Bihar news : मुजफ्फरपुर जिले के मुसहरी गांव में जमीन विवाद को लेकर प्रशासनिक कार्रवाई के दौरान बड़ा बवाल हो गया। भूमि सुधार उप समाहर्ता पूर्वी के आदेश पर सरकारी टीम विवादित जमीन की नापी और अतिक्रमण हटाने पहुंची थी, लेकिन इसी दौरान एक पक्ष के लोगों ने राजस्व कर्मियों पर हमला कर दिया। घटना में राजस्व अधिकारी और अंचल अमीन घायल हो गए। मामले को लेकर इलाके में तनाव का माहौल बना हुआ है।


जानकारी के अनुसार मुसहरी गांव में विनोद साह और रामजुलम साह के बीच लंबे समय से जमीन को लेकर विवाद चल रहा था। विवादित भूमि की स्थिति स्पष्ट करने और प्रशासनिक आदेश का पालन कराने के लिए राजस्व विभाग की टीम मौके पर पहुंची थी। टीम में राजस्व अधिकारी करुण करण और अंचल अमीन रणजीत महतो शामिल थे। अधिकारियों की मौजूदगी में जमीन की नापी शुरू की गई और अतिक्रमण हटाने की प्रक्रिया आगे बढ़ाई जा रही थी।


इसी दौरान आरोप है कि दूसरे पक्ष के कुछ लोग अचानक उग्र हो गए और सरकारी कार्रवाई का विरोध करने लगे। देखते ही देखते विवाद बढ़ गया और आरोपियों ने राजस्व कर्मियों के साथ धक्का-मुक्की शुरू कर दी। प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार अंचल अमीन रणजीत महतो को दौड़ाकर पीटा गया, जबकि राजस्व अधिकारी करुण करण के साथ भी मारपीट, गाली-गलौज और धक्का-मुक्की की गई। सरकारी टीम पर हुए इस हमले के बाद मौके पर अफरा-तफरी मच गई।


हमले में घायल दोनों कर्मियों को इलाज के लिए स्थानीय प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र ले जाया गया, जहां उनका प्राथमिक उपचार किया गया। घटना के बाद राजस्व अधिकारी ने संबंधित थाना में लिखित आवेदन देकर आरोपियों के खिलाफ सरकारी कार्य में बाधा पहुंचाने, मारपीट और धमकी देने का आरोप लगाया है।


थाना में दिए गए आवेदन में रामजुलम साह और उनके परिजनों को नामजद किया गया है। आवेदन मिलने के बाद पुलिस हरकत में आई और आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए छापेमारी शुरू कर दी। हालांकि पुलिस के पहुंचने से पहले ही आरोपी परिवार के लोग घर छोड़कर फरार हो गए। पुलिस लगातार संभावित ठिकानों पर दबिश दे रही है।


स्थानीय लोगों का कहना है कि दोनों पक्षों के बीच जमीन को लेकर लंबे समय से तनाव बना हुआ था। कई बार पंचायत स्तर पर समझौते की कोशिश भी हुई, लेकिन विवाद खत्म नहीं हो सका। अंततः मामला प्रशासन तक पहुंचा, जिसके बाद जमीन की नापी और अतिक्रमण हटाने का आदेश दिया गया था।


घटना के बाद प्रशासनिक अधिकारियों ने सरकारी कर्मियों पर हमला करने वालों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की बात कही है। अधिकारियों का कहना है कि सरकारी काम में बाधा और कर्मचारियों के साथ मारपीट किसी भी हालत में बर्दाश्त नहीं की जाएगी। पुलिस मामले की जांच में जुटी है और जल्द आरोपियों की गिरफ्तारी का दावा कर रही है।


मुसहरी गांव की इस घटना ने एक बार फिर जमीन विवादों के दौरान प्रशासनिक टीम की सुरक्षा को लेकर सवाल खड़े कर दिए हैं। फिलहाल गांव में स्थिति सामान्य बताई जा रही है, लेकिन एहतियात के तौर पर पुलिस की निगरानी बढ़ा दी गई है।