Nepal Flash Flood: नेपाल में आई भीषण बाढ़ और फ्लैश फ्लड के खतरे को देखते हुए पटना-काठमांडू के बीच सड़क आवागमन प्रभावित हो गया है। बाढ़ की स्थिति को देखते हुए पटना से काठमांडू जाने वाली सरकारी बस सेवा फिलहाल बंद कर दी गई है। इसके साथ ही निजी बसों और अन्य वाहनों की आवाजाही भी प्रभावित हुई है, जिससे नेपाल आने-जाने वाले यात्रियों की परेशानी बढ़ गई है।
बीएसआरटीसी के एडमिनिस्ट्रेटर अतुल कुमार वर्मा ने बताया कि नेपाल में बाढ़ की गंभीर स्थिति को देखते हुए फिलहाल पटना-काठमांडू बस सेवा का परिचालन रोक दिया गया है। उन्होंने कहा कि स्थिति सामान्य होने के बाद बस सेवा जल्द शुरू की जाएगी, ताकि दोनों शहरों के बीच यात्रा करने वाले लोगों को सुविधा मिल सके।
बस सेवा बंद होने का सीधा असर उन यात्रियों पर पड़ रहा है, जो इलाज, रोजगार, कारोबार, पढ़ाई या अन्य निजी कार्यों के लिए नेपाल आते-जाते हैं। अचानक परिचालन रुकने से कई यात्रियों को अपनी यात्रा स्थगित करनी पड़ रही है। वहीं, नेपाल में मौजूद बिहार के यात्रियों के लिए वापस लौटना भी चुनौतीपूर्ण हो गया है।
नेपाल में अचानक आई बाढ़ ने कई इलाकों में जनजीवन और परिवहन व्यवस्था को प्रभावित किया है। बाढ़ प्रभावित मार्गों पर जलजमाव, तेज बहाव और भूस्खलन के कारण सड़क संपर्क टूटने का खतरा बना हुआ है। इसका असर यात्रियों के साथ-साथ माल ढुलाई और सीमावर्ती कारोबार पर भी पड़ सकता है।
नेपाल में जल प्रलय के बाद बिहार में गंडक नदी को लेकर भी चिंता बढ़ गई है। गंडक बैराज के सभी 36 गेट खोल दिए गए हैं और नेपाल से आने वाले अतिरिक्त पानी को निकालने की तैयारी की जा रही है। फ्लैश फ्लड की आशंका को देखते हुए बिहार के आठ जिलों में हाई अलर्ट जारी किया गया है।
गंडक नदी का जलस्तर बढ़ने से बिहार के सीमावर्ती इलाकों में सड़क संपर्क प्रभावित होने की आशंका है। निचले इलाकों में पानी बढ़ने की स्थिति में स्थानीय सड़कों पर आवागमन रोकना पड़ सकता है।
संभावित बाढ़ प्रभावित क्षेत्रों में NDRF और SDRF की टीमें तैनात की गई हैं। प्रशासन की ओर से तटबंधों, बैराज के फाटकों और नदी के जलस्तर पर लगातार नजर रखी जा रही है। लोगों से अफवाहों पर ध्यान नहीं देने और प्रशासन की ओर से जारी दिशा-निर्देशों का पालन करने की अपील की गई है।