिली जानकारी के अनुसार, करौरीचक स्थित खोजा इमली की रहने वाली युवती 21 मई की शाम करीब सात बजे अनीसाबाद से अपने घर लौट रही थी। इसी दौरान अनीसाबाद मोड़ के पास पहले से मौजूद सुशील कुमार नामक युवक ने उसका रास्ता रोक लिया। पीड़िता का आरोप है कि आरोपी ने उसका हाथ पकड़ लिया और जब उसने विरोध किया तो उसके साथ गाली-गलौज और मारपीट शुरू कर दी।
युवती ने अपने आवेदन में बताया है कि आरोपी ने उसे सार्वजनिक स्थान पर अपमानित करते हुए कपड़े भी फाड़ दिए। शोर सुनकर जब आसपास के लोग मौके पर जुटने लगे तो आरोपी वहां से फरार हो गया। घटना के बाद इलाके में काफी देर तक अफरा-तफरी का माहौल बना रहा।
पीड़िता का कहना है कि मामला यहीं खत्म नहीं हुआ। घटना के बाद आरोपी और उसके परिजनों ने फोन कर उसे और उसके परिवार को लगातार धमकियां देनी शुरू कर दीं। युवती का आरोप है कि उसे तेजाब फेंकने, अगवा करने और जान से मारने की धमकी दी गई है। इसी वजह से वह घर से बाहर निकलने में भी डर महसूस कर रही है।
महिला थाने में मामला दर्ज होने के बाद पुलिस जांच में जुटी हुई है, लेकिन अब तक आरोपी की गिरफ्तारी नहीं हो सकी है। पीड़िता और उसके परिवार ने पुलिस प्रशासन से जल्द कार्रवाई की मांग की है ताकि उन्हें सुरक्षा मिल सके और आरोपी कानून के शिकंजे में आ सके।
इधर, राजधानी के सबसे बड़े अस्पताल पीएमसीएच में भी महिला सुरक्षा और सम्मान से जुड़ा एक मामला चर्चा में है। एक महिला डॉक्टर ने सर्जरी विभाग के एक सह प्राध्यापक पर अभद्र व्यवहार, अमर्यादित भाषा के इस्तेमाल और धक्का देने का आरोप लगाया है। मामले की गंभीरता को देखते हुए पीएमसीएच प्रशासन ने जांच के लिए सात सदस्यीय कमेटी का गठन किया है।
इस समिति की अध्यक्षता स्त्री एवं प्रसूति रोग विभाग की विभागाध्यक्ष डॉ. गीता सिन्हा करेंगी। समिति सोमवार को अपनी पहली बैठक करेगी, जिसमें पीड़ित महिला डॉक्टर और आरोपित डॉक्टर दोनों से पूछताछ की जाएगी। प्रशासन का कहना है कि जांच रिपोर्ट के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी।