PATNA: सितंबर के आखिरी सप्ताह में बिहार में आई बाढ़ ने पश्चिम चंपारण,सारण, मुजफ्फरपुर, गोपालगंज, वैशाली सहित कई जिलों में भारी तबाही मचाई। नेपाल के पहाड़ी इलाकों में हुई अत्यधिक बारिश के बाद गंडक नदी का जलस्तर तेजी से बढ़ा, जिसका असर बिहार के निचले इलाकों में देखने को मिला।
नदी का पानी फैलने के साथ कई जगह तटबंधों पर दबाव बढ़ा और बड़े इलाके जलमग्न हो गए। बाढ़ ने इन इलाकों में भारी तबाही मचाई। बिहार के कई जिलों में आई बाढ़ के बाद NASA के Earth Observatory ने सैटेलाइट तस्वीरें जारी की है। जिसमें गंडक नदी में आई बाढ़ और जल स्थर में हुई वृद्धि को दिखाया गया है।
नासा की रिपोर्ट के अनुसार, नेपाल के लुंबिनी और गंडकी प्रांत के पहाड़ी इलाकों में 24 से 27 सितंबर के बीच भारी बारिश हुई। इसके बाद गंडक नदी में बड़ी मात्रा में पानी पहुंचा और नेपाल के साथ-साथ भारत के हिस्सों में भी बाढ़ की स्थिति बनी।
नेपाल में भारी बारिश के बाद बढ़ा गंडक का जलस्तर
नासा की रिपोर्ट के अनुसार, नेपाल के ऊपरी जलग्रहण क्षेत्र में हुई भारी बारिश का सीधा असर गंडक नदी के जलस्तर पर पड़ा। तेज बहाव के कारण कई इलाकों में नदी का पानी तटबंधों तक पहुंच गया और कुछ जगहों पर तटबंध टूटने या पानी के ऊपर से बहने की स्थिति बनी। इससे नदी का पानी आसपास के खेतों और बस्तियों में फैल गया। नेपाल और बिहार के कई इलाकों में बाढ़ के साथ भूस्खलन की घटनाएं भी सामने आईं।
20 और 29 सितंबर की सैटेलाइट तस्वीरों का किया गया विश्लेषण
NASA के वैज्ञानिकों ने बाढ़ की स्थिति समझने के लिए अलग-अलग सैटेलाइट डेटा और तकनीकी माध्यमों का इस्तेमाल किया। रिपोर्ट में 20 और 29 सितंबर की सैटेलाइट तस्वीरों की तुलना की गई है।
इन तस्वीरों में इंफ्रारेड और विजिबल लाइट डेटा के जरिए सतह पर मौजूद पानी और बाढ़ के फैलाव को पहचाना गया। बाद की तस्वीर में गंडक नदी के आसपास बाढ़ के पानी का विस्तार पहले की तुलना में स्पष्ट रूप से दिखाई देता है।
1960 के बाद देवघाट में सबसे ऊंचा जलस्तर
बिहार के डिप्टी सीएम विजय चौधरी ने गुरुवार को NASA Earth Observatory की 2 अक्टूबर को प्रकाशित रिपोर्ट का हवाला देते हुए कहा कि नेपाल के देवघाट में 27 सितंबर को गंडक नदी का जलस्तर 11.94 मीटर तक पहुंच गया था। उनके अनुसार, यह 1960 के बाद वहां दर्ज किया गया सबसे ऊंचा जलस्तर था। उन्होंने बताया कि भारत में भी गंडक नदी के किनारे स्थित बगहा, डुमरियाघाट, रेवा घाट और लालगंज जैसे स्थानों पर जलस्तर के नए उच्चतम स्तर दर्ज किए गए।
भारी बारिश बनी बाढ़ की बड़ी वजह
विजय चौधरी के मुताबिक, इस बार गंडक में आई बाढ़ सामान्य मौसमी परिस्थितियों से अलग थी। नेपाल के ऊपरी जलग्रहण क्षेत्र में लगातार हुई भारी बारिश के कारण नदी में असाधारण मात्रा में पानी पहुंचा, जिसका असर बिहार के पश्चिम चंपारण, गोपालगंज, सारण और मुजफ्फरपुर समेत कई जिलों में दिखाई दिया।
उन्होंने कहा कि बिहार सरकार बाढ़ की स्थिति पर लगातार नजर रख रही है और प्रभावित इलाकों में राहत एवं बचाव कार्यों को प्राथमिकता दी जा रही है। सैटेलाइट और वैज्ञानिक आंकड़ों से बाढ़ के फैलाव और उसकी गंभीरता को समझने में मदद मिल रही है।
बेतिया गंडक नदी में इस वर्ष आई अभूतपूर्व बाढ़ की गंभीरता अब अंतरराष्ट्रीय स्तर पर भी दर्ज हो गई है। जिला पदाधिकारी के कार्यालय से जारी प्रेस विज्ञप्ति में बताया गया है कि अमेरिका की अंतरिक्ष एजेंसी NASA के Earth Observatory ने 2 अक्टूबर 2026 को “Rains Swamp the Gandak River” शीर्षक से गंडक नदी में आई बाढ़ पर रिपोर्ट प्रकाशित की है। NASA ने इससे संबंधित उपग्रह तस्वीर को “Image of the Day” के रूप में भी प्रकाशित किया है।
प्रेस विज्ञप्ति के अनुसार NASA ने Terra और Aqua उपग्रहों के MODIS उपकरण से प्राप्त तस्वीरों के माध्यम से गंडक नदी में बाढ़ से पहले और बाद की स्थिति को दर्शाया है। रिपोर्ट में नेपाल में हुई भारी बारिश के बाद गंडक में असाधारण जलप्रवाह, तटबंधों के ऊपर से पानी बहने और कई स्थानों पर तटबंध टूटने से आई व्यापक बाढ़ का उल्लेख किया गया है।
रिपोर्ट के अनुसार नेपाल के देवघाट में 27 सितंबर को गंडक नदी का जलस्तर 11.94 मीटर दर्ज किया गया, जो 1960 के दशक में माप शुरू होने के बाद वहां का सर्वाधिक जलस्तर बताया गया है। वहीं भारत में बगहा, डुमरियाघाट, रेवाघाट और लालगंज में भी गंडक के नए उच्चतम जलस्तर दर्ज किए जाने का उल्लेख किया गया है।
प्रेस विज्ञप्ति में बताया गया है कि NASA की उपग्रह तस्वीरों में नेपाल से बिहार तक गंडक नदी के बढ़े हुए जलक्षेत्र और बाढ़ के प्रभाव को स्पष्ट रूप से देखा जा सकता है। यह रिपोर्ट इस वर्ष गंडक नदी में हुई ऐतिहासिक जलवृद्धि और उससे उत्पन्न व्यापक बाढ़ की गंभीरता को अंतरराष्ट्रीय स्तर पर दर्ज किए जाने को रेखांकित करती है।
गंडक फ़्लैश फ्लड के संबंध में नासा की रिपोर्ट
1. अमेरिका की प्रसिद्ध अंतरिक्ष एजेंसी NASA (National Aeronautics and Space Administration) के Earth Observatory ने 2 अक्टूबर 2026 को “Rains Swamp the Gandak River” शीर्षक से उपग्रह-आधारित रिपोर्ट प्रकाशित की है।
2. Terra और Aqua उपग्रहों के MODIS चित्र के माध्यम से नेपाल में भारी वर्षा से गंडक में अब तक का सबसे अधिक पानी आने और तटबंधों के ओवर टॉपिंग, ब्रीच एवं भयावह बाढ़ का उल्लेख है।
3. इससे संबंधित सैटेलाइट फोटो को नासा ने इमेज ऑफ़ द डे के रूप में अपनी वेबसाइट पर प्रकाशित किया है।
4. नेपाल के देवघाट में 27 सितंबर को गंडक नदी का उच्चतम जल स्तर 11.94 मीटर दर्ज किया गया था, जो वर्ष 1960 के दशक से अब तक का सर्वाधिक है। इसी प्रकार भारत के बगहा, डुमरियाघाट, रेवाघाट और लालगंज में गंडक नदी के नए रिकॉर्ड उच्चतम जलस्तर का उल्लेख है।
5. कोसी त्रासदी के समय भी नासा ने 27 अगस्त, 2008 को ऐसी रिपोर्ट और सेटिलाइट फोटो जारी किया था।